नशा मुक्त पंजाब यात्रा: BJP ने DGP से माँगी सुरक्षा, 18 सितंबर को सुजानपुर से होगी शुरुआत
सारांश
मुख्य बातें
पंजाब भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 18 से 30 सितंबर 2026 के बीच चार 'नशा मुक्त पंजाब यात्राओं' के आयोजन की घोषणा की है, जिनका उद्देश्य राज्य में नशीले पदार्थों के विरुद्ध व्यापक जनजागरण अभियान चलाना है। चंडीगढ़ में पंजाब BJP के राज्य अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार, 14 सितंबर को पुलिस महानिदेशक (DGP) से मुलाकात कर यात्रा मार्ग पर पर्याप्त सुरक्षा और यातायात व्यवस्था की माँग करते हुए एक औपचारिक ज्ञापन सौंपा।
यात्रा का मार्ग और कार्यक्रम
चार यात्राएँ क्रमशः पठानकोट के सुजानपुर, फतेहगढ़ साहिब, फाजिल्का और तलवंडी साबो से एक साथ प्रारंभ होंगी। 18 सितंबर को BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन सुजानपुर के एकता स्थल से यात्रा को हरी झंडी दिखाएँगे। इसके विभिन्न चरणों में केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान, केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता सहित वरिष्ठ नेता भी शामिल होंगे।
समस्त यात्राओं की समापन रैली 30 सितंबर को जालंधर में आयोजित की जाएगी, जिसमें भारी संख्या में पार्टी कार्यकर्ताओं और आम जनता के जुटने की उम्मीद जताई गई है।
सुरक्षा को लेकर BJP की माँग
ढिल्लों ने DGP से अपील करते हुए कहा कि यात्रा में केंद्रीय मंत्रियों, वरिष्ठ नेताओं और बड़ी संख्या में आम जनता की भागीदारी को देखते हुए यात्रा के आरंभ और समापन बिंदुओं सहित पूरे मार्ग पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने यह भी आग्रह किया कि किसी भी असामाजिक या उपद्रवी तत्व को यात्रा में बाधा डालने का अवसर न मिले।
BJP नेताओं ने पुलिस प्रशासन से कहा कि जिला पुलिस अधिकारियों के समन्वय से यातायात प्रबंधन की पूर्व-योजना बनाई जाए, ताकि आम जनता को न्यूनतम असुविधा हो।
नशे की समस्या पर BJP का रुख
ढिल्लों ने कहा कि 'नशा मुक्त पंजाब यात्रा' केवल एक राजनीतिक आयोजन नहीं, बल्कि पंजाब के युवाओं और परिवारों को नशीले पदार्थों के खतरे से बचाने के लिए एक जन आंदोलन खड़ा करने का प्रयास है। उनके अनुसार, नशीले पदार्थों के बढ़ते सेवन से अपराध, गिरोह संस्कृति और जबरन वसूली के मामलों में भी वृद्धि हो रही है।
AAP सरकार पर आरोप
BJP नेताओं ने आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। ढिल्लों ने आरोप लगाया कि AAP तीन महीने के भीतर नशा समाप्त करने का वादा करके सत्ता में आई थी, लेकिन आलोचकों का कहना है कि आज राज्य के घरों तक नशीले पदार्थ पहुँच रहे हैं। BJP नेता ने यह भी आरोप लगाया कि सरकार अपनी कथित विफलता छिपाने के प्रयास में नशे के विरुद्ध उठाई जाने वाली आवाज़ों को दबाने की कोशिश कर रही है।
गौरतलब है कि यह पहल ऐसे समय में आई है जब पंजाब में नशे का मुद्दा राजनीतिक रूप से अत्यंत संवेदनशील बना हुआ है और विभिन्न दलों के बीच इस पर व्यापक वाकयुद्ध जारी है। यात्राओं की सफलता इस मुद्दे को राज्य की राजनीति में और धार देगी।