सत्येंद्र जैन को DJB भ्रष्टाचार मामले में जमानत, 'आप' में उत्साह — सौरभ भारद्वाज बोले: 'कोई स्कैम नहीं'
सारांश
मुख्य बातें
आम आदमी पार्टी (AAP) के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री सत्येंद्र जैन को दिल्ली जल बोर्ड (DJB) के सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) प्रोजेक्ट्स से जुड़ी टेंडर प्रक्रिया में कथित भ्रष्टाचार के मामले में 3 सितंबर को अदालत ने जमानत दे दी। इस फैसले पर AAP नेताओं सौरभ भारद्वाज और अनुराग ढांडा ने खुलकर प्रतिक्रिया दी और इसे पार्टी के लिए बड़ी राहत बताया।
सौरभ भारद्वाज की प्रतिक्रिया
AAP नेता सौरभ भारद्वाज ने कहा, 'पहली बात मैं यह स्पष्ट कर देना चाहता हूँ कि कोई स्कैम नहीं हुआ है।' उन्होंने तुलना करते हुए कहा कि शराब घोटाले के बारे में भी इसी तरह की अवधारणा स्थापित की गई थी, लेकिन बाद में अदालत ने कहा कि वह मामला आरोप पत्र के काबिल भी नहीं था। भारद्वाज ने आरोप लगाया कि जाँच एजेंसियों ने जैन को न्यायिक हिरासत में लिए बिना या पूछताछ किए बिना सीधे गिरफ्तार कर तिहाड़ जेल भेज दिया, जो उनके अनुसार उत्पीड़न का संकेत है।
उन्होंने अदालत के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा, 'हम कोर्ट के बहुत बड़े शुक्रगुजार हैं।' भारद्वाज ने सत्येंद्र जैन को अपना 'बड़ा भाई' बताया और कहा कि जब वे पंजाब में सह-प्रभारी के रूप में सक्रिय थे, तब उनके सुझाव पार्टी के लिए बेहद उपयोगी रहे थे।
भावुक क्षण: परिवार से मिलन
भारद्वाज ने बताया कि जमानत मिलते ही सत्येंद्र जैन की पत्नी और बेटी भावुक हो गईं और उन्हें देखकर जैन भी भावुक हो गए। उन्होंने इस पल को 'निश्चित तौर पर बेहद भावुक कर देने वाला' करार दिया।
पार्टी को मिलेगी ताकत
भारद्वाज ने आगे कहा कि जैन के जेल से बाहर आने और सक्रिय होने के बाद पार्टी को जमीनी स्तर पर काम करने में मदद मिलेगी। उन्होंने विश्वास जताया कि AAP आने वाले दिनों में बेहतर प्रदर्शन करेगी। गौरतलब है कि सत्येंद्र जैन पंजाब के सह-प्रभारी की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं, जो पार्टी के लिए रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण राज्य है।
अनुराग ढांडा का BJP पर निशाना
AAP नेता अनुराग ढांडा ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर सीधा हमला बोला। उन्होंने कहा कि BJP का समय ठीक नहीं चल रहा और इसीलिए उसने अपनी सभी एजेंसियों को सक्रिय कर दिया है। ढांडा के अनुसार, BJP की पहली कोशिश यह थी कि किसी तरह पंजाब में दखल दिया जाए, क्योंकि सत्येंद्र जैन वहाँ सह-प्रभारी की भूमिका में हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इस गिरफ्तारी के ज़रिये पंजाब चुनाव में बाधा पहुँचाने की कोशिश की गई थी, जो अब विफल हो गई है।
यह ऐसे समय में आया है जब AAP पंजाब में अपनी सरकार की स्थिति मजबूत करने में जुटी है और जैन की वापसी पार्टी के संगठनात्मक ढाँचे को नई ऊर्जा दे सकती है। BJP ने अभी तक इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।