27 जुलाई 2026
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रामकृपाल यादव का आरोप: छात्र आंदोलन की आड़ में विपक्ष ने रची BJP-विरोधी साजिश, धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा 'दुर्भाग्यपूर्ण'

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रामकृपाल यादव का आरोप: छात्र आंदोलन की आड़ में विपक्ष ने रची BJP-विरोधी साजिश, धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा 'दुर्भाग्यपूर्ण'

सारांश

बिहार मंत्री रामकृपाल यादव ने छात्र आंदोलन को विपक्ष की सुनियोजित साजिश बताया और धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को 'दुर्भाग्यपूर्ण' करार दिया। पेपर लीक में 47 अधिकारी बर्खास्त, नया विधेयक भी आने वाला है — लेकिन पाकिस्तान कनेक्शन के दावे अभी भी अपुष्ट हैं।

मुख्य बातें

बिहार मंत्री रामकृपाल यादव ने 27 जुलाई को दावा किया कि छात्र आंदोलन की आड़ में विपक्ष ने BJP को अस्थिर करने की साजिश रची।
पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को उन्होंने 'दुर्भाग्यपूर्ण' बताया और इसे विपक्षी राजनीति का नतीजा कहा।
पेपर लीक मामले में जिम्मेदार 47 कर्मचारियों और अधिकारियों को निलंबित कर सेवा से बर्खास्त किया गया।
सरकार पेपर लीक रोकने के लिए कड़े दंड-प्रावधान वाला नया विधेयक लाने की तैयारी में है।
यादव ने सोशल मीडिया गतिविधियों का संबंध पाकिस्तान से जोड़ने का दावा किया, हालाँकि इसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई ।

बिहार सरकार के मंत्री रामकृपाल यादव ने 27 जुलाई को दावा किया कि NEET पेपर लीक विवाद के बाद उठे छात्र आंदोलन की आड़ में विपक्ष ने सुनियोजित ढंग से भारतीय जनता पार्टी (BJP) को अस्थिर करने की कोशिश की। उनके अनुसार, पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा इसी सोची-समझी राजनीति का परिणाम है।

मुख्य घटनाक्रम

रामकृपाल यादव ने कहा, 'धर्मेंद्र प्रधान ने पेट्रोलियम और शिक्षा मंत्री के रूप में बेहतरीन काम किया और नई शिक्षा नीति लागू करने में अहम भूमिका निभाई। लेकिन कुछ ऐसे लोग थे जो उनके काम को महत्व नहीं देते थे। सुनियोजित तरीके से छात्रों के आंदोलन की आड़ में विपक्ष ने सोची-समझी राजनीति की, जिसके कारण धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना पड़ा।' उन्होंने इस इस्तीफे को 'दुर्भाग्यपूर्ण' बताया।

विपक्ष पर साजिश का आरोप

मंत्री ने आरोप लगाया कि छात्र आंदोलन में कुछ 'अराजक तत्व' घुस आए थे जो देश और समाज को नुकसान पहुँचाना चाहते थे। उन्होंने सवाल उठाया कि 'आखिर पंजाब और तमिलनाडु में छात्रों का आंदोलन क्यों नहीं हुआ? क्या इन राज्यों में पेपर लीक नहीं हुआ था?' उनके अनुसार, BJP शासित राज्यों को विशेष रूप से निशाना बनाया गया।

सरकार की प्रतिक्रिया और कार्रवाई

रामकृपाल यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस मामले में संवेदनशीलता दिखाते हुए सख्त कदम उठाए। पेपर लीक में जिम्मेदार पाए गए कुल 47 कर्मचारियों और अधिकारियों को न केवल निलंबित किया गया, बल्कि सेवा से बर्खास्त भी किया गया। उन्होंने यह भी बताया कि भविष्य में पेपर लीक रोकने के लिए एक नया विधेयक लाया जा रहा है, जिसमें कड़े दंड का प्रावधान होगा।

पाकिस्तान कनेक्शन का दावा

मंत्री ने यह भी दोहराया कि वे पहले दिन से कहते आ रहे हैं कि छात्र एक बड़ी साजिश का शिकार हुए हैं। उनके अनुसार, दिल्ली पुलिस की जाँच में सोशल मीडिया गतिविधियों का संबंध पाकिस्तान से जुड़ा होने की बात सामने आई है। हालाँकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हुई है।

क्या होगा आगे

प्रस्तावित पेपर लीक-विरोधी विधेयक संसद में पेश किए जाने की तैयारी है, जो परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है। यह देखना बाकी है कि विपक्ष इस विधेयक पर क्या रुख अपनाता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन पाकिस्तान कनेक्शन का दावा अभी तक अपुष्ट है और इसे उसी रूप में रेखांकित किया जाना चाहिए। यह सवाल भी उठता है कि पंजाब-तमिलनाडु तुलना कितनी न्यायसंगत है — क्योंकि NEET एक केंद्रीय परीक्षा है और उसकी जिम्मेदारी केंद्र सरकार की है, राज्यों की नहीं। आंदोलन को पूरी तरह 'साजिश' बताना उन वैध छात्र शिकायतों को नजरअंदाज करता है जो पेपर लीक की वास्तविक घटनाओं से उपजी थीं।
RashtraPress
27 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

रामकृपाल यादव ने छात्र आंदोलन पर क्या दावा किया?
बिहार मंत्री रामकृपाल यादव ने दावा किया कि छात्रों के आंदोलन की आड़ में विपक्ष ने सुनियोजित तरीके से BJP शासित राज्यों को अस्थिर करने की साजिश रची। उनके अनुसार आंदोलन में 'अराजक तत्व' भी शामिल थे जो देश को नुकसान पहुँचाना चाहते थे।
धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा क्यों दिया?
NEET पेपर लीक विवाद के बाद उठे राजनीतिक दबाव के बीच धर्मेंद्र प्रधान ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री पद से इस्तीफा दिया। रामकृपाल यादव ने इसे 'दुर्भाग्यपूर्ण' बताते हुए कहा कि विपक्षी साजिश के कारण उन्हें यह कदम उठाना पड़ा।
पेपर लीक मामले में सरकार ने क्या कार्रवाई की?
सरकार ने पेपर लीक में जिम्मेदार पाए गए 47 कर्मचारियों और अधिकारियों को निलंबित कर सेवा से बर्खास्त किया। इसके अलावा भविष्य में पेपर लीक रोकने के लिए कड़े दंड-प्रावधान वाला एक नया विधेयक संसद में लाने की तैयारी है।
पाकिस्तान कनेक्शन के दावे कितने पुख्ता हैं?
रामकृपाल यादव के अनुसार दिल्ली पुलिस की जाँच में सोशल मीडिया गतिविधियों का संबंध पाकिस्तान से जुड़ा होने की बात सामने आई है। हालाँकि इन आरोपों की अभी तक कोई स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
प्रस्तावित पेपर लीक-विरोधी विधेयक में क्या होगा?
सरकार एक ऐसा विधेयक लाने की तैयारी में है जिसमें पेपर लीक के दोषियों के लिए कड़े दंड का प्रावधान होगा। इसका उद्देश्य परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना है, हालाँकि विधेयक का विस्तृत मसौदा अभी सार्वजनिक नहीं हुआ है।
राष्ट्र प्रेस
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