1 नवंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

पालघर में अतिवृष्टि से क्षतिग्रस्त सड़कों का निरीक्षण, मंत्री शिवेंद्रराजे भोसले ने दिए त्वरित मरम्मत के निर्देश

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
पालघर में अतिवृष्टि से क्षतिग्रस्त सड़कों का निरीक्षण, मंत्री शिवेंद्रराजे भोसले ने दिए त्वरित मरम्मत के निर्देश

सारांश

अतिवृष्टि से क्षतिग्रस्त सड़कों की हालत जाँचने मंत्री शिवेंद्रराजे भोसले खुद पालघर पहुँचे — मनोर से डहाणू तक तीन प्रमुख मार्गों का निरीक्षण किया और अधिकारियों को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण मरम्मत के कड़े निर्देश दिए।

मुख्य बातें

महाराष्ट्र के लोक निर्माण मंत्री शिवेंद्रराजे भोसले 1 अगस्त को अतिवृष्टि-प्रभावित पालघर जिले के दौरे पर पहुँचे।
मनोर–मासवण–पालघर , पालघर–सरावली–बोईसर और बोईसर–चिंचणी–डहाणू मार्गों का स्थलीय निरीक्षण किया गया।
डहाणू में लोक निर्माण विभाग की समीक्षा बैठक में सड़क परियोजनाओं, लंबित कार्यों और मरम्मत योजना पर चर्चा हुई।
मंत्री ने अधिकारियों को गुणवत्ता से समझौता किए बिना समयबद्ध मरम्मत और नागरिक सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।
हेमंत सवरा , दो विधायक, जिलाधिकारी डॉ.
इंदु रानी जाखड़ सहित कई वरिष्ठ अधिकारी निरीक्षण में उपस्थित रहे।

महाराष्ट्र के लोक निर्माण मंत्री शिवेंद्रराजे भोसले शनिवार, 1 अगस्त को पालघर जिले पहुँचे और हाल की अतिवृष्टि से बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुई सड़कों का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को मरम्मत कार्यों में तेज़ी लाने, गुणवत्ता सुनिश्चित करने और नागरिकों की सुरक्षित आवाजाही बहाल करने के स्पष्ट निर्देश दिए।

मुख्य मार्गों का स्थलीय जायज़ा

मंत्री भोसले ने मनोर–मासवण–पालघर, पालघर–सरावली–बोईसर तथा बोईसर–चिंचणी–डहाणू मार्गों का विस्तृत दौरा किया। इस दौरान उन्होंने सड़कों की वर्तमान स्थिति, बारिश से हुए नुकसान की सीमा, जारी विकास कार्यों की प्रगति और प्रस्तावित मरम्मत योजनाओं का आकलन किया। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि क्षतिग्रस्त मार्गों को प्राथमिकता के आधार पर दुरुस्त किया जाए ताकि यातायात सामान्य रह सके।

वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति

निरीक्षण के दौरान सांसद डॉ. हेमंत सवरा, विधायक निरंजन डावखरे, विधायक विलास तरे, जिलाधिकारी डॉ. इंदु रानी जाखड़, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मनोज रानाडे, पुलिस अधीक्षक यतीश देशमुख तथा लोक निर्माण विभाग के कार्यकारी अभियंता किनी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। यह उपस्थिति दर्शाती है कि राज्य और स्थानीय प्रशासन दोनों स्तरों पर इस मुद्दे को गंभीरता से लिया जा रहा है।

डहाणू में समीक्षा बैठक

निरीक्षण के बाद डहाणू स्थित उपविभागीय अधिकारी कार्यालय के सभागार में लोक निर्माण विभाग की विशेष समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले की सड़क विकास परियोजनाओं, लंबित कार्यों, अतिवृष्टि से हुई क्षति, मरम्मत की प्रगति और आगामी कार्ययोजना पर विस्तृत चर्चा हुई। मंत्री ने स्पष्ट किया कि सभी विकास कार्य समयबद्ध ढंग से पूरे किए जाएँ और गुणवत्ता के साथ कोई समझौता स्वीकार्य नहीं होगा।

