खड़गे के विवादित बयान पर तेजस्वी यादव बोले — 'बात का बतंगड़ बनाया जा रहा है'
सारांश
मुख्य बातें
बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नेता तेजस्वी यादव ने 26 अक्टूबर 2026 को पटना में मीडिया से बातचीत के दौरान कहा कि कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के विवादित बयान को लेकर 'छोटी सी बात का बतंगड़ बनाया जा रहा है।' प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ खड़गे के बयान पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेताओं द्वारा माफी की माँग के बीच तेजस्वी का यह बयान सियासी गलियारों में चर्चा का विषय बन गया है।
तेजस्वी यादव का आरोप — सरकार की प्राथमिकताएँ गलत
तेजस्वी यादव ने बिहार की सत्तारूढ़ सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि 'सरकार में बैठे लोग शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, सिंचाई और जनता की समस्याओं के समाधान पर बिल्कुल ध्यान नहीं दे रहे हैं।' उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार में अपराध और भ्रष्टाचार के मामले लगातार बढ़ रहे हैं, फिर भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही। 'डबल इंजन' की सरकार को तेजस्वी ने 'ठगी की सरकार' करार देते हुए कहा कि सत्ता में बैठे लोग जनता को ठगने का काम कर रहे हैं।
अनंत सिंह प्रकरण और तेजस्वी की 'भविष्यवाणियाँ'
मोकामा विधायक अनंत सिंह के खिलाफ की गई कार्रवाई का ज़िक्र करते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि जब विश्वास मत चल रहा था, तब राजद के तीन विधायकों — नीलम देवी, आनंद मोहन के बेटे और प्रह्लाद यादव — ने सरकार का समर्थन किया था। उन्होंने दावा किया कि उस समय ही चेतावनी दे दी गई थी कि इसके परिणाम भुगतने पड़ेंगे।
तेजस्वी के अनुसार, 'आज आनंद मोहन परेशान हैं, प्रह्लाद यादव को टिकट तक नहीं मिला, और अनंत सिंह के साथ जो हुआ वह सबके सामने है।' उन्होंने यह भी कहा कि उनकी यह भविष्यवाणी भी सच साबित हुई कि 'नीतीश कुमार अचेत अवस्था में हैं' और चुनावों में केवल उनका चेहरा इस्तेमाल किया गया। उन्होंने आगे दावा किया कि उनकी यह भविष्यवाणी भी सही साबित हो रही है कि 'जनता दल (यूनाइटेड) खत्म हो जाएगी।'
कांग्रेस और विपक्षी दलों का बचाव
खड़गे के बयान को लेकर कांग्रेस नेता दानिश अली ने कहा कि 'खड़गे साहब के पूरे बयान के संदर्भ को समझना चाहिए।' उनके अनुसार, 'जो कोई भी वोट चुराकर सरकार बनाने में शामिल है, उसके खिलाफ कार्रवाई होगी और वह जेल जाएगा।' उन्होंने स्पष्ट किया कि राहुल गांधी के नेतृत्व में 'वोट चोरी' के खिलाफ जो लड़ाई लड़ी जा रही है, उसे भटकाया नहीं जा सकता।
तृणमूल कांग्रेस (TMC) सांसद सौगत रॉय ने भी खड़गे का बचाव किया। रॉय ने कहा, 'खड़गे एक वरिष्ठ नेता हैं और उनकी उम्र 83 साल है। बैठक के दौरान किसी ने उनसे कुछ कहा, तो उन्होंने प्रतिक्रिया दी — इसमें गलत क्या है?'
BJP की माँग और सियासी पृष्ठभूमि
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेताओं ने खड़गे से सार्वजनिक माफी की माँग की है। यह ऐसे समय में आया है जब इंडिया गठबंधन के भीतर तालमेल को लेकर भी सवाल उठते रहे हैं। गौरतलब है कि खड़गे के बयान ने न केवल सत्तापक्ष को, बल्कि गठबंधन के सहयोगी दलों को भी प्रतिक्रिया देने पर मजबूर किया — जो विपक्षी एकता की जटिलता को उजागर करता है।
आगे क्या होगा
इस पूरे प्रकरण से यह स्पष्ट है कि बिहार की राजनीति में विधानसभा चुनाव की आहट के बीच विपक्षी खेमे में बयानबाज़ी और आंतरिक तनाव दोनों बढ़ रहे हैं। तेजस्वी यादव की आक्रामक टिप्पणियाँ और गठबंधन दलों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएँ आने वाले दिनों में सियासी समीकरणों को और जटिल बना सकती हैं।