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लद्दाख के सातों जिलों में स्वायत्त विकास परिषद: BJP सांसद तरुण चुघ ने सराहा केंद्र का फैसला

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लद्दाख के सातों जिलों में स्वायत्त विकास परिषद: BJP सांसद तरुण चुघ ने सराहा केंद्र का फैसला

सारांश

केंद्र सरकार ने लद्दाख के सातों जिलों में स्वायत्त विकास परिषद गठित करने का फैसला किया है — BJP सांसद तरुण चुघ ने इसे ऐतिहासिक बताया। साथ ही उन्होंने अंकित शर्मा हत्याकांड में ताहिर हुसैन की सजा पर AAP और कांग्रेस को घेरा।

मुख्य बातें

केंद्र सरकार ने लद्दाख के सातों जिलों में ऑटोनोमस डेवलपमेंट काउंसिल गठित करने का फैसला किया।
BJP सांसद तरुण चुघ ने इसे PM मोदी और गृह मंत्री अमित शाह की दूरदर्शिता का प्रमाण बताया।
चुघ के अनुसार इस पहल से लद्दाख में युवाओं को रोजगार, बेहतर प्रशासन और जनभागीदारी मिलेगी।
अंकित शर्मा हत्याकांड में ताहिर हुसैन को दोषी ठहराए जाने के फैसले को चुघ ने न्याय की जीत बताया।
चुघ ने AAP के अरविंद केजरीवाल से ताहिर हुसैन को राजनीतिक संरक्षण देने पर सार्वजनिक माफी मांगने की मांग की।
राहुल गांधी और सोनिया गांधी पर आरोप — पीड़ितों के बजाय आरोपी के पक्ष में माहौल बनाने का।

भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सांसद तरुण चुघ ने 14 जुलाई 2026 को केंद्र सरकार के उस फैसले का स्वागत किया, जिसके तहत लद्दाख के सातों जिलों में ऑटोनोमस डेवलपमेंट काउंसिल (स्वायत्त विकास परिषद) गठित की जाएंगी। उन्होंने इसे सीमावर्ती क्षेत्रों के समग्र विकास की दिशा में एक दूरदर्शी और ऐतिहासिक पहल बताया।

मुख्य घटनाक्रम

चुघ ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में लिया गया यह निर्णय दशकों से विकास की मुख्यधारा से कटे दूर-दराज के इलाकों को जोड़ने का काम करेगा। उनके अनुसार, स्थानीय जनप्रतिनिधियों की भागीदारी बढ़ाना और प्रशासन को आम जनता के निकट लाना इस पहल का मूल उद्देश्य है।

सांसद ने यह भी कहा कि इस कदम से लद्दाख में युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर उत्पन्न होंगे, प्रशासनिक तंत्र अधिक प्रभावी बनेगा और जनता तक शासन की पहुंच सुदृढ़ होगी। उनके अनुसार यह निर्णय लद्दाख के सांस्कृतिक संरक्षण और जनभागीदारी के एक नए अध्याय की शुरुआत करता है।

अंकित शर्मा हत्याकांड पर प्रतिक्रिया

इसी बातचीत में चुघ ने अंकित शर्मा हत्याकांड में अदालत द्वारा ताहिर हुसैन को दोषी ठहराए जाने के फैसले पर भी अपनी राय रखी। उन्होंने इसे न्याय, संविधान और कानून के शासन की जीत बताया। उनका कहना था कि इस फैसले से यह स्पष्ट संदेश गया है कि आरोपी कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो, कानून के सामने जवाब देना ही पड़ेगा।

चुघ ने आम आदमी पार्टी (AAP) और उसके राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल पर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्हें यह स्पष्ट करना चाहिए कि तत्कालीन पार्षद ताहिर हुसैन को राजनीतिक संरक्षण क्यों दिया गया। उन्होंने केजरीवाल से दिल्ली की जनता से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की।

विपक्ष पर निशाना

BJP सांसद ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी, सोनिया गांधी और अन्य विपक्षी नेताओं पर भी सवाल उठाए। उनका आरोप था कि इन नेताओं ने पीड़ितों के बजाय आरोपियों के पक्ष में माहौल बनाने का प्रयास किया। चुघ ने कहा कि दोष सिद्ध होने के बाद भी ताहिर हुसैन का बचाव करना न्यायपालिका और कानून के शासन का अपमान है।

