केसी त्यागी ने रालोद में लिया प्रवेश, जयंत चौधरी की मौजूदगी में हुआ स्वागत
सारांश
Key Takeaways
- केसी त्यागी ने राष्ट्रीय लोकदल में सदस्यता ग्रहण की।
- उनका जुड़ना रालोद के लिए एक नई शक्ति का प्रतीक है।
- जयंत चौधरी ने उनका स्वागत किया और इसे पार्टी के लिए फायदेमंद बताया।
- जदयू से दूरी बनाते हुए, त्यागी ने नए राजनीतिक अवसरों की ओर कदम बढ़ाया।
- रालोद में उनके अनुभव का बड़ा महत्व है।
नई दिल्ली, 22 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा में जाने के पश्चात, जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के वरिष्ठ नेता केसी त्यागी ने पार्टी से अपना संबंध समाप्त किया। अब उन्होंने राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) को ज्वाइन किया है।
रविवार को नई दिल्ली में, पूर्व जदयू नेता केसी त्यागी ने केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी की उपस्थिति में रालोद की सदस्यता ग्रहण की। इस मौके पर, दोनों नेताओं ने एक मंच पर एकत्रित होकर विचार साझा किए।
रालोद के अध्यक्ष जयंत चौधरी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा कि राष्ट्रीय लोकदल के परिवार में वरिष्ठ एवं अनुभवी नेता, पूर्व सांसद केसी त्यागी और पूर्व मंत्री अशोक यादव का स्वागत है।
उन्होंने बताया कि उन्हें दिल्ली के मावलंकर हॉल में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में औपचारिक स्वागत करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। केसी त्यागी के जुड़ने से राष्ट्रीय लोकदल और अधिक सशक्त बनेगा और जनसेवा के हमारे संकल्प को नई ऊर्जा मिलेगी।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा चुनाव जीतने के बाद, उनका उच्च सदन में जाना निश्चित हो गया है। इस बीच, उनके पुराने साथी और जदयू के वरिष्ठ नेता केसी त्यागी ने नीतीश कुमार से दूरी बनाते हुए जदयू की सदस्यता की अवधि समाप्त होने के बाद भी अपनी सदस्यता को नवीनीकरण नहीं कराया।
ज्ञात हो कि जदयू की स्थापना 30 अक्टूबर 2003 को समता पार्टी और जनता दल के विलय से की गई थी। जॉर्ज फर्नांडिस पार्टी के अध्यक्ष थे और केसी त्यागी महासचिव के रूप में कार्यरत थे। त्यागी ने शरद यादव और नीतीश कुमार के साथ भी कई वर्षों तक कार्य किया है। वे जदयू के मुख्य महासचिव, मुख्य प्रवक्ता, और राजनीतिक सलाहकार के रूप में भी अपनी भूमिका निभा चुके हैं। केसी त्यागी को जदयू के वरिष्ठ नेताओं में प्रमुख माना जाता था और ये नीतीश कुमार के करीबी सहयोगियों में शामिल रहते थे।