8 जुलाई 2026
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एफएओ 'एग्रीकोला मेडल' पर पद्मश्री सेठपाल सिंह बोले — 'मोदी ने कृषि को दी नई दिशा, देश के लिए गौरव का क्षण'

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एफएओ 'एग्रीकोला मेडल' पर पद्मश्री सेठपाल सिंह बोले — 'मोदी ने कृषि को दी नई दिशा, देश के लिए गौरव का क्षण'

सारांश

एफएओ ने PM मोदी को 2026 का 'एग्रीकोला मेडल' दिया — और सहारनपुर के पद्मश्री किसान सेठपाल सिंह ने इसे पूरे देश का सम्मान बताया। एफपीओ, मिलेट्स, पीएम किसान निधि और वैश्विक दबावों के बीच किसान हितों की रक्षा — इन्हीं कदमों को उन्होंने इस वैश्विक मान्यता की बुनियाद कहा।

मुख्य बातें

एफएओ ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को वर्ष 2026 का सर्वोच्च कृषि सम्मान 'एग्रीकोला मेडल' प्रदान किया।
पद्मश्री किसान सेठपाल सिंह ( सहारनपुर ) ने इसे 'पूरे देश का सम्मान' बताया।
उन्होंने एफपीओ , स्टार्टअप स्किल डेवलपमेंट और मिलेट्स को अंतरराष्ट्रीय मंच पर बढ़ावा देने को इस सम्मान की वजह बताया।
पीएम किसान सम्मान निधि से किसानों को समय पर खाद, बीज और सिंचाई उपलब्ध होती है — सेठपाल सिंह।
खाद जैसे आयातित संसाधनों पर सब्सिडी देकर सरकार ने किसानों पर आर्थिक दबाव कम किया।

संयुक्त राष्ट्र के खाद्य एवं कृषि संगठन (एफएओ) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को वर्ष 2026 के लिए अपना सर्वोच्च कृषि सम्मान 'एग्रीकोला मेडल' प्रदान किया है। इस ऐतिहासिक सम्मान पर सहारनपुर के पद्मश्री पुरस्कार विजेता प्रगतिशील किसान सेठपाल सिंह ने कहा कि यह केवल प्रधानमंत्री का नहीं, बल्कि समूचे भारत का सम्मान है।

गौरव का क्षण: सेठपाल सिंह की प्रतिक्रिया

पद्मश्री सेठपाल सिंह ने कहा, 'यह मात्र प्रधानमंत्री मोदी की ही नहीं, बल्कि पूरे देश का स्वागत है।' उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी आगे बढ़कर कृषि क्षेत्र को नए उत्थान की तरफ लेकर गए हैं। किसानों को एफपीओ और स्टार्टअप स्किल डेवलपमेंट के माध्यम से सहयोग देकर तथा चाय किसानों को विविधता की ओर ले जाकर भारत ने यह महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय पहचान हासिल की है।

कृषि सुधारों पर सेठपाल सिंह का मूल्यांकन

सेठपाल सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने कृषि क्षेत्र में कई क्रांतिकारी कदम उठाए हैं। उन्होंने तीन कृषि कानूनों का उल्लेख करते हुए — जिनका किसान संगठनों ने विरोध किया था — कहा कि वे कानून किसानों की दिशा और दशा दोनों बदलने में सक्षम थे। मिलेट्स को अंतरराष्ट्रीय मंच पर स्थापित करने की पहल को उन्होंने भारतीय किसानों के लिए एक सशक्त संदेश बताया।

उन्होंने मोटे अनाज के फायदे गिनाते हुए कहा कि ये पोषक तत्वों से भरपूर हैं, इनमें रासायनिक खाद और कीटनाशकों की जरूरत कम होती है — जो लागत और पर्यावरण दोनों के लिहाज से किसानों के हित में है।

पीएम किसान सम्मान निधि और किसानों की आमदनी

सेठपाल सिंह ने पीएम किसान सम्मान निधि योजना की सराहना करते हुए कहा कि इससे किसान अपनी फसलों के लिए समय पर खाद, बीज और सिंचाई की व्यवस्था कर पाते हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में कृषि क्षेत्र में कई क्रांतिकारी बदलाव हुए हैं और किसानों की आमदनी दोगुना करने के प्रयास जारी हैं।

