समाजसेवी नंद किशोर गोयनका का 96 वर्ष की आयु में निधन, सुभाष चंद्रा के पिता को सीएम योगी-सुक्खू-भजनलाल ने दी श्रद्धांजलि
सारांश
मुख्य बातें
著名 समाजसेवक और एस्सेल ग्रुप के चेयरमैन डॉ. सुभाष चंद्रा के पिता नंद किशोर गोयनका का 13 जुलाई 2026 को 96 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनका जीवन विनम्रता, करुणा और सामुदायिक सेवा के प्रति गहरे समर्पण का प्रतीक था। उनके निधन की सूचना स्वयं डॉ. सुभाष चंद्रा ने सोशल मीडिया पर साझा की, जिसके बाद देशभर के नेताओं ने शोक व्यक्त किया।
परिवार का शोक संदेश
डॉ. सुभाष चंद्रा ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा कि उनके 'प्रिय पिता नंद किशोर गोयनका ने आज सुबह अंतिम सांस ली।' उन्होंने कहा कि पिता ने अपनी उदारता और सामुदायिक कल्याण के प्रति समर्पण के शांत कार्यों से अनेकों के जीवन को स्पर्श किया और 'करुणा तथा मानवता की विरासत' छोड़ गए हैं।
एस्सेल समूह ने भी आधिकारिक रूप से श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि स्वर्गीय गोयनका द्वारा अपनाए गए सिद्धांत 'आने वाली पीढ़ियों का मार्गदर्शन और प्रेरणा देते रहेंगे।'
अंतिम संस्कार की जानकारी
स्वर्गीय नंद किशोर गोयनका का अंतिम संस्कार उनके गृह नगर अग्रोहा, हिसार स्थित गोयनका उद्यान में 15 जुलाई को संपन्न किया जाएगा। हिसार हरियाणा का वह क्षेत्र है जहाँ गोयनका परिवार की गहरी जड़ें रही हैं।
राजनीतिक जगत की प्रतिक्रिया
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि 'पूर्व राज्यसभा सांसद एवं एस्सेल ग्रुप के चेयरमैन डॉ. सुभाष चंद्रा के पूज्य पिता समाजसेवी नंद किशोर गोयनका का निधन अत्यंत दुःखद है।' उन्होंने प्रभु श्री राम से दिवंगत आत्मा को शांति और परिजनों को धैर्य देने की प्रार्थना की।
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने अपने शोक संदेश में कहा कि 'ईश्वर दिवंगत की आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें और शोकाकुल परिवार को इस अपार दुख की घड़ी में धैर्य एवं संबल प्रदान करें।'
हरियाणा के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भी एक्स पर श्रद्धांजलि देते हुए लिखा कि 'परमपिता परमेश्वर से प्रार्थना है कि वे पुण्यात्मा को शांति प्रदान करें और इस कठिन समय में परिवारजनों व उनके शुभचिंतकों को यह असीम दु:ख सहने की शक्ति दें।'
नंद किशोर गोयनका की विरासत
स्वर्गीय नंद किशोर गोयनका को उनके सामाजिक कार्यों और मानवीय मूल्यों के लिए जाना जाता था। वे एस्सेल समूह के संस्थापक परिवार के स्तंभ थे और उनकी विनम्रता तथा सेवाभाव की समाज में गहरी छाप रही। उनके पुत्र डॉ. सुभाष चंद्रा पूर्व राज्यसभा सांसद और एस्सेल ग्रुप के चेयरमैन हैं, जो देश के प्रमुख मीडिया एवं व्यापारिक समूहों में से एक का नेतृत्व करते हैं।
परिवार के अनुसार, स्वर्गीय गोयनका की आत्मा की शांति और शोक संतप्त परिजनों को सहन-शक्ति के लिए देशभर से प्रार्थनाएँ आ रही हैं।