जयपुर मेयर चुनाव 25 सितंबर: कोठारी बनाम मावर, 15 निर्दलीय पार्षद बनेंगे किंगमेकर
सारांश
मुख्य बातें
जयपुर नगर निगम महापौर चुनाव अब सीधे द्विपक्षीय मुकाबले में तब्दील हो गया है — भारतीय जनता पार्टी (BJP) के उम्मीदवार सुनील कोठारी और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) की उम्मीदवार सुनीता मावर के बीच। 22 सितंबर 2026 को नामांकन वापसी की अंतिम तिथि समाप्त होते ही कांग्रेस पार्षद सुनीता मेथी और दशरथ अटल ने अपने नाम प्रत्याहृत कर लिए, जो पहले सहायक उम्मीदवार के रूप में मैदान में थे। 25 सितंबर 2026 को 150 पार्षद महापौर पद के लिए मतदान करेंगे।
चुनावी समीकरण
जयपुर नगर निगम के 150 पार्षदों में 78 BJP से, 57 कांग्रेस से और 15 निर्दलीय हैं। बहुमत के लिए किसी भी उम्मीदवार को कम से कम 76 वोट चाहिए। ऐसे में 15 निर्दलीय पार्षद निर्णायक भूमिका में हैं — यदि BJP अपने सभी पार्षदों को साथ रखती है तो उसकी संख्या पहले से पर्याप्त है, परन्तु क्रॉस-वोटिंग की संभावना ने दोनों दलों की रणनीति को पेचीदा बना दिया है।
क्रॉस-वोटिंग की आशंका
सियासी हलकों में यह चर्चा तेज़ हो गई है कि सिरोही नगर परिषद अध्यक्ष चुनाव में BJP के भीतर क्रॉस-वोटिंग के संकेत मिले थे — पूजा माली को BJP के 10 पार्षदों में से केवल 5 वोट मिले। हालांकि यह चुनाव गुप्त मतदान के माध्यम से संपन्न हुआ और किसी भी पार्षद द्वारा क्रॉस-वोटिंग की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। गौरतलब है कि चुनाव से पहले 5 BJP पार्षदों के बारे में यह खबर सामने आई थी कि उन्होंने सरनेश्वर महादेव मंदिर जाकर पार्टी उम्मीदवार को समर्थन देने का वादा किया था।
राजस्थान के अन्य नगर निकाय चुनाव
जयपुर, जोधपुर और कोटा नगर निगमों में महापौर पद के चुनाव 25 सितंबर को निर्धारित हैं। राजस्थान के कई नगर निकायों में उप महापौर और उपाध्यक्ष पदों के लिए मतदान पहले ही शुरू हो चुका है। दौसा जिले की महवा नगरपालिका में BJP की उर्मिला सैनी निर्विरोध उपाध्यक्ष चुनी गईं, जबकि कांग्रेस उम्मीदवार रामबाबू सैनी ने समय सीमा से पहले नाम वापस ले लिया। विनीत बंसल भी उसी नगरपालिका के अध्यक्ष पद पर निर्विरोध निर्वाचित हुए।
हनुमानगढ़ जिले की तिब्बी नगरपालिका में कांग्रेस समर्थित पूनम शेखावत उपाध्यक्ष निर्विरोध चुनी गईं। जैसलमेर नगर परिषद में उपाध्यक्ष पद के लिए BJP समर्थित मधुबाला देवीसिंह चौहान और कांग्रेस समर्थित प्रेमलता चौहान के बीच चुनाव विशेष रूप से चर्चा में है क्योंकि दोनों उम्मीदवार देवरानी-जेठानी हैं। अजमेर जिले के किशनगढ़ नगर परिषद में स्वामी विवेकानंद हॉल में उपाध्यक्ष पद के लिए BJP उम्मीदवार मनेंद्र सिंह खंगारोत के मुकाबले मतदान जारी है, जो रिटर्निंग ऑफिसर अनिल कुमार चौधरी की देखरेख में हो रहा है।
आगे क्या होगा
25 सितंबर 2026 को होने वाले मतदान में सबकी निगाहें 15 निर्दलीय पार्षदों पर टिकी हैं। BJP के पास संख्याबल में स्पष्ट बढ़त है, लेकिन कांग्रेस इन निर्दलीयों को अपने पाले में लाने की कोशिश में है। यह चुनाव राजस्थान में नगर निकाय राजनीति की दिशा तय करने वाला माना जा रहा है।