सेमीकंडक्टर से बनेगा विकसित भारत: BJP के गुरु प्रकाश बोले, धौलेरा प्लांट तैयार
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय प्रवक्ता गुरु प्रकाश ने 18 सितंबर 2026 को कहा कि नए दौर में विकसित भारत की नींव चिप और सेमीकंडक्टर से रखी जाएगी। उन्होंने यह बात प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस बयान के समर्थन में कही, जिसमें पीएम ने सेमीकॉन इंडिया 2026 के उद्घाटन के अवसर पर कहा था कि भारत की चिप इंडस्ट्री तेज़ी से आगे बढ़ रही है और भारतीय सेमीकंडक्टर दुनिया भर में निर्यात होंगे।
नेताओं ने क्या कहा
गुरु प्रकाश ने कहा, 'सेमीकंडक्टर आज के दौर में बहुत महत्वपूर्ण चीज़ है। सेमीकंडक्टर खिलौने से लेकर रॉकेट में इस्तेमाल हो रहा है। इसका उत्पादन भारत में शुरू हो गया है।' उन्होंने आगे जोड़ा, 'गुजरात के धौलेरा में सेमीकंडक्टर का प्लांट तैयार हो चुका है और मैन्युफैक्चरिंग भी जल्द शुरू होगी।'
जनता दल (यूनाइटेड) — JDU के प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने कहा, 'सेमीकंडक्टर्स आज दुनिया की बड़ी ज़रूरत हैं। भारत ने पहले चरण में 12 प्रोजेक्ट को मंजूरी दी है, जिनमें से तीन में कमर्शियल प्रोडक्शन भी शुरू हो गया है।' उन्होंने कहा कि लक्ष्य वैश्विक सेमीकंडक्टर पारितंत्र के साथ तालमेल बिठाकर आगे बढ़ना है।
BJP सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने कहा, 'प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत में चिप बनने की शुरुआत हो रही है। सेमीकॉन सम्मेलन में पीएम ने भारत की औद्योगिकी और प्रौद्योगिकी की प्रशंसा की, जिससे साफ़ जाहिर होता है कि आने वाले दिनों में टेक्नॉलजी भारत की होगी।'
सेमीकॉन इंडिया 2026 की पृष्ठभूमि
गौरतलब है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को सेमीकॉन इंडिया 2026 का उद्घाटन किया था, जिसके बाद उन्होंने देश की बढ़ती चिप क्षमता पर ज़ोर दिया था। यह सम्मेलन ऐसे समय में हो रहा है जब वैश्विक सेमीकंडक्टर आपूर्ति श्रृंखला में विविधता की माँग तेज़ी से बढ़ रही है और कई देश चीन पर निर्भरता घटाने के विकल्प तलाश रहे हैं।
भारत ने वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में वैश्विक स्तर पर चुनौतीपूर्ण माहौल के बावजूद 7.8 प्रतिशत की मज़बूत वृद्धि दर हासिल की है, जो नीति-निर्माताओं के लिए सेमीकंडक्टर क्षेत्र में निवेश के पक्ष में एक मज़बूत तर्क है।
धौलेरा प्लांट का महत्व
गुजरात के धौलेरा में तैयार हुआ सेमीकंडक्टर प्लांट भारत के चिप उत्पादन में घरेलू क्षमता की एक बड़ी पहल माना जा रहा है। गुरु प्रकाश के अनुसार, यहाँ जल्द ही मैन्युफैक्चरिंग शुरू होगी, जो भारत को वैश्विक सेमीकंडक्टर मानचित्र पर स्थापित करने की दिशा में एक ठोस कदम होगा।
यह ऐसे समय में आया है जब भारत 'भरोसे के बुनियादी ढाँचे' की छवि बनाकर अमेरिका, यूरोप और जापान जैसे देशों के साथ प्रौद्योगिकी साझेदारी को गहरा करने की कोशिश कर रहा है। पीएम मोदी के शब्दों में, इस बुनियादी ढाँचे को लेकर 'पूरे विश्व में एक उम्मीद की लहर है।'
आगे की राह
भारत के पहले चरण के 12 अनुमोदित सेमीकंडक्टर प्रोजेक्ट में से तीन में कमर्शियल उत्पादन पहले ही शुरू हो चुका है। JDU प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद के अनुसार, सरकार का इरादा वैश्विक उद्योग भागीदारों के साथ सहयोग बढ़ाकर इस गति को और तेज़ करना है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगले कुछ वर्षों में भारत के सेमीकंडक्टर निर्यात में उल्लेखनीय वृद्धि देखी जा सकती है।