सरकार की प्रतिक्रिया

बैठक के बाद मंत्री शिवेंद्रराजे भोसले ने कहा कि राज्य सरकार पालघर जिले की सड़क अवसंरचना को सुदृढ़ बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सभी आवश्यक मरम्मत कार्य शीघ्र पूरे किए जाएँगे ताकि नागरिकों को सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण और निर्बाध यातायात सुविधा मिल सके। यह ऐसे समय में आया है जब महाराष्ट्र के तटीय और उत्तरी ज़िलों में मानसूनी बारिश ने सड़क संपर्क को बड़े पैमाने पर प्रभावित किया है।

आगे क्या होगा

अधिकारियों के अनुसार, प्राथमिकता वाले मार्गों पर मरम्मत कार्य तत्काल प्रभाव से शुरू करने के निर्देश दे दिए गए हैं। गौरतलब है कि पालघर जिला हर मानसून में भारी बारिश की चपेट में आता है, जिससे ग्रामीण और अर्ध-शहरी संपर्क मार्ग सबसे अधिक प्रभावित होते हैं। विभाग की अगली प्रगति रिपोर्ट शीघ्र प्रस्तुत किए जाने की उम्मीद है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली परीक्षा मरम्मत की गति और टिकाऊपन में होगी — पालघर जैसे तटीय जिलों में हर मानसून यही चक्र दोहराया जाता है। सवाल यह है कि क्या यह निरीक्षण दीर्घकालिक अवसंरचना सुधार की दिशा में कोई ठोस नीतिगत बदलाव लाएगा, या फिर बारिश थमते ही प्राथमिकताएँ भी बदल जाएँगी। गुणवत्ता और समयबद्धता के निर्देश हर साल दिए जाते हैं; इस बार विभाग की जवाबदेही तय करने वाला कोई सत्यापन तंत्र सार्वजनिक रूप से घोषित नहीं किया गया।
RashtraPress
1 नवंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मंत्री शिवेंद्रराजे भोसले पालघर क्यों गए?
हाल की अतिवृष्टि से पालघर जिले की कई प्रमुख सड़कें बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई थीं। मंत्री भोसले ने स्थलीय निरीक्षण कर नुकसान का आकलन किया और मरम्मत कार्यों में तेज़ी लाने के निर्देश दिए।
पालघर में किन मार्गों का निरीक्षण किया गया?
मंत्री ने मनोर–मासवण–पालघर, पालघर–सरावली–बोईसर और बोईसर–चिंचणी–डहाणू — तीन प्रमुख मार्गों का दौरा किया। इन मार्गों पर बारिश से हुए नुकसान, चल रहे विकास कार्य और प्रस्तावित मरम्मत की समीक्षा की गई।
डहाणू में आयोजित समीक्षा बैठक में क्या हुआ?
डहाणू के उपविभागीय अधिकारी कार्यालय में लोक निर्माण विभाग की समीक्षा बैठक हुई, जिसमें जिले की सड़क परियोजनाओं, लंबित कार्यों, अतिवृष्टि से हुई क्षति और आगामी कार्ययोजना पर विस्तृत चर्चा हुई। मंत्री ने सभी कार्य समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरे करने पर ज़ोर दिया।
पालघर की सड़कों की मरम्मत कब तक होगी?
अधिकारियों के अनुसार प्राथमिकता वाले मार्गों पर मरम्मत कार्य तत्काल शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। हालाँकि, किसी निश्चित समयसीमा की आधिकारिक घोषणा अभी तक सार्वजनिक नहीं की गई है।
पालघर में अतिवृष्टि से सड़कों को कितना नुकसान हुआ?
स्रोत में नुकसान की सटीक मौद्रिक या भौतिक सीमा का उल्लेख नहीं किया गया है। निरीक्षण के दौरान मंत्री और अधिकारियों ने क्षति का आकलन किया और मरम्मत की प्राथमिकताएँ तय कीं।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 सप्ताह पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 5 महीने पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले