जनगणना 2027: ग्रेटर नोएडा में लापरवाह कर्मचारियों को अंतिम चेतावनी, एफआईआर की तैयारी
सारांश
मुख्य बातें
ग्रेटर नोएडा प्रशासन ने जनगणना 2027 के कार्य में लापरवाही बरत रहे कर्मचारियों और प्रागणकों (एन्यूमरेटर) को 26 मई 2025 को अंतिम चेतावनी जारी की है। चार्ज अधिकारी ने स्पष्ट किया कि बुधवार शाम तक ड्यूटी न संभालने वाले कर्मचारियों के खिलाफ संबंधित थानों में एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। यह कदम तब उठाया गया जब प्रशिक्षण और दिशा-निर्देश मिलने के बावजूद बड़ी संख्या में कर्मचारी अपने निर्धारित क्षेत्रों में कार्य शुरू नहीं कर पाए थे।
मुख्य घटनाक्रम
जनगणना कार्य की निगरानी कर रहे चार्ज अधिकारी एवं ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के ओएसडी मुकेश कुमार सिंह ने कहा कि सभी नियुक्त कर्मचारियों को पहले ही प्रशिक्षण दिया जा चुका है और आवश्यक दिशा-निर्देश भी उपलब्ध करा दिए गए हैं। इसके बावजूद कई कर्मचारी अभी तक अपने क्षेत्र में जाकर कार्य शुरू नहीं कर पाए हैं, जिससे जनगणना प्रक्रिया प्रभावित होने की आशंका है।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि किसी नागरिक को अपने क्षेत्र के प्रागणक से संपर्क करने में परेशानी हो रही है, तो वह संबंधित वर्क सर्किल प्रभारी, प्रबंधक, सहायक प्रबंधक अथवा सुपरवाइजर से संपर्क कर सकता है।
समयसीमा और कार्रवाई
प्रशासन ने जनगणना 2027 का समस्त कार्य 20 जून तक पूर्ण किए जाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। चार्ज अधिकारी मुकेश कुमार सिंह ने कहा कि यह राष्ट्रीय महत्व का कार्य है और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बुधवार शाम तक ड्यूटी न संभालने की स्थिति में संबंधित कर्मचारियों पर कानूनी कार्रवाई तय मानी जाएगी।
आरडब्ल्यूए और नागरिकों से सहयोग की अपील
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के एसीईओ एवं जनगणना के नोडल अधिकारी सुमित यादव ने शहर की आरडब्ल्यूए (रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन) और अपार्टमेंट ओनर्स एसोसिएशन से जनगणना कार्य में सहयोग की अपील की है। उन्होंने कहा कि जनगणना कर्मियों को सेक्टरों और सोसायटियों में प्रवेश के दौरान पहचान पत्र और ड्यूटी पत्र की जांच के बाद आसानी से प्रवेश दिया जाए, ताकि कार्य समय पर पूरा हो सके।
आम जनता पर असर और सामाजिक सहयोग
सुमित यादव ने भीषण गर्मी को देखते हुए नागरिकों से सामाजिक सहयोग की भी अपील की। उन्होंने कहा कि यदि जनगणना कर्मचारियों को नींबू पानी, पीने का पानी या हल्के जलपान की आवश्यकता हो, तो आरडब्ल्यूए और नागरिक सहयोग करें। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि जनगणना केवल सरकारी प्रक्रिया नहीं, बल्कि देशहित और जनहित से जुड़ा महत्वपूर्ण अभियान है, जिसकी सफलता जनसहभागिता पर निर्भर करती है।
गौरतलब है कि जनगणना 2027 कोविड महामारी के कारण वर्षों से लंबित थी और इसे समय पर पूरा करना प्रशासन की प्राथमिकता है। आने वाले हफ्तों में अनुपालन की स्थिति यह तय करेगी कि क्या एफआईआर जैसी कठोर कार्रवाई वास्तव में अमल में लाई जाती है।