16 जुलाई 2026
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लॉरेंस बिश्नोई गैंग का वांछित आरोपी राहुल राठौर इंदौर क्राइम ब्रांच ने दबोचा, ₹25,000 का था इनाम

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लॉरेंस बिश्नोई गैंग का वांछित आरोपी राहुल राठौर इंदौर क्राइम ब्रांच ने दबोचा, ₹25,000 का था इनाम

सारांश

इंदौर क्राइम ब्रांच ने लंबी निगरानी के बाद लॉरेंस बिश्नोई गैंग के वांछित आरोपी राहुल सिंह राठौर उर्फ बाबा को दबोचा। देवास निवासी इस आरोपी पर ₹25,000 का इनाम था और वह खरगोन फायरिंग समेत कई मामलों में वांछित था। पूछताछ में बड़े खुलासों की उम्मीद।

मुख्य बातें

इंदौर क्राइम ब्रांच ने 29 मई 2026 को लॉरेंस बिश्नोई गैंग के वांछित आरोपी राहुल सिंह राठौर उर्फ बाबा को गिरफ्तार किया।
आरोपी देवास जिले का रहने वाला है और उस पर ₹25,000 का इनाम घोषित था।
राहुल राठौर पर गैंग के लिए रेकी करने, अपराध की योजना बनाने और खरगोन जिले की फायरिंग में संलिप्तता के आरोप हैं।
अतिरिक्त पुलिस आयुक्त आर.
सिंह के अनुसार, पहले गिरफ्तार आरोपी राजपाल की पूछताछ से मिले सुराग के आधार पर यह गिरफ्तारी हुई।
पुलिस को आगे की पूछताछ में गैंग के नेटवर्क से जुड़े और खुलासों की उम्मीद है।

इंदौर क्राइम ब्रांच ने 29 मई 2026 को कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग के एक वांछित सदस्य को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान राहुल सिंह राठौर उर्फ बाबा के रूप में हुई है, जो देवास जिले का रहने वाला है और जिस पर ₹25,000 का इनाम घोषित था। वह लंबे समय से पुलिस की पकड़ से बाहर था।

मुख्य घटनाक्रम

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, राहुल राठौर गैंग के लिए रेकी करने और अपराध की योजना बनाने में सक्रिय भूमिका निभाता था। इसके अलावा, खरगोन जिले में हुई एक फायरिंग की घटना में भी उसकी संलिप्तता सामने आई है। आरोपी कई आपराधिक मामलों में वांछित था और पुलिस लगातार उसकी तलाश में जुटी थी।

कैसे हुई गिरफ्तारी

इंदौर के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त आर. के. सिंह ने बताया कि यह कार्रवाई तकनीकी निगरानी और खुफिया सूचनाओं के आधार पर अंजाम दी गई। इससे पहले गिरफ्तार किए गए आरोपियों — जिनमें राजपाल और अन्य शामिल हैं — से हुई पूछताछ में राहुल राठौर का नाम सामने आया था। इसके बाद क्राइम ब्रांच ने उसके नेटवर्क को खंगालना शुरू किया और कई दिनों की निगरानी तथा सर्च ऑपरेशन के बाद उसे दबोच लिया गया।

आरोपी की भूमिका

प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि राहुल राठौर गैंग के लिए आवश्यक संसाधन जुटाने और अपराध की योजना तैयार करने में मदद करता था। उसका आपराधिक नेटवर्क कई शहरों तक फैला बताया जा रहा है। पुलिस अब उससे गहन पूछताछ कर रही है।

क्या होगा आगे

अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में इस गिरफ्तारी से गैंग के और सदस्यों तथा उनकी गतिविधियों के बारे में अहम खुलासे हो सकते हैं। यह ऐसे समय में आया है जब मध्य प्रदेश पुलिस संगठित अपराध नेटवर्क के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है। गौरतलब है कि लॉरेंस बिश्नोई गैंग देशभर में कई गंभीर आपराधिक मामलों में संलिप्त रही है और इसके सदस्यों की गिरफ्तारी पुलिस की प्राथमिकता में रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन जब तक गैंग के शीर्ष संचालकों तक पहुँच नहीं बनती, ऐसी गिरफ्तारियाँ नेटवर्क को कमज़ोर करने के बजाय केवल परिधीय सदस्यों तक सीमित रहती हैं।
RashtraPress
16 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

राहुल सिंह राठौर उर्फ बाबा कौन है?
राहुल सिंह राठौर उर्फ बाबा मध्य प्रदेश के देवास जिले का रहने वाला है और लॉरेंस बिश्नोई गैंग का एक वांछित सदस्य बताया जा रहा है। वह गैंग के लिए रेकी करने और अपराध की योजना बनाने में शामिल था तथा खरगोन फायरिंग मामले में भी उसकी भूमिका सामने आई है।
इंदौर क्राइम ब्रांच ने उसे कैसे पकड़ा?
पहले गिरफ्तार आरोपियों, जिनमें राजपाल शामिल हैं, से पूछताछ के दौरान राहुल राठौर का नाम सामने आया। इसके बाद क्राइम ब्रांच ने तकनीकी निगरानी और खुफिया सूचनाओं के आधार पर कई दिनों का सर्च ऑपरेशन चलाकर उसे गिरफ्तार किया।
आरोपी पर कितने रुपये का इनाम था?
राहुल सिंह राठौर उर्फ बाबा पर ₹25,000 का इनाम घोषित था। वह लंबे समय से फरार था और कई आपराधिक मामलों में वांछित था।
लॉरेंस बिश्नोई गैंग का मध्य प्रदेश से क्या संबंध है?
पुलिस जांच के अनुसार, लॉरेंस बिश्नोई गैंग का नेटवर्क मध्य प्रदेश के कई शहरों तक फैला हुआ है। खरगोन जिले में हुई फायरिंग की घटना में इस गैंग के सदस्यों की संलिप्तता सामने आई है, और राहुल राठौर जैसे स्थानीय सहयोगी गैंग के लिए संसाधन और लॉजिस्टिक सहायता उपलब्ध कराते थे।
इस गिरफ्तारी से आगे क्या होगा?
पुलिस अब राहुल राठौर से गहन पूछताछ कर रही है। अधिकारियों को उम्मीद है कि इससे गैंग के अन्य सदस्यों, उनके ठिकानों और आपराधिक नेटवर्क के बारे में और अहम जानकारी मिलेगी, जो आगे की कार्रवाई में सहायक होगी।
राष्ट्र प्रेस
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