स्लोवाकिया में भारतीय पर्यटकों ने कहा — पीएम मोदी के नेतृत्व में दुनिया में बढ़ी भारत की साख
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्लोवाकिया के दो दिवसीय दौरे से पहले ब्रातिस्लावा में मौजूद भारतीय पर्यटकों ने इस यात्रा को लेकर उत्साह जताया और कहा कि मोदी के नेतृत्व में वैश्विक मंच पर भारत की छवि और प्रतिष्ठा में उल्लेखनीय सुधार आया है। पर्यटकों ने बातचीत में साझा किया कि यूरोप के विभिन्न देशों में भारतीयों को जो सम्मान मिल रहा है, उसमें प्रधानमंत्री की सक्रिय विदेश नीति और सांस्कृतिक कूटनीति की बड़ी भूमिका है।
पर्यटकों की प्रतिक्रिया
ब्रातिस्लावा में मिली एक भारतीय महिला पर्यटक ने कहा, 'ये सुनकर बहुत खुशी हो रही है कि पीएम मोदी स्लोवाकिया के दौरे पर आ रहे हैं। भारत का नाम सुनकर बहुत अच्छा लगता है। काफी भारतीय मिलते भी हैं और पहचानते हैं हमें कि 'अच्छा, आप भारत से हो।' भारत एक ऐसा देश है, जहां लोग जाकर घूमना और अनुभव करना चाहते हैं।'
उन्होंने आगे कहा, 'प्रधानमंत्री मोदी की वजह से लोगों में एक सम्मान है कि भारत की संस्कृति बहुत अच्छी है। पीएम मोदी जहां जाते हैं, अपनी संस्कृति के बारे में जो बताते हैं, लोग उसे जानना चाहते हैं। हमें भी सम्मान मिलता है कि हम भारतीय हैं और हमारे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हैं।'
द्विपक्षीय संबंधों पर उम्मीद
वियना और शैसबर्ग होते हुए ब्रातिस्लावा पहुँचे एक अन्य भारतीय पर्यटक ने कहा, 'ये जानकर खुशी हुई कि हमारे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी यहाँ पर आ रहे हैं। जब दो खूबसूरत देश एक समझौते में साथ आएंगे, तो द्विपक्षीय तौर पर दोनों देशों का बहुत विकास होगा।' उन्होंने यह भी जोड़ा कि यूरोप के सभी देशों में स्थानीय लोगों का भारतीयों के प्रति जो सकारात्मक रवैया था, वह पीएम मोदी के कार्यकाल में भारत की वैश्विक छवि सुधरने का परिणाम है।
युवा पीढ़ी की आवाज़
ब्रातिस्लावा में मौजूद एक भारतीय बच्चे ने भी अपनी बात रखी। उसने कहा, 'मैं देख रहा हूँ कि प्रधानमंत्री दुनिया भर में हमारी संस्कृति को बढ़ावा देने की कोशिश कर रहे हैं और हमें ज़्यादा सम्मान भी मिल रहा है।' यह प्रतिक्रिया दर्शाती है कि भारत की नई पीढ़ी भी विदेश में देश की बढ़ती पहचान को महसूस कर रही है।
दौरे का महत्व
गौरतलब है कि स्लोवाकिया मध्य यूरोप का एक महत्वपूर्ण देश है और प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा भारत-स्लोवाकिया द्विपक्षीय संबंधों को नई दिशा देने के लिहाज़ से अहम माना जा रहा है। यह यात्रा ऐसे समय में हो रही है जब भारत यूरोपीय देशों के साथ व्यापार, प्रौद्योगिकी और सांस्कृतिक सहयोग के क्षेत्रों में अपनी साझेदारी को मज़बूत करने में जुटा है। पर्यटकों की यह प्रतिक्रिया इस बात का संकेत है कि जनस्तर पर भी इस कूटनीतिक जुड़ाव का सकारात्मक असर दिख रहा है।