सीएम मोहन यादव का ऐलान: MP के 2 करोड़ युवाओं के सपने साकार करेगी सरकार, 2027 होगा युवा शक्ति को समर्पित
सारांश
मुख्य बातें
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 11 जुलाई 2026 को इंदौर के ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में आयोजित 'माय यूथ-माय प्राइड कॉन्क्लेव' के उद्घाटन सत्र में घोषणा की कि राज्य सरकार प्रदेश के 2 करोड़ से अधिक युवाओं के सपनों को साकार करने के लिए हर संभव प्रयास करेगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वर्ष 2027 पूरी तरह प्रदेश की युवा शक्ति को समर्पित रहेगा।
मुख्य घोषणाएँ और संकल्प
मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि प्रदेश के 2 करोड़ युवा विकसित भारत 2047 के निर्माण में सहभागी बनते हुए मध्य प्रदेश की समृद्धि के सूत्रधार बनेंगे। उन्होंने कहा, 'राष्ट्र के नवनिर्माण में युवा शक्ति की प्रतिभा को निखारने के लिए हम प्रतिबद्धतापूर्वक कार्य कर रहे हैं।' युवाओं के समग्र कल्याण और रोज़गार के अधिकाधिक अवसर सुनिश्चित करने के लिए सरकार सभी ज़रूरी कदम उठाने का वचन दिया।
कौशल उन्नयन और प्रशिक्षण पर ज़ोर
सीएम ने बताया कि राज्य सरकार युवाओं को हुनरमंद बनाने के लिए संत रविदास ग्लोबल स्किल पार्क जैसे कौशल उन्नयन संस्थानों के माध्यम से विशेष प्रशिक्षण दे रही है। उन्होंने रेखांकित किया कि दुनिया की सबसे बड़ी युवा पीढ़ी भारत में है और यही युवा अपनी क्षमता, दक्षता, उद्यमशीलता और जोखिम लेने के साहस से नए विकसित भारत का निर्माण करेंगे।
डिजिटल कंटेंट क्रिएटर्स को सम्मान
मध्य प्रदेश यूथ कॉन्क्लेव-2026 के दौरान मुख्यमंत्री यादव ने प्रदेश के डिजिटल कंटेंट क्रिएटर्स के साथ संवाद किया और युवाओं के उत्थान तथा जन-जागरूकता में उनके योगदान की सराहना की। उन्होंने प्रदेश के डिजिटल इन्फ्लुएंसर्स को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से 'डिजिटल कंटेंट अवॉर्ड' प्रदान किए जाने की घोषणा की।
डिजिटल युग में युवाओं की भूमिका
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का युवा केवल कंटेंट नहीं बना रहा, बल्कि विचारों को दिशा दे रहा है, समाज को जोड़ रहा है और नई पीढ़ी की आकांक्षाओं को स्वर दे रहा है। उनके अनुसार, सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म आज समाज को दिशा देने का एक प्रभावी माध्यम बन चुके हैं। सकारात्मक और जिम्मेदार डिजिटल कंटेंट के ज़रिए युवा समाज में रचनात्मक परिवर्तन ला सकते हैं।
आगे की राह
यह कॉन्क्लेव ऐसे समय में आयोजित हुआ है जब मध्य प्रदेश सरकार युवा रोज़गार और कौशल विकास को अपनी प्राथमिकताओं में शामिल कर चुकी है। वर्ष 2027 को युवा शक्ति को समर्पित घोषित करने के साथ, राज्य सरकार से अपेक्षा है कि वह आने वाले महीनों में युवा-केंद्रित नीतियों और कार्यक्रमों की रूपरेखा पेश करे।