चुनाव तिथियों की घोषणा के बाद राजनीतिक दलों में बयानबाजी तेज, भाजपा ने तमिलनाडु में जीत का दावा किया

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चुनाव तिथियों की घोषणा के बाद राजनीतिक दलों में बयानबाजी तेज, भाजपा ने तमिलनाडु में जीत का दावा किया

सारांश

चुनाव आयोग ने विभिन्न राज्यों में विधानसभा चुनावों की तारीखें घोषित कीं, जिसके बाद राजनीतिक दलों के बीच तीखी बयानबाजी का दौर शुरू हो गया है। भाजपा ने तमिलनाडु में जीत का भरोसा जताया है।

मुख्य बातें

चुनाव आयोग द्वारा विधानसभा चुनावों की तारीखों की घोषणा।
राजनीतिक दलों में बयानबाजी का दौर शुरू।
भाजपा ने तमिलनाडु में जीत का दावा किया।
डीएमके पर गंभीर आरोप।

नई दिल्ली, 15 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। चुनाव आयोग ने रविवार को असम, केरल, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी में विधानसभा चुनावों के लिए कार्यक्रम की घोषणा की है। इस घोषणा के बाद से राजनीतिक दलों में तेज बयानबाजी का दौर शुरू हो गया है।

तमिलनाडु में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष नैनार नागेंद्रन ने डीएमके पर हमलावर होते हुए कहा कि वे धन और प्रशासनिक ताकत का सहारा लेकर चुनाव लड़ेंगे। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उपमुख्यमंत्री उदयनिधि स्टालिन नए वित्तीय आवंटनों के माध्यम से मुख्यमंत्री बनने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार ने नियमित डीजीपी की नियुक्ति नहीं की है और नशीले पदार्थों की तस्करी लगातार जारी है। उन्होंने यह भी कहा कि राज्य अधिकारियों के जरिए मृत व्यक्तियों के नाम मतदाता सूची में शामिल किए गए हैं।

एआईएडीएमके के राज्यसभा सांसद आई.एस. इनबादुराई ने चुनाव आयोग से अनुरोध किया कि तमिलनाडु सरकार द्वारा लगाए गए होर्डिंग्स को हटाया जाए, जिनमें मुख्यमंत्री और उनके बेटे उदयनिधि स्टालिन की तस्वीरें हैं। उन्होंने कहा कि ये होर्डिंग्स हर जगह दिख रहे हैं और इन पर रोक लगनी चाहिए।

एएमएमके के महासचिव टीटीवी दिनाकरन ने कहा कि उनका पक्ष दुर्योधन जैसा है, जबकि उनका पांडवों जैसा मजबूत है। वे एनडीए के साथ जीतने का विश्वास रखते हैं।

तमिल मनीला कांग्रेस के अध्यक्ष जी.के. वासन ने एनडीए-एआईएडीएमके गठबंधन को तमिलनाडु में जीतने वाली टीम बताया और कहा कि वे अब और भी जोर-शोर से प्रचार करेंगे।

एआईएडीएमके के आई.एस. इनबादुराई ने फिर से कहा कि उनका गठबंधन पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बनाएगा।

एएमएमके की प्रवक्ता सी.आर. सरस्वती ने कहा कि एनडीए बेहतर प्रदर्शन कर रहा है। जल्द ही सीट बंटवारे की घोषणा होगी। उन्होंने कहा कि डीएमके मजबूत दिखाई दे रही है, जबकि इंडी गठबंधन भी, लेकिन कानून-व्यवस्था के मुद्दों पर लोग असंतुष्ट हैं।

पश्चिम बंगाल में टीएमसी सांसद प्रकाश चिक बराइक ने अलीपुरद्वार से कहा कि मतदान दो चरणों (23 और 29 अप्रैल) में होगा। हम तैयार हैं। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के गरीबों के लिए किए गए कार्यों का प्रचार घर-घर करेंगे। लगभग 60 लाख नाम इस समय विचाराधीन हैं, और वे सुप्रीम कोर्ट पर भरोसा करते हैं।

असम में मंत्री जयंत मल्ला बरुआ ने गुवाहाटी से कहा कि ईसीआई का धन्यवाद। असम की जनता चुनाव का इंतजार कर रही थी। हम लोकतंत्र के उत्सव के लिए तैयार हैं।

एआईयूडीएफ नेता रफीकुल इस्लाम ने कहा कि 9 अप्रैल को एक चरण में चुनाव होंगे। समय कम है, तैयारी चल रही है।

पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने चंडीगढ़ से कहा कि चुनाव समय पर होंगे, लेकिन भाजपा के अनुसार बंगाल में कई वोट रद्द कर दिए गए, जो उचित नहीं है।

कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने कहा कि हम पूरी ताकत से लड़ेंगे। मौजूदा सरकार के प्रति लोगों में असंतोष बढ़ रहा है, जो परिणामों में साफ दिखाई देगा।

ज्ञात हो कि इससे पहले मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि असम, केरल और पुडुचेरी में एक ही चरण में 9 अप्रैल को मतदान होगा। तमिलनाडु में भी एक चरण में 23 अप्रैल को वोटिंग होगी, जबकि पश्चिम बंगाल में दो चरणों में 23 और 29 अप्रैल को मतदान होगा। सभी राज्यों के परिणाम 4 मई को एक साथ घोषित किए जाएंगे। चुनावों की घोषणा के साथ ही आचार संहिता लागू हो गई है।

संपादकीय दृष्टिकोण

वहीं अन्य दल भी अपनी रणनीतियों पर काम कर रहे हैं।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चुनाव आयोग ने कब चुनावों की तारीखों की घोषणा की?
चुनाव आयोग ने 15 मार्च को असम, केरल, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी में विधानसभा चुनावों की तारीखों की घोषणा की।
भाजपा ने तमिलनाडु में जीत का दावा क्यों किया?
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष नैनार नागेंद्रन ने कहा कि डीएमके के खिलाफ उनके पास मजबूत स्थिति है और वे चुनाव जीतने के लिए तैयार हैं।
मतदाता सूची में मृत व्यक्तियों के नाम कैसे शामिल किए गए?
राज्य अधिकारियों के माध्यम से मृत व्यक्तियों के नाम मतदाता सूची में शामिल किए गए हैं, जो एक गंभीर मुद्दा है।
आचार संहिता कब लागू हुई?
चुनावों की घोषणा के साथ ही आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है।
राष्ट्र प्रेस
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