कोलकाता पुलिस में बड़ा फेरबदल: 18 इंस्पेक्टरों का तबादला, भवानीपुर OC की दोहरी जिम्मेदारी
सारांश
मुख्य बातें
कोलकाता पुलिस ने 1 अगस्त 2026 को एक व्यापक प्रशासनिक फेरबदल के तहत शहर के विभिन्न पुलिस स्टेशनों और यूनिट्स में तैनात 18 इंस्पेक्टरों का तबादला किया है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने शनिवार को इसकी पुष्टि की। यह फेरबदल पश्चिम बंगाल में 14 जुलाई को हुए 33 आईपीएस अधिकारियों के बड़े प्रशासनिक बदलाव के कुछ ही हफ्तों बाद आया है।
मुख्य नियुक्तियाँ और बदलाव
कोलकाता पुलिस कमिश्नर अजय नंद के आदेश के अनुसार, सौमित्र बसु को दक्षिण कोलकाता के भवानीपुर पुलिस स्टेशन का ऑफिसर-इन-चार्ज (OC) पुनः नियुक्त किया गया है। उल्लेखनीय है कि शुक्रवार को ही उन्हें असिस्टेंट कमिश्नर (AC) के पद पर पदोन्नत किया गया था, परंतु लालबाजार स्थित पुलिस मुख्यालय ने उन्हें नए पद पर रहते हुए भी भवानीपुर स्टेशन का कामकाज संभालने का निर्देश दिया है।
इससे पहले इस वर्ष विधानसभा चुनावों से पूर्व बसु को भवानीपुर का इंचार्ज बनाया गया था, जिसके बाद उनका तबादला कोलकाता पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) में किया गया था। अब हालिया फेरबदल में भवानीपुर के पूर्व OC राजीव चटर्जी को STF में इंस्पेक्टर के रूप में तैनात किया गया है।
अन्य प्रमुख तबादले
ट्रैफिक पुलिस से सायन बिस्वास को मेटियाब्रुज पुलिस स्टेशन का नया OC नियुक्त किया गया है। रवींद्र सरोवर पुलिस स्टेशन में एडिशनल OC के रूप में कार्यरत प्रतीक मुर्मू को गार्डन रीच पुलिस स्टेशन का OC बनाया गया है।
मेटियाब्रुज पुलिस स्टेशन के एडिशनल OC सुरजीत भट्टाचार्य को हेयर स्ट्रीट पुलिस स्टेशन में एडिशनल OC के तौर पर भेजा गया है। एनफोर्समेंट ब्रांच (EB) के दीपक बसाक को न्यू अलीपुर पुलिस स्टेशन का एडिशनल OC नियुक्त किया गया है। इसके अलावा स्टेशन स्तर पर कई अन्य महत्त्वपूर्ण पदों पर भी बदलाव किए गए हैं।
पृष्ठभूमि: आईपीएस फेरबदल से जुड़ा संदर्भ
यह ताज़ा फेरबदल पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा 14 जुलाई को किए गए 33 आईपीएस अधिकारियों के व्यापक तबादले की कड़ी में देखा जा रहा है। उस बदलाव में आईपीएस अधिकारी सुप्रतिम सरकार को क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन डिपार्टमेंट (CID) के एडिशनल डायरेक्टर जनरल (ADG) और राज्य इंटेलिजेंस प्रमुख के पद से हटाकर टेलीकम्युनिकेशंस के ADG पद पर भेजा गया था।
उनकी जगह करेक्शनल सर्विसेज के डायरेक्टर जनरल नटराजन रमेश बाबू को नया राज्य इंटेलिजेंस प्रमुख नियुक्त किया गया था। यह ऐसे समय में आया है जब राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति और पुलिस प्रशासन को लेकर राजनीतिक बहस तेज़ है।
आगे क्या
इन नियुक्तियों के बाद संबंधित अधिकारियों से तत्काल प्रभाव से कार्यभार संभालने की उम्मीद है। पुलिस प्रशासन में लगातार हो रहे इन बदलावों का असर ज़मीनी स्तर पर कानून-व्यवस्था की प्रभावशीलता पर किस हद तक पड़ता है, यह आने वाले हफ्तों में स्पष्ट होगा।