30 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

खंडवा में श्री धूनी वाले दादाजी धाम निर्माण तेज, मकराना से चुना जाएगा विशेष संगमरमर

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
खंडवा में श्री धूनी वाले दादाजी धाम निर्माण तेज, मकराना से चुना जाएगा विशेष संगमरमर

सारांश

मध्य प्रदेश के खंडवा में भव्य श्री धूनी वाले दादाजी धाम के निर्माण ने रफ्तार पकड़ ली है। 22 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने मकराना में 15 संगमरमर विक्रेताओं का निरीक्षण किया, जिनमें से 7 को शॉर्टलिस्ट किया गया है। गुरु पूर्णिमा से पहले अंतिम सप्लायर तय करने का लक्ष्य है।

मुख्य बातें

मध्य प्रदेश के खंडवा में श्री धूनी वाले दादाजी धाम के निर्माण कार्य ने तेज़ गति पकड़ी।
22 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने राजस्थान के मकराना में 15 संगमरमर विक्रेताओं का निरीक्षण किया।
प्रारंभिक चरण में 7 विक्रेताओं को शॉर्टलिस्ट किया गया; अंततः 3 अंतिम सप्लायर्स चुने जाएँगे।
चुने गए 5 विक्रेताओं को 5 जुलाई तक नमूना पिलर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
गुरु पूर्णिमा से पहले सप्लायर्स के साथ दरें और शर्तें अंतिम रूप देने का लक्ष्य।
दादाजी धूनीवाले के नाम पर देश-विदेश में कुल 27 धाम हैं; खंडवा का दादा दरबार सबसे प्रमुख।

मध्य प्रदेश के खंडवा में निर्माणाधीन भव्य श्री धूनी वाले दादाजी धाम के निर्माण कार्य ने अब उल्लेखनीय गति पकड़ ली है। इस परियोजना को देश के प्रमुख धार्मिक केंद्रों में से एक के रूप में विकसित किया जा रहा है, और इसके लिए राजस्थान के मकराना से उच्च कोटि का संगमरमर लाने की प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है।

मकराना दौरे का उद्देश्य

मंदिर निर्माण समिति के सदस्यों, जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों सहित एक 22 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल हाल ही में मकराना पहुँचा। इस दौरे का प्रमुख उद्देश्य मंदिर निर्माण के लिए सर्वोत्तम गुणवत्ता वाले संगमरमर का चयन करना था। प्रतिनिधिमंडल ने वहाँ करीब 15 संगमरमर विक्रेताओं का विस्तृत निरीक्षण किया।

चयन प्रक्रिया और अगले चरण

खंडवा के सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल ने बताया कि प्रत्येक विक्रेता के यहाँ जाकर संगमरमर की गुणवत्ता, मूल्य और तकनीकी पहलुओं का गहन मूल्यांकन किया गया। प्रारंभिक चरण में 15 में से 7 विक्रेताओं को सूची में रखा गया है। इनमें से अंततः 3 अंतिम सप्लायर्स का चयन किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्णय केवल कीमत के आधार पर नहीं, बल्कि गुणवत्ता और निर्माण की आवश्यकताओं को प्राथमिकता देते हुए लिया जाएगा।

सांसद पाटिल के अनुसार, चयनित विक्रेताओं में से 5 लोगों को 5 जुलाई तक मंदिर के नमूना पिलर तैयार कर प्रस्तुत करने को कहा गया है। इन पिलरों की गुणवत्ता, डिज़ाइन और लागत का मूल्यांकन करने के बाद ही अंतिम दरें और शर्तें तय की जाएँगी।

गुरु पूर्णिमा से पहले अंतिम निर्णय का लक्ष्य

सांसद ने बताया कि प्रयास है कि गुरु पूर्णिमा से पहले सप्लायर्स के साथ दरों और आवश्यक प्रक्रियाओं को अंतिम रूप दे दिया जाए, जिससे मंदिर निर्माण कार्य को और अधिक गति मिल सके।

