पिंकी राणा को राष्ट्रपति द्वारा सम्मानित किया गया, 950 घरों तक शुद्ध पेयजल पहुँचाने का किया कार्य
सारांश
Key Takeaways
- पिंकी राणा ने 950 घरों तक शुद्ध पेयजल पहुँचाया।
- राष्ट्रपति ने उन्हें सम्मानित किया।
- जल जीवन मिशन का उद्देश्य हर घर तक नल से जल पहुँचाना है।
- सामुदायिक भागीदारी इस योजना की ताकत है।
- पानी की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित की गई है।
हजारीबाग, 20 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। हजारीबाग जिले के दूरदराज स्थित कंचनपुर पंचायत की मुखिया पिंकी राणा आज न केवल अपने क्षेत्र में, बल्कि पूरे देश में चर्चा का विषय बन गई हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण को गांव-गांव पहुँचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
पिंकी राणा ने अपने पंचायत के लगभग 950 घरों तक शुद्ध पेयजल पहुँचाकर यह साबित किया है कि जब केंद्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाएं मजबूत नेतृत्व और जनभागीदारी के साथ लागू होती हैं, तो गांवों का स्वरूप सच में बदल सकता है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की महत्वाकांक्षी जल जीवन मिशन का उद्देश्य हर घर तक नल से पानी पहुँचाना है। कंचनपुर पंचायत में यह सपना अब साकार हो चुका है। इसी उत्कृष्ट कार्य के लिए 11 मार्च को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने पिंकी राणा को सम्मानित किया। यह सम्मान केवल एक मुखिया का नहीं, बल्कि उस सोच का सम्मान है, जिसे प्रधानमंत्री मोदी ने गांवों, गरीबों और बुनियादी सुविधाओं को प्राथमिकता देकर आगे बढ़ाया है।
सम्मान मिलने के बाद जब पिंकी राणा अपने पंचायत लौटीं, तो ग्रामीणों ने उनका भव्य स्वागत किया। कंचनपुर पंचायत में कंचनपुर, हेडलाग और गोविंदपुर जैसे तीन गांव शामिल हैं। इन गांवों के लगभग 950 घरों में आज शुद्ध और फ़िल्टर किया हुआ पानी पहुँच रहा है। पिंकी राणा ने 2023 से इस दिशा में गंभीरता से कार्य करना शुरू किया और लगातार तीन वर्षों की मेहनत, सुनियोजित रणनीति और सामुदायिक सहयोग से जल जीवन मिशन को अंतिम घर तक पहुँचाने का लक्ष्य पूरा किया।
न्यूज एजेंसी राष्ट्र प्रेस से बातचीत में पिंकी राणा ने कहा कि उनके लिए यह एक गर्व और भावनात्मक क्षण था कि उनके कार्य को देश के राष्ट्रपति ने सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि इस सम्मान से न केवल उनका हौसला बढ़ा है बल्कि अन्य जनप्रतिनिधियों को भी प्रेरणा मिलेगी कि वे सरकार की योजनाओं को ईमानदारी से लागू करें। उन्होंने प्रधानमंत्री का भी धन्यवाद किया और कहा कि मोदी सरकार आने के बाद विशेष रूप से ग्राम पंचायत को मजबूत किया जा रहा है, जिसके कारण आज हर पंचायत में विकास की धारा बह रही है।
उन्होंने बताया कि इस योजना की सबसे बड़ी ताकत सामुदायिक भागीदारी है। पंचायत के हर घर से 62 रुपये 50 पैसे प्रतिमाह बैंक खाते में जमा कराए जाते हैं। इस राशि का उपयोग जलमीनार और फ़िल्टर प्रणाली के रखरखाव और मरम्मत में किया जाता है, ताकि आने वाले वर्षों तक यह व्यवस्था बिना बाधा चलती रहे। गांव में सुबह 7 बजे से 9 बजे तक और शाम 4 बजे से 6 बजे तक पानी की आपूर्ति की जाती है, जिससे लोग अपने घरों में पर्याप्त पानी जमा कर लेते हैं और दैनिक आवश्यकताओं में उसका उपयोग करते हैं।