पेपर लीक पर राहुल गांधी के 152 के दावे पर प्रह्लाद जोशी का पलटवार, छात्रों को गुमराह करने का आरोप
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय खाद्य, सार्वजनिक वितरण एवं उपभोक्ता मामलों के मंत्री प्रह्लाद जोशी ने 23 जुलाई 2026 को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर युवाओं और छात्रों के बीच भ्रम फैलाने का गंभीर आरोप लगाया। जोशी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार देश के प्रत्येक छात्र के भविष्य की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
मुख्य घटनाक्रम
जोशी ने एक आधिकारिक बयान में कहा, 'केंद्र सरकार लोकसभा में विपक्ष के नेता से ऐसे व्यवहार की उम्मीद नहीं करती। यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि राहुल गांधी छात्रों व युवाओं के बीच गलत जानकारी फैला रहे हैं और उनसे जुड़े मुद्दों का राजनीतिकरण कर रहे हैं, ताकि वे राजनीतिक रूप से प्रासंगिक बने रह सकें।' उन्होंने 152 पेपर लीक के दावे पर सीधे सवाल उठाते हुए कहा कि नेता प्रतिपक्ष यह नहीं बता पाए कि वे इस आँकड़े तक कैसे पहुँचे।
सरकार की प्रतिक्रिया
केंद्रीय मंत्री ने स्पष्ट किया कि जब भी प्रश्नपत्र लीक की घटनाएँ सामने आईं, सरकार ने तत्काल कार्रवाई की और जिम्मेदार व्यक्तियों को कुछ ही दिनों के भीतर जेल भेजा गया। उन्होंने कहा, 'नरेंद्र मोदी सरकार देश के हर छात्र का भविष्य सुरक्षित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। जिन मामलों में प्रश्नपत्र लीक होने का पता चला, उनमें कुछ ही दिनों के भीतर कार्रवाई शुरू की गई और सभी आरोपियों को जेल भेज दिया गया।'
नीट विवाद पर सरकार का पक्ष
नीट परीक्षा विवाद का उल्लेख करते हुए जोशी ने कहा कि केंद्र ने सफलतापूर्वक पुनः परीक्षा आयोजित की और लाखों योग्य उम्मीदवारों के लिए निष्पक्ष एवं पारदर्शी प्रक्रिया सुनिश्चित की। उन्होंने कहा, 'सरकार ने यह सुनिश्चित किया कि लाखों मेहनती उम्मीदवारों को एक पारदर्शी और निष्पक्ष परीक्षा प्रक्रिया के माध्यम से योग्यता के आधार पर प्रतिस्पर्धा करने का मौका मिले।'
संसदीय बहस और विपक्ष पर आरोप
जोशी ने बताया कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा पहले ही इस मुद्दे पर सरकार का रुख स्पष्ट कर चुके हैं। इसके बावजूद, उन्होंने आरोप लगाया कि भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस / INC) संसद के बाहर राजनीतिक नौटंकी कर रही है। केंद्रीय मंत्री ने यह भी कहा कि सरकार संसद में इस मामले पर तथ्यों पर आधारित चर्चा के लिए पूरी तरह तैयार है।
क्या होगा आगे
यह ऐसे समय में आया है जब पेपर लीक का मुद्दा संसद के मॉनसून सत्र में विपक्ष के प्रमुख हमलों में से एक बना हुआ है। गौरतलब है कि नीट विवाद के बाद से परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर राष्ट्रीय बहस जारी है। आने वाले दिनों में संसद में इस मुद्दे पर और तीखी नोकझोंक की संभावना है।