राज्यसभा क्रॉस वोटिंग विवाद: राजद का पलटवार — 'कांग्रेस के अपने विधायकों ने भाजपा से सौदा किया'
सारांश
मुख्य बातें
झारखंड की राजधानी रांची में 19 जून को राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग के आरोपों पर कांग्रेस को कड़ा जवाब दिया। राजद नेताओं ने कहा कि कांग्रेस के अपने कुछ विधायकों ने ही भारतीय जनता पार्टी (BJP) के साथ सौदेबाज़ी की होगी — और इसकी जिम्मेदारी राजद पर थोपी जा रही है। इस बयानबाज़ी से इंडिया गठबंधन के भीतर खुले मतभेद उजागर हो गए हैं।
विवाद की पृष्ठभूमि
झारखंड से राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार प्रणव झा की हार के बाद झारखंड कांग्रेस प्रभारी के. राजू ने आरोप लगाया था कि कांग्रेस और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के विधायकों ने अपेक्षा के अनुरूप मतदान किया, लेकिन राजद और भाकपा-माले के कुछ विधायकों ने एनडीए समर्थित उम्मीदवार के पक्ष में क्रॉस वोटिंग की। इन आरोपों ने गठबंधन के भीतर तनाव को सतह पर ला दिया।
राजद नेताओं की प्रतिक्रिया
झारखंड सरकार में मंत्री और राजद नेता संजय प्रसाद यादव ने तीखे शब्दों में कहा, 'हमारे नेता लालू प्रसाद यादव और राष्ट्रीय जनता दल की विचारधारा कभी भाजपा और आरएसएस से समझौता नहीं कर सकती। के. राजू खुद जानते हैं कि उनकी पार्टी के विधायक कई गुटों में बंटे हुए हैं। संभव है कि उनमें से कुछ ने भाजपा से सौदा किया हो और उसी के अनुसार वोट दिया हो। अब इसकी जिम्मेदारी राजद पर डाली जा रही है।'
राजद के राष्ट्रीय महासचिव भोला यादव ने भी इन आरोपों को सिरे से खारिज किया। उन्होंने कहा, 'हम यहाँ चुनाव में हिस्सा लेने आए थे और हमारे सदस्यों ने कांग्रेस उम्मीदवार के पक्ष में मतदान किया। यहाँ के कांग्रेस प्रभारी अपनी गलतियाँ छिपाने के लिए बेबुनियाद बयान दे रहे हैं — मैं इन बयानों को खारिज करता हूँ और इनकी निंदा करता हूँ।'
राजद विधायकों का रुख
प्रेस कॉन्फ्रेंस में राजद विधायक सुरेश पासवान ने स्पष्ट किया, 'हम हेमंत सोरेन सरकार के साथ मज़बूती से खड़े हैं। विश्वासघात कांग्रेस विधायकों और के. राजू ने किया है — राष्ट्रीय जनता दल हेमंत सोरेन के साथ है।' झारखंड राजद अध्यक्ष संजय कुमार सिंह यादव ने कहा कि जब-जब कांग्रेस मुश्किल में रही है, राजद नेताओं ने उसका साथ दिया है, और पार्टी अपने नेतृत्व के प्रति जवाबदेह है, कांग्रेस के प्रति नहीं।
कांग्रेस का पक्ष
कांग्रेस प्रवक्ता शमा मोहम्मद ने पार्टी के आरोपों को दोहराते हुए कहा, 'कर्नाटक में हमने सभी पाँच राज्यसभा सीटें जीती हैं, इसलिए कांग्रेस को दोष मत दीजिए। क्रॉस वोटिंग राजद और भाकपा-माले ने की है।' गौरतलब है कि दोनों पक्षों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का यह सिलसिला इंडिया गठबंधन की एकजुटता पर सवालिया निशान लगाता है।
इंडिया गठबंधन पर असर
यह ऐसे समय में आया है जब इंडिया गठबंधन के घटक दलों के बीच तालमेल को लेकर पहले से ही सवाल उठते रहे हैं। झारखंड में राजद, कांग्रेस और झामुमो मिलकर हेमंत सोरेन की सरकार चला रहे हैं, लेकिन राज्यसभा चुनाव में उपजा यह विवाद साझेदारी की कमज़ोर कड़ियों को उजागर करता है। आने वाले दिनों में गठबंधन की आंतरिक बैठकों में इस मुद्दे पर स्पष्टता की उम्मीद की जा रही है।