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गिरिराज सिंह का कांग्रेस पर बड़ा हमला: 'खड़गे के बयान से साफ, पार्टी देश में गृहयुद्ध चाहती है'

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गिरिराज सिंह का कांग्रेस पर बड़ा हमला: 'खड़गे के बयान से साफ, पार्टी देश में गृहयुद्ध चाहती है'

सारांश

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे के बयान को गृहयुद्ध की मंशा से जोड़ा और 'बाहरी ताकतों' से सांठगांठ का आरोप लगाया। रामलीला मैदान रैली, एसआईआर विवाद और 'रिजीम चेंज' के नारे पर उनका पलटवार — संसद सत्र से पहले सियासी पारा और चढ़ा।

मुख्य बातें

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने 26 अक्टूबर 2026 को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के विवादित बयान की कड़ी निंदा की।
गिरिराज सिंह ने आरोप लगाया कि कांग्रेस 'बाहरी ताकतों' से मिलकर देश में गृहयुद्ध भड़काना चाहती है — बिना ठोस प्रमाण के।
इंडी गठबंधन की रामलीला मैदान रैली पर कहा कि दीपावली के दौरान यह आयोजन व्यापारियों को नुकसान पहुँचाएगा।
सरकार का दावा: PM मोदी के 10 वर्षों में 5 करोड़ घर बनाम कांग्रेस शासन में 3 करोड़ घर ।
राहुल गांधी पर एसआईआर मुद्दे पर 'झूठ' फैलाने और 'दिमागी नक्सली' होने का आरोप।

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने 26 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ दिए गए विवादित बयान की कड़ी आलोचना की। गिरिराज सिंह ने आरोप लगाया कि कांग्रेस देश में गृहयुद्ध भड़काना चाहती है और इसके लिए 'बाहरी ताकतों' से मिली हुई है — हालाँकि उन्होंने इसका कोई विशेष प्रमाण नहीं दिया।

खड़गे के बयान पर सीधा निशाना

गिरिराज सिंह ने कहा कि मल्लिकार्जुन खड़गे ने वही किया है, जो पूरी कांग्रेस पार्टी करती आ रही है। उन्होंने कहा, 'अब उनके साथी बहाने बना रहे हैं और कह रहे हैं कि उनका ऐसा इरादा नहीं था।' मंत्री के अनुसार खड़गे पहले भी अपशब्दों का प्रयोग कर चुके हैं। उन्होंने सोनिया गांधी, राहुल गांधी और मणिशंकर अय्यर के पूर्व के विवादित बयानों का भी हवाला दिया।

गिरिराज सिंह ने कहा कि कांग्रेस इसलिए ऐसे बयान देती है क्योंकि 'एक पिछड़े वर्ग, अति पिछड़े वर्ग और एक चाय बेचने वाले के बेटे का आज प्रधानमंत्री होना उन्हें जलाता है।' उनके अनुसार यह 'घोर हताशा' का परिणाम है।

इंडी गठबंधन की रामलीला मैदान रैली पर प्रतिक्रिया

एसआईआर और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ इंडी गठबंधन की रामलीला मैदान में प्रस्तावित रैली के सवाल पर गिरिराज सिंह ने कहा कि राहुल गांधी को विरोध का लोकतांत्रिक अधिकार है। हालाँकि उन्होंने आरोप लगाया कि दीपावली के त्योहार के दौरान रैली आयोजित करने से व्यापारियों को नुकसान होगा, जिसकी विपक्ष को परवाह नहीं है। उन्होंने कहा, 'हमें फर्क नहीं पड़ता कि राहुल गांधी एक रैली करें या चार, हम जनता के हित में ही बात करेंगे।'

'रिजीम चेंज' के नारे पर पलटवार

विपक्ष द्वारा उठाए जा रहे 'रिजीम चेंज' के मुद्दे पर गिरिराज सिंह ने केंद्र सरकार के विकास कार्यों का हवाला दिया। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस शासन में केवल 3 करोड़ घर बनाए गए, जबकि PM मोदी के 10 वर्षों में लगभग 5 करोड़ घरों का निर्माण हुआ।

