दिल्ली के 923 कोचिंग सेंटरों पर सुरक्षा जांच अभियान, मंत्री आशीष सूद ने दिए सख्त निर्देश
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली सरकार ने 24 जून 2025 को राजधानी के कोचिंग संस्थानों में छात्र सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक बड़ा प्रशासनिक अभियान शुरू किया। शिक्षा, उच्च शिक्षा एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने बुधवार को एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए शहर के सभी प्रमुख कोचिंग हब में विशेष निरीक्षण अभियान चलाने के निर्देश दिए। मुखर्जी नगर, राजेंद्र नगर और कटवरिया सराय जैसे इलाकों में फायर सेफ्टी, भवन मानकों और अन्य अनिवार्य नियमों की जांच प्राथमिकता के आधार पर होगी।
बैठक में कौन-कौन शामिल हुए
समीक्षा बैठक में गृह विभाग, नगर निगम दिल्ली (MCD), शहरी विकास विभाग, दिल्ली अग्निशमन सेवा, दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) और उच्च शिक्षा निदेशालय के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में कोचिंग संस्थानों की सुरक्षा व्यवस्था, बुनियादी ढाँचे और नियामकीय स्थिति की विस्तृत समीक्षा की गई।
मुख्य घटनाक्रम और निर्देश
सरकार ने तत्काल प्रभाव से दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA), MCD, दिल्ली अग्निशमन सेवा और DDMA को निर्देश दिया है कि प्रमुख कोचिंग हब में विशेष निरीक्षण दल भेजे जाएँ। MCD को पूरे दिल्ली में सर्वेक्षण किए गए 923 कोचिंग सेंटरों की सूची इन निरीक्षण टीमों को उपलब्ध कराने का आदेश दिया गया है।
मंत्री आशीष सूद ने स्पष्ट किया कि सरकार और न्यायालय द्वारा निर्धारित सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाले संस्थानों पर दिल्ली पुलिस और अग्निशमन विभाग द्वारा कड़ी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही MCD को प्रतिदिन कार्रवाई रिपोर्ट मंत्री कार्यालय को सौंपने का निर्देश दिया गया है, ताकि अभियान की निरंतर निगरानी हो सके।
नियामकीय ढाँचे की तैयारी
उच्च शिक्षा निदेशालय कोचिंग संस्थानों के लिए एक व्यापक नियामकीय ढाँचा तैयार कर रहा है। इस प्रस्तावित ढाँचे का उद्देश्य सुरक्षा मानकों को सुदृढ़ करना, जवाबदेही सुनिश्चित करना और संस्थानों के संचालन को अधिक पारदर्शी बनाना है। यह ऐसे समय में आया है जब देशभर में कोचिंग संस्थानों में सुरक्षा चूक की घटनाएँ चर्चा में रही हैं।
सरकार की प्रतिक्रिया
मंत्री सूद ने कहा कि 'छात्रों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।' उन्होंने दोहराया कि नियमों का उल्लंघन करने वाले संस्थानों के विरुद्ध सख्त और निर्णायक कदम उठाए जाएँगे।
आगे क्या होगा
निरीक्षण टीमें 923 चिह्नित कोचिंग सेंटरों में फायर सेफ्टी और भवन मानकों की जाँच करेंगी। प्रतिदिन की प्रगति रिपोर्ट मंत्री कार्यालय को सौंपी जाएगी। गौरतलब है कि उच्च शिक्षा निदेशालय का नया नियामकीय ढाँचा तैयार होने के बाद इन संस्थानों के पंजीकरण और संचालन नियमों में भी बदलाव संभव है।