रामगोपाल यादव का बयान: मिडिल ईस्ट युद्ध को रोकने के लिए भारत सरकार को सक्रिय होना चाहिए
सारांश
Key Takeaways
- मिडिल ईस्ट युद्ध की स्थिति गंभीर है।
- रामगोपाल यादव ने युद्ध रोकने की अपील की।
- सरकार को सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।
- ईरान के नेता की मौत पर शोक नहीं व्यक्त किया गया।
- एलपीजी की कीमतों में वृद्धि हो रही है।
नई दिल्ली, 23 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष के बीच लोकसभा में पीएम मोदी के भाषण पर विपक्षी नेताओं ने चिंता जताई है कि वर्तमान स्थिति अत्यंत गंभीर है और इस युद्ध के परिणाम विनाशकारी हो सकते हैं। भारत सरकार को पीएम मोदी के नेतृत्व में मिडिल ईस्ट में जारी युद्ध को समाप्त करने के लिए जोरदार प्रयास करने चाहिए।
समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद रामगोपाल यादव ने कहा कि इस युद्ध का प्रभाव हमारी और कई अन्य देशों की अर्थव्यवस्थाओं पर नकारात्मक रूप से पड़ा है। प्रधानमंत्री को इजरायली प्रधानमंत्री और अमेरिकी राष्ट्रपति के साथ अपने संबंधों का उपयोग करते हुए इस युद्ध को खत्म करने की कोशिश करनी चाहिए, क्योंकि यह पूरी दुनिया को संकट में डाल रहा है। इस संघर्ष ने संपूर्ण मानवता को विनाश के कगार पर ला खड़ा किया है।
उन्होंने कहा कि जैसा कि पीएम मोदी ने कहा, स्थिति बहुत गंभीर है और यह युद्ध जारी रह सकता है, इसलिए हम यह कह रहे हैं कि कठिनाइयों के बावजूद प्रयास किए जाने चाहिए।
कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि मिडिल ईस्ट युद्ध के बीच सरकार ने एलपीजी के दाम बढ़ा दिए हैं। उन्होंने कहा कि आजादी के बाद जब हम कमजोर थे, तब ईरान हमारे साथ था, मिडिल ईस्ट के अन्य देश भी हमारे साथ थे, लेकिन आज राष्ट्रहित के बजाय पार्टी हित में काम किया जा रहा है। ईरान का सर्वोच्च नेता मारा गया, लेकिन भारत ने कोई शोक संवेदना नहीं प्रकट की।
उन्होंने कहा कि ईरान में खूनखराबा हो रहा है, और सरकार चुप है। भारत के हितों को ध्यान में रखते हुए होर्मुज जलडमरूमध्य को खोला जाना चाहिए।
कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने कहा कि पीएम ने देश को वर्तमान स्थिति से अवगत कराया है, लेकिन उन्होंने नई जानकारी नहीं दी है। कुछ मुद्दों पर नोटिस दिया गया है, उन पर चर्चा होनी चाहिए।
sपा सांसद राजीव राय ने कहा कि पीएम ने यह नहीं बताया कि कितने लोग वहां फंसे हुए हैं और कितनों को निकाला गया है।
शिवसेना (यूबीटी) के सांसद अरविंद सावंत ने कहा कि यह अच्छी बात है कि पीएम मोदी ने संबोधन दिया। हमें केवल राजनीतिक बयानबाजी में नहीं उलझना चाहिए। आज का मुख्य मुद्दा क्या है, यह समझना आवश्यक है। हम जानते हैं कि लोग वापस आ रहे हैं, लेकिन एलपीजी सिलेंडर की कमी है, जिससे लोग परेशान हैं। उन्होंने इसका थोड़ा उल्लेख किया, लेकिन सिलेंडर नहीं मिल रहे हैं और कीमत भी बढ़ गई है। यही असली मुद्दा है।