नासिक कुंभ मेला: मंत्री योगेश कदम बोले — खर्च का तीन गुना वापस मिलता है, आर्थिक गतिविधियों को मिलती है रफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
महाराष्ट्र सरकार के मंत्री योगेश कदम ने बुधवार, 26 अगस्त को मुंबई में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि नासिक कुंभ मेला न केवल आस्था का केंद्र है, बल्कि यह स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी बड़ा बल देता है। उनके अनुसार, मेले के आयोजन पर जो भी राशि खर्च होती है, उसका तीन गुना हिस्सा आर्थिक गतिविधियों के रूप में वापस प्राप्त होता है।
कुंभ मेले का आर्थिक महत्व
मंत्री कदम ने स्पष्ट किया कि कुंभ मेले में महाराष्ट्र ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया से श्रद्धालु आते हैं। इस आयोजन से स्थानीय व्यापारियों, छोटे उद्यमियों और सेवा क्षेत्र को सीधा लाभ मिलता है। उन्होंने कहा कि इसीलिए मेले के लिए आवंटित फंड न केवल उचित है, बल्कि आवश्यक भी है।
सुरक्षा व्यवस्था पर जोर
मंत्री ने कहा कि यदि कुंभ मेले का आयोजन सुचारू ढंग से नहीं किया गया तो हादसों की आशंका बढ़ जाती है। उन्होंने प्रयागराज कुंभ का व्यक्तिगत अनुभव साझा करते हुए बताया कि जब वे स्वयं वहाँ गए थे, तो किसी भी प्रकार का कुप्रबंधन नहीं था और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में थी। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि बड़े धार्मिक आयोजनों में सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त रखना सरकार की प्राथमिकता है।
सर्वोच्च न्यायालय की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया
जब मंत्री कदम से सर्वोच्च न्यायालय के एक न्यायाधीश की नासिक कुंभ मेले पर की गई कथित टिप्पणी के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा कि उन्हें इस विषय में विस्तृत जानकारी नहीं है। हालाँकि, उन्होंने यह अवश्य कहा कि सर्वोच्च न्यायालय द्वारा स्कूलों के संदर्भ में जो बिंदु उठाए गए हैं, उन पर सरकार काम कर रही है।
एमपीएससी पेपर लीक मामले पर सख्त रुख
मंत्री कदम ने महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग (MPSC) पेपर लीक प्रकरण पर भी अपना पक्ष रखा। उन्होंने बताया कि मुंबई क्राइम ब्रांच ने प्रारंभिक जाँच पूरी कर ली है और जो भी आरोपी सामने आए हैं, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने आश्वासन दिया कि सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि भविष्य में इस प्रकार की घटना दोबारा न हो।
राजनीतिक प्रतिक्रिया
कांग्रेस पर निशाना साधते हुए मंत्री कदम ने कहा कि कांग्रेस ने कभी हिंदुत्व से जुड़े विषयों को प्राथमिकता नहीं दी, इसलिए उनसे यह अपेक्षा रखना उचित नहीं है कि वे कुंभ मेले जैसे आयोजनों के महत्व को समझें। आगे चलकर सरकार मेले की तैयारियों को और सुदृढ़ करने की दिशा में काम करती रहेगी।