16 जुलाई 2026
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सैफुद्दीन सोज के जम्मू-कश्मीर बयान पर BJP का कांग्रेस को अल्टीमेटम, सुधांशु त्रिवेदी ने माँगा आधिकारिक जवाब

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सैफुद्दीन सोज के जम्मू-कश्मीर बयान पर BJP का कांग्रेस को अल्टीमेटम, सुधांशु त्रिवेदी ने माँगा आधिकारिक जवाब

सारांश

BJP प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस नेता सैफुद्दीन सोज के जम्मू-कश्मीर पर कथित बयान को 'भारत-विरोधी' करार देते हुए कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे, सोनिया गांधी और राहुल गांधी से आधिकारिक सफाई माँगी है। सोज ने कथित तौर पर 1953 से पहले की स्वायत्तता की वकालत की, जिसे BJP ने संविधान-विरोधी बताया।

मुख्य बातें

BJP ने 15 जुलाई को कांग्रेस नेता सैफुद्दीन सोज के जम्मू-कश्मीर संबंधी कथित बयान पर कांग्रेस नेतृत्व से आधिकारिक जवाब माँगा।
सोज ने कथित तौर पर कहा कि जम्मू-कश्मीर का मुद्दा अनुच्छेद 370 की वापसी से आगे, 1953 से पहले की स्वायत्तता से जुड़ा है।
BJP प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे , सोनिया गांधी और राहुल गांधी से स्थिति स्पष्ट करने का आग्रह किया।
BJP ने माँग की कि कांग्रेस इस बयान की सार्वजनिक निंदा करे और सोज के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई करे।
अब तक कांग्रेस की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।

भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 15 जुलाई को कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री सैफुद्दीन सोज के जम्मू-कश्मीर संबंधी कथित बयान पर कांग्रेस नेतृत्व से सार्वजनिक सफाई की माँग की है। BJP प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने आरोप लगाया कि सोज का यह बयान देश की एकता और अखंडता के विरुद्ध है और कांग्रेस को तत्काल अपना आधिकारिक रुख स्पष्ट करना चाहिए।

क्या है विवादित बयान

BJP प्रवक्ता के अनुसार, सैफुद्दीन सोज ने कथित तौर पर कहा कि जम्मू-कश्मीर का मुद्दा केवल राज्य का दर्जा बहाल करने या अनुच्छेद 370 की वापसी तक सीमित नहीं है, बल्कि यह वर्ष 1953 से पहले की स्वायत्तता से जुड़ा विषय है। सुधांशु त्रिवेदी ने इसे 'भारत-विरोधी' करार दिया और कहा कि किसी राज्य के लिए अलग प्रकार की स्वायत्तता या संप्रभुता जैसी अवधारणाओं की वकालत करना संविधान की भावना के अनुरूप नहीं है।

BJP का कांग्रेस नेतृत्व से सवाल

नई दिल्ली में बुधवार को मीडिया से बातचीत में त्रिवेदी ने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी — जो हाल ही में विदेश यात्रा से लौटे हैं — को इस मामले में अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। उन्होंने सवाल किया कि क्या सोज का बयान कांग्रेस का आधिकारिक रुख है या उनका निजी विचार।

कार्रवाई की माँग

त्रिवेदी ने कहा कि यदि कांग्रेस इस बयान से असहमत है, तो उसे सार्वजनिक रूप से इसकी निंदा करनी चाहिए और संबंधित नेता के विरुद्ध उचित अनुशासनात्मक कार्रवाई करनी चाहिए। उनके अनुसार, ऐसा न होने पर यह संदेश जाएगा कि कांग्रेस परोक्ष रूप से इस प्रकार के विचारों का समर्थन करती है।

BJP का जम्मू-कश्मीर पर रुख

BJP प्रवक्ता ने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी का मानना है कि जम्मू-कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है और इस विषय पर किसी भी ऐसी टिप्पणी, जिससे अलगाववाद को बल मिलने की आशंका हो, का खुलकर विरोध किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय हित के मुद्दों पर राजनीतिक अस्पष्टता स्वीकार्य नहीं है। गौरतलब है कि अनुच्छेद 370 को अगस्त 2019 में निरस्त किए जाने के बाद से जम्मू-कश्मीर की स्वायत्तता और राज्य के दर्जे का प्रश्न विपक्षी दलों के लिए एक केंद्रीय राजनीतिक मुद्दा बना हुआ है। यह बयान ऐसे समय में आया है जब संसद सत्र की तैयारियों के बीच सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच तनाव पहले से ही बढ़ा हुआ है।

आगे क्या होगा

अब तक कांग्रेस की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। BJP ने कांग्रेस नेतृत्व से शीघ्र जवाब देने का आग्रह किया है। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, यह विवाद आने वाले दिनों में संसद के भीतर और बाहर दोनों जगह तीखी बहस को जन्म दे सकता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन इसे राष्ट्रीय मंच पर उठाना कांग्रेस के लिए राजनीतिक रूप से संवेदनशील क्षण में आया है। कांग्रेस की चुप्पी — यदि बनी रही — तो BJP को इस आख्यान को और गहरा करने का अवसर देगी।
RashtraPress
16 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सैफुद्दीन सोज ने जम्मू-कश्मीर पर क्या कहा?
BJP प्रवक्ता के अनुसार, सैफुद्दीन सोज ने कथित तौर पर कहा कि जम्मू-कश्मीर का मुद्दा केवल राज्य का दर्जा बहाल करने या अनुच्छेद 370 की वापसी तक सीमित नहीं है, बल्कि यह 1953 से पहले की स्वायत्तता से जुड़ा विषय है। BJP ने इसे 'भारत-विरोधी' करार दिया है।
BJP ने कांग्रेस से क्या माँग की है?
BJP प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, सोनिया गांधी और राहुल गांधी से इस बयान पर आधिकारिक रुख स्पष्ट करने की माँग की है। BJP ने यह भी कहा कि कांग्रेस को सार्वजनिक रूप से इस बयान की निंदा करनी चाहिए और सोज के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई करनी चाहिए।
1953 से पहले की स्वायत्तता का क्या अर्थ है?
1953 से पहले जम्मू-कश्मीर को भारत के संविधान के तहत विशेष दर्जा प्राप्त था और उसकी अपनी सरकार तथा प्रधानमंत्री पद की व्यवस्था थी। इस स्वायत्तता को 1953 के बाद क्रमशः कम किया गया और 2019 में अनुच्छेद 370 निरस्त होने के बाद यह पूरी तरह समाप्त हो गई।
क्या कांग्रेस ने इस बयान पर कोई प्रतिक्रिया दी है?
15 जुलाई तक कांग्रेस की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। BJP ने पार्टी नेतृत्व से शीघ्र जवाब देने का आग्रह किया है।
सुधांशु त्रिवेदी कौन हैं?
सुधांशु त्रिवेदी भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय प्रवक्ता और राज्यसभा सांसद हैं। वे पार्टी के प्रमुख मीडिया चेहरों में से एक हैं और अक्सर विपक्ष के बयानों पर BJP की आधिकारिक प्रतिक्रिया देते हैं।
राष्ट्र प्रेस
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