राकेश सिंह यादव भाजपा में शामिल: मध्य प्रदेश कांग्रेस के पूर्व महासचिव ने थामा भगवा दामन
सारांश
मुख्य बातें
मध्य प्रदेश कांग्रेस के पूर्व महासचिव एवं प्रवक्ता राकेश सिंह यादव ने 9 जुलाई 2026 को भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सदस्यता ग्रहण कर ली। कांग्रेस से इस्तीफे के ठीक एक सप्ताह बाद यादव ने भोपाल स्थित भाजपा कार्यालय में पार्टी का दामन थामा। इसके साथ ही उन्हें तत्काल प्रभाव से भाजपा का राज्य प्रवक्ता नियुक्त कर दिया गया।
भाजपा में प्रवेश और स्वागत
राज्य भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने भोपाल के पार्टी कार्यालय में यादव को औपचारिक रूप से सदस्यता दिलाई। इसके बाद यादव ने मुख्यमंत्री मोहन यादव के आधिकारिक आवास पर उनसे मुलाकात की। खंडेलवाल ने राकेश यादव के लगभग तीन दशकों के राजनीतिक अनुभव का उल्लेख करते हुए विश्वास जताया कि उनका जुड़ाव भाजपा संगठन को और मजबूती देगा।
कांग्रेस छोड़ने की वजह
राकेश यादव ने आरोप लगाया कि भारत न्यास ट्रस्ट भूमि आवंटन विवाद में मुख्यमंत्री मोहन यादव के खिलाफ लगाए गए पार्टी के आरोपों पर जब उन्होंने सबूत माँगे, तो प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी और राज्य प्रभारी हरीश चौधरी ने उन्हें चुप कराने की कोशिश की। उनका कहना है कि टेलीविजन बहसों में पार्टी के रुख का बचाव करने के लिए साक्ष्य माँगने पर उन्हें टीवी चर्चाओं में भाग लेने से रोकने के लिए नोटिस भेजा गया।
कांग्रेस पर गंभीर आरोप
भाजपा में शामिल होने के बाद यादव ने कांग्रेस संगठन पर कई आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि पार्टी के हालिया संगठनात्मक फेरबदल में 'प्रमुख पद बेचे जा रहे हैं' और सच बोलने वाले कार्यकर्ताओं को दरकिनार किया जा रहा है। यादव ने आरोप लगाया कि जीतू पटवारी, उमंग सिंघर और हरीश चौधरी पार्टी को जनहित से परे चला रहे हैं। गौरतलब है कि ये आरोप यादव के अपने हैं और कांग्रेस ने इन पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।
भाजपा का पक्ष
खंडेलवाल ने यादव के स्वागत में कहा कि कांग्रेस अपने ही नेताओं की आवाज़ दबाती है और बिना तथ्यों के भाजपा सरकार पर आरोप लगाती है। उन्होंने यादव के दशकों के अनुभव को पार्टी के लिए मूल्यवान बताया।
आगे क्या
राकेश यादव के भाजपा प्रवक्ता बनने से मध्य प्रदेश की राजनीति में नई हलचल आने की संभावना है — विशेष रूप से भारत न्यास ट्रस्ट विवाद और कांग्रेस के आंतरिक संगठन को लेकर। यह ऐसे समय में आया है जब मध्य प्रदेश में अगले स्थानीय निकाय चुनावों की तैयारियाँ जोर पकड़ रही हैं।