वैश्विक दबाव और भारतीय किसानों के हित

सेठपाल सिंह ने कहा कि कुछ देश भारत के कृषि और डेयरी क्षेत्र में दबाव बनाकर प्रवेश करना चाहते हैं, क्योंकि भारत तेज़ी से विकसित राष्ट्र की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि भारत एक किसान-प्रधान देश है, जहाँ छोटी जोत के किसानों की बहुलता है। प्रधानमंत्री मोदी ने स्पष्ट कर दिया है कि चाहे कितना भी दबाव हो, वे देश के किसानों के अधिकारों पर कोई समझौता नहीं करेंगे।

खाद जैसे आयातित संसाधनों पर सब्सिडी देकर सरकार ने किसानों पर आर्थिक बोझ कम करने की कोशिश की है, यह बात भी सेठपाल सिंह ने रेखांकित की। आज पूरी दुनिया भारत की कृषि नीति की ओर ध्यान से देख रही है — यह उनका मानना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली कसौटी ज़मीनी आँकड़े हैं — किसानों की औसत आय, कृषि ऋण का बोझ और फसल बीमा के दावों का निपटान। पद्मश्री सेठपाल सिंह की प्रतिक्रिया सरकारी नीतियों के प्रति एक वर्ग के किसानों की सकारात्मक धारणा दर्शाती है, लेकिन यह भी उल्लेखनीय है कि तीन कृषि कानूनों को किसान आंदोलन के दबाव में वापस लेना पड़ा था। मिलेट्स और एफपीओ जैसी पहलें सराहनीय हैं, पर छोटी जोत के किसानों तक इनका वास्तविक लाभ कितना पहुँचा — यह सवाल अभी भी खुला है।
RashtraPress
8 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

एफएओ 'एग्रीकोला मेडल' क्या है और PM मोदी को यह क्यों मिला?
'एग्रीकोला मेडल' संयुक्त राष्ट्र के खाद्य एवं कृषि संगठन (एफएओ) का सर्वोच्च सम्मान है, जो कृषि एवं खाद्य सुरक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए दिया जाता है। PM मोदी को यह सम्मान 2026 के लिए प्रदान किया गया है।
पद्मश्री सेठपाल सिंह कौन हैं?
सेठपाल सिंह सहारनपुर के पद्मश्री पुरस्कार विजेता प्रगतिशील किसान हैं, जो कृषि नवाचार और किसान जागरूकता के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने एफएओ सम्मान को देश के लिए गौरव का क्षण बताया।
PM मोदी ने कृषि क्षेत्र में कौन-कौन से प्रमुख कदम उठाए हैं?
सेठपाल सिंह के अनुसार, PM मोदी ने एफपीओ, स्टार्टअप स्किल डेवलपमेंट, पीएम किसान सम्मान निधि, मिलेट्स को अंतरराष्ट्रीय मंच पर बढ़ावा और आयातित खाद पर सब्सिडी जैसे कदम उठाए हैं। इन पहलों को उन्होंने किसानों की आमदनी और आत्मनिर्भरता के लिए महत्वपूर्ण बताया।
वैश्विक दबावों के बीच भारत ने अपने किसानों के हितों की रक्षा कैसे की?
सेठपाल सिंह के अनुसार, PM मोदी ने स्पष्ट किया है कि किसी भी दबाव में देश के किसानों के अधिकारों से समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कुछ देश भारत के कृषि और डेयरी क्षेत्र में प्रवेश करना चाहते हैं, लेकिन सरकार ने छोटी जोत के किसानों के हितों को प्राथमिकता दी है।
मिलेट्स को बढ़ावा देने से किसानों को क्या फायदा हुआ?
सेठपाल सिंह के अनुसार मोटे अनाज (मिलेट्स) पोषक तत्वों से भरपूर हैं और इनमें रासायनिक खाद व कीटनाशकों की जरूरत कम होती है, जिससे उत्पादन लागत घटती है। PM मोदी ने इन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 'मिलेट्स' के रूप में स्थापित कर भारतीय किसानों को नई बाज़ार संभावनाएँ दिलाई हैं।
राष्ट्र प्रेस
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