कृष्ण पाल गुर्जर का विपक्ष पर करारा प्रहार: 'यह भारत है, बांग्लादेश-नेपाल नहीं'
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय मंत्री कृष्ण पाल गुर्जर ने 3 नवंबर 2026 को पंजाब के गुरदासपुर में भारतीय जनता पार्टी (BJP) की 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' पदयात्रा में शिरकत करते हुए कांग्रेस समेत तमाम विपक्षी दलों पर देश में अराजकता फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि भारत में सत्ता परिवर्तन केवल जनादेश से होता है और कोई भी दल इस तथ्य को लेकर भ्रम न पाले।
पदयात्रा और मुख्य आरोप
गुर्जर ने बताया कि पूरे देश में BJP की ओर से 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' अभियान के अंतर्गत पदयात्राएँ आयोजित की जा रही हैं। गुरदासपुर में निकाली गई इस पदयात्रा में हज़ारों की संख्या में समर्थक शामिल हुए।
उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और सहयोगी विपक्षी दल अराजकता का माहौल बनाकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आगे बढ़ते भारत की तरक्की में रोड़े अटकाना चाहते हैं। उनके अनुसार देश के भीतर और बाहर ऐसी ताकतें सक्रिय हैं जिन्हें आर्थिक शक्ति बनते भारत और उसकी सुदृढ़ होती विरासत से परेशानी है।
विपक्ष को सीधी चेतावनी
गुर्जर ने कहा, 'इस देश में दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है। यहाँ कभी भी सत्ता परिवर्तन हुआ है तो जनादेश के ज़रिए हुआ है, लोगों के वोट से हुआ है। ये भारत है, ये बांग्लादेश-नेपाल नहीं है, इसलिए वो गलतफहमी न पालें।' उन्होंने यह भी कहा कि विपक्षी दल इस समय हताश और निराश हैं क्योंकि वे जानते हैं कि मतपेटी के ज़रिए सत्ता पाना उनके लिए संभव नहीं है।
संविधान और चुनावी प्रक्रिया पर आरोप
केंद्रीय मंत्री ने कांग्रेस पर संविधान की आत्मा से खिलवाड़ करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विपक्षी दलों के हाथ में संविधान की प्रति ज़रूर है, लेकिन उनके दिल में संविधान के प्रति सम्मान नहीं है। उनके अनुसार कांग्रेस और उसके साझेदारों ने सत्ता में रहते हुए सर्वोच्च न्यायालय के फैसलों की अनदेखी की और संवैधानिक संस्थाओं पर हमले किए।
विपक्ष के वोट-चोरी के आरोपों पर पलटवार करते हुए गुर्जर ने दावा किया कि एक दौर में उत्तर प्रदेश और बिहार में मतपेटियाँ लूटी जाती थीं और निहत्थे मतदाताओं की हत्याएँ तक होती थीं। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार के दौर में बिहार और बंगाल समेत कई राज्यों में सम्पन्न हुए चुनावों में एक भी बूथ पर पुनर्मतदान की नौबत नहीं आई।
पंजाब में नशे और भय का मुद्दा
गुर्जर ने पंजाब की स्थिति पर गहरी चिंता जताई और कांग्रेस तथा आम आदमी पार्टी (AAP) दोनों को कटघरे में खड़ा किया। उनके अनुसार कांग्रेस ने पंजाब को नशे की गिरफ्त में धकेला और AAP सरकार ने हालात को और बिगाड़ दिया। उन्होंने कहा कि आज राज्य में नशे की समस्या गंभीर है और लोग भय के साये में जी रहे हैं।
BJP का संकल्प और आगे की राह
केंद्रीय मंत्री ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के वादों का हवाला देते हुए कहा कि BJP सरकार ने नक्सलवाद, अनुच्छेद 370 और तीन तलाक जैसे संवेदनशील मुद्दों पर निर्णायक कदम उठाकर अपने संकल्प पूरे किए हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि उसी तर्ज़ पर पंजाब को भी नशामुक्त और भयमुक्त बनाया जाएगा। यह ऐसे समय में आया है जब राज्य में अगले विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मियाँ तेज़ होने लगी हैं।