दादा दरबार का महत्व

दादा दरबार मध्य प्रदेश के निमाड़ क्षेत्र के खंडवा में स्थित एक प्रसिद्ध हिंदू तीर्थस्थल है। यह मंदिर दादाजी धूनीवाले की समाधि पर बना हुआ है। देश और विदेशों में दादाजी के लाखों श्रद्धालु हैं। दादाजी धूनीवाले के नाम पर भारत और विदेशों में कुल 27 धाम स्थापित हैं, जिनमें खंडवा का दादा दरबार सर्वाधिक प्रमुख माना जाता है।

यह निर्माण परियोजना न केवल निमाड़ क्षेत्र की धार्मिक पहचान को नया आयाम देगी, बल्कि यहाँ आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या में भी उल्लेखनीय वृद्धि की संभावना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि निमाड़ क्षेत्र की धार्मिक पर्यटन अर्थव्यवस्था को पुनर्परिभाषित करने का प्रयास है। मकराना संगमरमर का चयन — जो ताजमहल में भी प्रयुक्त हुआ — स्पष्ट करता है कि यह परियोजना गुणवत्ता में कोई समझौता नहीं करना चाहती। हालाँकि, गुरु पूर्णिमा जैसी धार्मिक समयसीमा से बँधी प्रक्रियाएँ अक्सर प्रशासनिक निर्णयों पर दबाव बनाती हैं — यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि गुणवत्ता-केंद्रित चयन प्रक्रिया इस समयसीमा के दबाव में कितनी अक्षुण्ण रहती है।
RashtraPress
30 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

श्री धूनी वाले दादाजी धाम खंडवा कहाँ स्थित है और इसका क्या महत्व है?
श्री धूनी वाले दादाजी धाम मध्य प्रदेश के निमाड़ क्षेत्र के खंडवा में स्थित है। यह दादाजी धूनीवाले की समाधि पर बना हिंदू तीर्थस्थल है, जहाँ देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु आते हैं। दादाजी के नाम पर भारत और विदेशों में कुल 27 धाम हैं, जिनमें खंडवा का दादा दरबार सर्वाधिक प्रमुख माना जाता है।
मंदिर निर्माण के लिए मकराना से संगमरमर क्यों मँगाया जा रहा है?
मकराना राजस्थान में स्थित है और अपने उच्च गुणवत्ता वाले सफेद संगमरमर के लिए विश्वप्रसिद्ध है। 22 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने वहाँ 15 विक्रेताओं का निरीक्षण कर गुणवत्ता, मूल्य और तकनीकी पहलुओं का मूल्यांकन किया। मंदिर समिति का स्पष्ट निर्देश है कि चयन केवल कीमत नहीं, बल्कि गुणवत्ता के आधार पर होगा।
संगमरमर सप्लायर के चयन की प्रक्रिया कब तक पूरी होगी?
5 जुलाई तक शॉर्टलिस्टेड 5 विक्रेताओं से नमूना पिलर प्रस्तुत करवाए जाएँगे। इनके मूल्यांकन के बाद 3 अंतिम सप्लायर्स तय होंगे और गुरु पूर्णिमा से पहले दरें व शर्तें अंतिम रूप दी जाएँगी।
खंडवा दादाजी धाम निर्माण में कौन-कौन शामिल हैं?
इस परियोजना में खंडवा के सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल, मंदिर निर्माण समिति के सदस्य और प्रशासनिक अधिकारी शामिल हैं। 22 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने मकराना दौरा कर संगमरमर चयन की प्रक्रिया आगे बढ़ाई है।
इस धाम को देश के बड़े धार्मिक केंद्रों में क्यों गिना जा रहा है?
दादाजी धूनीवाले के नाम पर देश-विदेश में 27 धाम हैं और उनके लाखों अनुयायी हैं। खंडवा का दादा दरबार इनमें सबसे प्रमुख है। इस भव्य धाम परियोजना का उद्देश्य इसे देश के सबसे बड़े धार्मिक केंद्रों में से एक के रूप में विकसित करना है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 सप्ताह पहले
  2. 4 सप्ताह पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 2 महीने पहले
  6. 2 महीने पहले
  7. 4 महीने पहले
  8. 8 महीने पहले