हंदवाड़ा में एनआईए का छापा: कारोबारी के आवास पर की गई कार्रवाई
सारांश
Key Takeaways
- एनआईए ने हंदवाड़ा में एक कारोबारी के घर पर छापा मारा।
- यह कार्रवाई दिल्ली के लाल किले विस्फोट से संबंधित है।
- छापेमारी में दस्तावेजों और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच की गई।
- इस मामले में अब तक 11 गिरफ्तारियां की जा चुकी हैं।
- एनआईए की जांच आतंकवाद के खिलाफ सख्त कदम उठाने का संकेत है।
हंदवाड़ा, 23 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। जम्मू कश्मीर के हंदवाड़ा क्षेत्र में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी शुरू की है। एनआईए की यह टीम सुबह दो गाड़ियों में सवार होकर वहां पहुंची।
सोमवार सुबह, एनआईए की टीम ने हंदवाड़ा के गुलोरा इलाके में एक व्यवसायी के आवास पर छापा मारा। यह छापेमारी संभवतः दिल्ली के लाल किले विस्फोट मामले से संबंधित है। एनआईए के अधिकारियों ने आवास पर पहुंचकर दस्तावेजों, इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और अन्य सामग्रियों की बारीकी से जांच की। छापेमारी के दौरान कारोबारी के घर पर सुरक्षा कर्मी भी तैनात थे। सूत्रों के अनुसार, कारोबारी का बम धमाके से संबंध होने की जानकारी मिली है। इस मामले में अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
जाहिर है कि 10 नवंबर 2025 को राष्ट्रीय राजधानी में हुए इस भीषण विस्फोट में 11 लोगों की जान गई थी और कई अन्य गंभीर रूप से घायल हुए थे। इस हमले का मुख्य आरोपी उमर उन नबी भी इस विस्फोट में मारा गया था। एनआईए इस कायराना आतंकी हमले की पूरी साजिश का पर्दाफाश करने के लिए गहन जांच कर रही है। जांच एजेंसी के अनुसार, जमी़र अहमद और तुफैल अहमद प्रतिबंधित आतंकी संगठन अंसार गजवत-उल-हिंद (एजीएच) के सक्रिय ओवर ग्राउंड वर्कर (ओजीडब्ल्यू) थे। इस संबंध में जम्मू-कश्मीर और हरियाणा के विभिन्न स्थानों से 11 लोग गिरफ्तार किए जा चुके हैं।
एनआईए के अनुसार, दिल्ली विस्फोट की साजिश का मास्टरमाइंड उमर था, जिसने अन्य आरोपियों, मुजम्मिल गनई, शाहीन सईद, मुफ्ती इरफान, आदिल अहमद राथर और पांच अन्य सहयोगियों के साथ मिलकर इस हमले की योजना बनाई थी।
एनआईए लाल किले के धमाके का खुलासा करने और इससे जुड़े आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयासरत है। इसी कड़ी में हंदवाड़ा के व्यवसायी के घर पर छापेमारी की गई है।