जेपीएनआईसी पर योगी का हमला: '₹864 करोड़ खर्च, फिर भी अधूरा — यह सपा के भ्रष्टाचार का जीवंत स्मारक है'
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 30 अगस्त को लखनऊ में आयोजित एक सार्वजनिक कार्यक्रम में कहा कि जयप्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर (जेपीएनआईसी) समाजवादी पार्टी (सपा) के भ्रष्टाचार का जीवंत स्मारक बन चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा शासनकाल में इस केंद्र को पार्टी की 'प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के अड्डे' की तरह संचालित किया गया।
मुख्य आरोप और लागत विवाद
मुख्यमंत्री ने कहा कि जेपीएनआईसी की मूल लागत ₹200 करोड़ आँकी गई थी, लेकिन ₹864 करोड़ खर्च होने के बावजूद यह परियोजना अधूरी रही। जो काम 18 महीनों में पूरा होना था, वह दो साल बाद भी लंबित था। उन्होंने कहा, 'यह पैसा सैफई सिंडिकेट का नहीं, उत्तर प्रदेश की जनता का है — और जनता के खजाने पर किसी राजनीतिक दल को डकैती डालने की अनुमति नहीं दी जा सकती।'
योगी के अनुसार, सेंटर पर सपा का नियंत्रण बनाए रखने के लिए एक समिति गठित की गई थी, जिसमें अखिलेश यादव, डिंपल यादव, धर्मेंद्र यादव, अखिलेश के निजी सचिव और सपा प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी शामिल थे। उन्होंने कहा कि सरकार ने वह समिति भंग कर दी है और अब लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) के मार्गदर्शन में इसे संचालित किया जाएगा।
सरकार की कार्रवाई और वसूली का इरादा
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार न केवल इस केंद्र को वापस ले चुकी है, बल्कि खर्च की गई धनराशि की वसूली का भी प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि लोकनायक जयप्रकाश नारायण जैसे महापुरुष के नाम पर इससे बड़ा अपमान नहीं हो सकता और उनकी स्मृति को अब सही ढंग से जीवंत किया जाएगा।
योगी ने यह भी कहा कि प्रदेश सरकार अपराध, बेईमानी और भ्रष्टाचार के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है।
वीरांगना अवंतीबाई लोधी प्रतिमा का लोकार्पण
मुख्यमंत्री रक्षामंत्री राजनाथ सिंह के साथ वीरांगना अवंतीबाई लोधी की भव्य अश्वारोही प्रतिमा के लोकार्पण के बाद जनसमूह को संबोधित कर रहे थे। यह कार्यक्रम क्षत्रिय लोधी महासभा के तत्वावधान में आयोजित किया गया था।
योगी ने कहा कि अवंतीबाई लोधी ने मात्र 26 वर्ष की आयु में 1857 के प्रथम स्वातंत्र्य समर में नेतृत्व करते हुए अंग्रेजों को चुनौती दी थी। उनके सम्मान में अलीगढ़ में एक स्टेडियम का निर्माण भी कराया जा रहा है।
महिला सशक्तीकरण और घोषणाएँ
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि स्नातक अंतिम वर्ष की 50,000 बेटियों को रानी लक्ष्मीबाई के नाम पर स्कूटी प्रदान की जाएंगी। उन्होंने बताया कि 27, 28 और 29 अगस्त को महिलाओं को परिवहन निगम व सिटी बस सेवा में निशुल्क यात्रा की सुविधा दी गई। इसके अलावा, 60 वर्ष से अधिक आयु की प्रत्येक महिला को अब निगम की बसों में निशुल्क यात्रा की सुविधा स्थायी रूप से शुरू की गई है।
उन्होंने मिशन शक्ति अभियान का उल्लेख करते हुए कहा कि यह महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान, स्वाभिमान और स्वावलंबन से जुड़ा है। साथ ही उन्होंने तीन महिला बटालियनों — ऊदा देवी, झलकारी बाई और अवंतीबाई लोधी के नाम पर — के गठन का भी उल्लेख किया, जो लखनऊ, गोरखपुर और बदायूं में निर्माणाधीन हैं।
सपा पर तीखे प्रहार
योगी ने कहा कि सपा 'दंगों की बादशाह' रही है और कर्फ्यू उसकी पहचान। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली सरकार के दौरान खाली जमीनों पर कब्जे और महिलाओं में भय का माहौल था। उन्होंने यह भी कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के निधन पर सपा नेताओं ने एक शब्द की श्रद्धांजलि तक नहीं दी।
कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने सभी को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की अग्रिम शुभकामनाएं दीं और समाज की एकता व महापुरुषों के आदर्शों को आगे बढ़ाने की अपील की।