उन्होंने कहा कि BJP दिल्ली दंगों के पीड़ित परिवारों को पूर्ण न्याय दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है और इस दिशा में हर संभव कदम उठाया जाएगा।

आगे क्या

लद्दाख के सातों जिलों में स्वायत्त विकास परिषदों के गठन की प्रक्रिया और इसका क्रियान्वयन-ढांचा अभी स्पष्ट किया जाना बाकी है। विशेषज्ञों का मानना है कि इन परिषदों की प्रभावशीलता इस बात पर निर्भर करेगी कि उन्हें कितने वित्तीय और प्रशासनिक अधिकार दिए जाते हैं। यह कदम लद्दाख की जनता की लंबे समय से चली आ रही स्वायत्त प्रतिनिधित्व की मांग की दिशा में एक महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली सवाल यह है कि इन परिषदों को कितने वित्तीय और विधायी अधिकार दिए जाएंगे — क्योंकि बिना वास्तविक शक्तियों के ये ढांचे महज प्रतीकात्मक बनकर रह जाते हैं। 2019 में अनुच्छेद 370 हटाने के बाद लद्दाख की जनता की राज्य का दर्जा और पूर्ण विधानसभा की मांग अभी भी अनुत्तरित है — इस पृष्ठभूमि में ये परिषदें उस मांग का विकल्प हैं या पूरक, यह स्पष्ट नहीं। अंकित शर्मा हत्याकांड पर BJP की प्रतिक्रिया राजनीतिक रूप से तीखी है, किंतु यह बयान एक सांसद का है — न्यायिक फैसले की व्याख्या और राजनीतिक जवाबदेही की मांग के बीच की रेखा पाठकों को स्वयं खींचनी होगी।
RashtraPress
15 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

लद्दाख में ऑटोनोमस डेवलपमेंट काउंसिल क्या है?
ऑटोनोमस डेवलपमेंट काउंसिल (स्वायत्त विकास परिषद) एक स्थानीय शासन निकाय है जो किसी जिले या क्षेत्र के विकास कार्यों, सांस्कृतिक संरक्षण और जनप्रतिनिधित्व के लिए अधिकृत होती है। केंद्र सरकार ने लद्दाख के सातों जिलों में ऐसी परिषदें गठित करने का फैसला किया है, जिससे स्थानीय स्तर पर प्रशासनिक भागीदारी बढ़ेगी।
लद्दाख के सातों जिलों में स्वायत्त परिषद बनाने का फैसला क्यों महत्वपूर्ण है?
लद्दाख 2019 से केंद्र शासित प्रदेश है और वहां विधानसभा नहीं है। ऐसे में स्वायत्त विकास परिषदें स्थानीय जनता को शासन में प्रतिनिधित्व देने का एक माध्यम बन सकती हैं। BJP सांसद तरुण चुघ के अनुसार इससे युवाओं को रोजगार और सीमावर्ती क्षेत्रों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने में मदद मिलेगी।
अंकित शर्मा हत्याकांड में ताहिर हुसैन को दोषी क्यों ठहराया गया?
अदालत ने ताहिर हुसैन को 2020 के दिल्ली दंगों के दौरान खुफिया ब्यूरो (IB) के अधिकारी अंकित शर्मा की हत्या के मामले में दोषी ठहराया है। BJP सांसद तरुण चुघ ने इस फैसले को न्याय की जीत बताया और विपक्षी दलों से जवाबदेही की मांग की।
तरुण चुघ ने AAP और अरविंद केजरीवाल पर क्या आरोप लगाए?
चुघ ने आरोप लगाया कि AAP और उसके राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने तत्कालीन पार्षद ताहिर हुसैन को राजनीतिक संरक्षण दिया। उन्होंने केजरीवाल से दिल्ली की जनता से सार्वजनिक माफी मांगने की मांग की।
लद्दाख में स्वायत्त विकास परिषदों का गठन कब तक होगा?
अभी तक केंद्र सरकार ने इन परिषदों के गठन की समयसीमा और क्रियान्वयन-ढांचे का विस्तृत ब्यौरा सार्वजनिक नहीं किया है। BJP सांसद तरुण चुघ के बयान के अनुसार यह फैसला लिया जा चुका है, लेकिन प्रक्रिया की जानकारी आना अभी बाकी है।
राष्ट्र प्रेस
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