उन्होंने आयुष्मान भारत के तहत ₹5 लाख तक के स्वास्थ्य कवर और उज्ज्वला योजना के तहत गैस कनेक्शन का भी उल्लेख किया। गिरिराज सिंह ने यह भी कहा कि PM मोदी के नेतृत्व में भारत की वैश्विक आर्थिक रैंकिंग 10वें स्थान से सुधरकर 4वें-6वें स्थान पर पहुँची है — हालाँकि इस दावे को स्वतंत्र रूप से सत्यापित किया जाना चाहिए।

एसआईआर और राहुल गांधी पर सीधा हमला

गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी पर एसआईआर के मुद्दे पर 'झूठ' फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी बिहार में महीनों तक इस मुद्दे पर घूमे, लेकिन जनता ने चुनाव में उन्हें 'नकार दिया।' उन्होंने राहुल गांधी को 'दिमागी नक्सली' भी कहा — एक विवादास्पद संबोधन जिस पर विपक्ष आपत्ति जता सकता है। उन्होंने चुनौती दी: 'अगर उनकी बातों में दम है तो वे सबूत पेश करें।'

यह ऐसे समय में आया है जब संसद के शीतकालीन सत्र से पहले सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच बयानबाज़ी तेज हो गई है। आने वाले दिनों में रामलीला मैदान रैली और एसआईआर विवाद पर राजनीतिक तापमान और बढ़ने की संभावना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन उसे 'गृहयुद्ध की साजिश' तक खींचना — बिना किसी साक्ष्य के — राजनीतिक प्रवचन को उस दिशा में ले जाता है जो खुद लोकतांत्रिक बहस के लिए घातक है। दूसरी तरफ, रामलीला मैदान रैली पर विपक्ष का समय चुनाव — दीपावली के ठीक दौरान — भी सियासी समझदारी का उदाहरण नहीं कहा जाएगा। असली मुद्दा यह है कि एसआईआर जैसे संस्थागत प्रश्नों को जब 'झूठ' और 'नक्सली' जैसी भाषा से दबाया जाता है, तो जवाबदेही की माँग कमज़ोर पड़ती है — सत्ता पक्ष के लिए सबसे सुविधाजनक नतीजा।
RashtraPress
26 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गिरिराज सिंह ने कांग्रेस पर गृहयुद्ध का आरोप क्यों लगाया?
गिरिराज सिंह ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा PM मोदी के खिलाफ दिए गए विवादित बयान को आधार बनाकर यह आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस 'बाहरी ताकतों' के साथ मिलकर देश में अस्थिरता फैलाना चाहती है, हालाँकि उन्होंने इस दावे का कोई सार्वजनिक प्रमाण नहीं दिया।
इंडी गठबंधन की रामलीला मैदान रैली किस मुद्दे पर है?
इंडी गठबंधन एसआईआर और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ रामलीला मैदान में रैली करने की योजना बना रहा है। गिरिराज सिंह ने इस रैली के दीपावली के दौरान आयोजित होने पर आपत्ति जताई, लेकिन विरोध के लोकतांत्रिक अधिकार को स्वीकार किया।
गिरिराज सिंह ने मकान निर्माण के क्या आँकड़े दिए?
गिरिराज सिंह के अनुसार, कांग्रेस के शासनकाल में केवल 3 करोड़ घर बनाए गए, जबकि PM मोदी के 10 वर्षों में लगभग 5 करोड़ घरों का निर्माण हुआ। ये आँकड़े सरकारी दावे हैं और इनका स्वतंत्र सत्यापन आवश्यक है।
एसआईआर विवाद क्या है जिस पर गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी को घेरा?
एसआईआर (विशेष गहन संशोधन) मतदाता सूची पुनरीक्षण की एक प्रक्रिया है जिस पर विपक्ष ने चुनाव आयोग पर पक्षपात के आरोप लगाए थे। गिरिराज सिंह का कहना है कि राहुल गांधी ने बिहार में इस मुद्दे पर 'झूठ' फैलाया और जनता ने उन्हें चुनाव में नकार दिया।
खड़गे के किस बयान ने यह विवाद खड़ा किया?
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने PM मोदी के खिलाफ एक विवादित बयान दिया था, जिसके बाद खुद कांग्रेस के कुछ नेताओं ने सफाई देते हुए कहा कि 'ऐसा इरादा नहीं था।' गिरिराज सिंह ने इस सफाई को अस्वीकार करते हुए इसे 'बहानेबाज़ी' करार दिया।
राष्ट्र प्रेस
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