19 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

दिल्ली पुलिस ने CSAM मामले में 10 आरोपी दबोचे, 5 दिनों में 5 केस दर्ज

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
दिल्ली पुलिस ने CSAM मामले में 10 आरोपी दबोचे, 5 दिनों में 5 केस दर्ज

सारांश

दिल्ली पुलिस की सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट इकाई ने अंतरराष्ट्रीय साइबर टिप-लाइन की सूचना पर कार्रवाई करते हुए CSAM प्रसारित करने के आरोप में 10 लोगों को दबोचा। पाँच दिनों में पाँच मामले दर्ज, पॉक्सो और IT एक्ट के तहत केस, फोरेंसिक जांच जारी — और गिरफ्तारियाँ संभव।

मुख्य बातें

दिल्ली पुलिस ने 19 जुलाई 2026 को CSAM प्रसार के आरोप में 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया।
बीते पाँच दिनों में 5 अलग-अलग मामले दर्ज होने के बाद संयुक्त अभियान चलाया गया।
सभी आरोपियों पर पॉक्सो एक्ट और IT अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज।
जब्त मोबाइल फोन व डिजिटल हार्डवेयर फोरेंसिक जांच के लिए भेजे गए।
ऑपरेशन की शुरुआत अंतरराष्ट्रीय साइबर टिप-लाइन से मिली सूचना के आधार पर हुई।
तकनीकी विश्लेषण जारी; पुलिस के अनुसार और गिरफ्तारियाँ हो सकती हैं।

दिल्ली पुलिस की सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट इकाई ने 19 जुलाई 2026 को बच्चों के यौन शोषण और दुर्व्यवहार से जुड़ी सामग्री (CSAM) को ऑनलाइन प्रसारित करने के आरोप में 10 लोगों को गिरफ्तार किया है। बीते पाँच दिनों में इस श्रेणी के पाँच अलग-अलग मामले दर्ज होने के बाद पुलिस ने जिले भर में संयुक्त अभियान चलाया।

ऑपरेशन की शुरुआत कैसे हुई

पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई डिजिटल संकेतों और एक अंतरराष्ट्रीय साइबर टिप-लाइन से मिली सूचना के आधार पर शुरू की गई, जिसमें गैर-कानूनी ऑनलाइन गतिविधियों की ओर इशारा किया गया था। इसके बाद तकनीकी जांच में प्रतिबंधित सामग्री के आदान-प्रदान की पुष्टि हुई, जिसके आधार पर आपराधिक मामले दर्ज किए गए और संयुक्त कार्रवाई की गई।

आरोपियों पर क्या धाराएँ लगाई गईं

सभी 10 आरोपियों पर पॉक्सो एक्ट और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामले दर्ज किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपी बच्चों से जुड़ी आपत्तिजनक सामग्री को अपलोड करने, डाउनलोड करने, स्टोर करने और फैलाने में सीधे तौर पर संलिप्त पाए गए।

जब्त सामग्री और फोरेंसिक जांच

आरोपियों के पास से मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल हार्डवेयर जब्त किए गए हैं, जिन्हें फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। तकनीकी विशेषज्ञ जब्त इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का विस्तृत विश्लेषण कर रहे हैं और अतिरिक्त डिजिटल फुटप्रिंट्स की पड़ताल जारी है।

आगे और गिरफ्तारियों की संभावना

गौरतलब है कि सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट पुलिस ने CSAM से जुड़े मामलों में 'जीरो-टॉलरेंस' नीति अपनाई हुई है। पुलिस के अनुसार, जैसे-जैसे जब्त डेटासेट का तकनीकी विश्लेषण आगे बढ़ेगा, इस मामले में अन्य संदिग्धों की पहचान होने पर और गिरफ्तारियाँ हो सकती हैं। कानूनी कार्रवाई जारी है और टीमें अतिरिक्त इंटरनेट फुटप्रिंट्स पर नज़र बनाए हुए हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली परीक्षा अभियोजन दर और दोषसिद्धि में होगी, जहाँ पॉक्सो मामलों में देरी एक पुरानी समस्या रही है।
RashtraPress
19 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दिल्ली पुलिस ने CSAM मामले में कितने लोगों को गिरफ्तार किया?
दिल्ली पुलिस की सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट इकाई ने 19 जुलाई 2026 को बच्चों के यौन शोषण से जुड़ी सामग्री प्रसारित करने के आरोप में 10 लोगों को गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई पाँच दिनों में दर्ज पाँच अलग-अलग मामलों के बाद चलाए गए संयुक्त अभियान का हिस्सा है।
आरोपियों पर कौन-सी धाराएँ लगाई गई हैं?
सभी 10 आरोपियों पर पॉक्सो एक्ट और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामले दर्ज किए गए हैं। ये धाराएँ बच्चों से जुड़ी आपत्तिजनक सामग्री को अपलोड, डाउनलोड, स्टोर और प्रसारित करने पर लागू होती हैं।
यह ऑपरेशन कैसे शुरू हुआ?
पुलिस के अनुसार, यह अभियान डिजिटल संकेतों और एक अंतरराष्ट्रीय साइबर टिप-लाइन से मिली सूचना के बाद शुरू हुआ, जिसमें गैर-कानूनी ऑनलाइन गतिविधियों की ओर इशारा किया गया था। इसके बाद तकनीकी जांच में प्रतिबंधित सामग्री के आदान-प्रदान की पुष्टि हुई।
क्या इस मामले में और गिरफ्तारियाँ होंगी?
पुलिस के अनुसार, जब्त डिजिटल उपकरणों का फोरेंसिक विश्लेषण जारी है और अतिरिक्त डिजिटल फुटप्रिंट्स की जांच हो रही है। तकनीकी विश्लेषण आगे बढ़ने के साथ अन्य संदिग्धों की पहचान होने पर और गिरफ्तारियाँ होने की संभावना है।
CSAM क्या होता है और यह अपराध क्यों है?
CSAM यानी Child Sexual Abuse Material — बच्चों के यौन शोषण और दुर्व्यवहार से जुड़ी सामग्री। भारत में इसे बनाना, रखना, डाउनलोड करना या फैलाना पॉक्सो एक्ट और IT अधिनियम के तहत गंभीर आपराधिक अपराध है, जिसमें कठोर सज़ा का प्रावधान है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 सप्ताह पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 4 महीने पहले
  6. 6 महीने पहले
  7. 8 महीने पहले
  8. 1 साल पहले