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अवधेश प्रसाद का संजय निषाद पर पलटवार: 'वे खुद डूबती नैया पर सवार', BJP पर भी तीखा तंज

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अवधेश प्रसाद का संजय निषाद पर पलटवार: 'वे खुद डूबती नैया पर सवार', BJP पर भी तीखा तंज

सारांश

सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने संजय निषाद के 'बैसाखी' वाले तंज का जवाब दिया कि 'डूबती नैया' पर वही सवार हैं। PM मोदी को जन्मदिन की बधाई के साथ BJP पर ₹15 लाख और दो करोड़ नौकरियों के अधूरे वादों का हवाला देकर निशाना साधा — यह UP 2027 की राजनीतिक लड़ाई का ताज़ा मोर्चा है।

मुख्य बातें

सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने 17 सितंबर 2026 को संजय निषाद के 'बैसाखी' वाले बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि वे खुद 'डूबती नैया' पर हैं।
अवधेश प्रसाद ने PM नरेंद्र मोदी को जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं, साथ ही BJP के रोज़गार वादों को 'चुनावी स्टंट' करार दिया।
योगी आदित्यनाथ सरकार के 1 लाख रोज़गार के वादे की तुलना PM मोदी के 2 करोड़ नौकरियों और ₹15 लाख बैंक खाते के अधूरे वादों से की।
आगरा के जीआईसी ग्राउंड में होने वाले PDA महासम्मेलन को सफल बनाने की अपील की।
सपा सांसद ने दावा किया कि 2027 में अखिलेश यादव के नेतृत्व में सपा सरकार बनेगी और BJP को 50 सीटें भी मिलना मुश्किल होगा।

समाजवादी पार्टी के सांसद अवधेश प्रसाद ने 17 सितंबर 2026 को अयोध्या में निषाद पार्टी के अध्यक्ष एवं मंत्री संजय निषाद के 'बैसाखी' वाले बयान पर तीखा पलटवार किया और कहा कि बैसाखी की असली ज़रूरत संजय निषाद को ही है, जो इस समय 'डूबती नैया' के सहारे अपनी राजनीति चला रहे हैं। इसी दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर उन्होंने शुभकामनाएं भी दीं, लेकिन साथ ही भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर रोज़गार के वादों को लेकर कड़ा प्रहार भी किया।

संजय निषाद के बयान पर पलटवार

गौरतलब है कि संजय निषाद ने हाल ही में कहा था कि उनकी पार्टी को सपा की 'बैसाखी' की कोई ज़रूरत नहीं है। इस पर सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने पलटवार करते हुए कहा कि जो लोग दूसरों पर बैसाखी का आरोप लगा रहे हैं, उन्हें पहले अपनी राजनीतिक स्थिति पर नज़र डालनी चाहिए। उनके अनुसार, संजय निषाद स्वयं राजनीतिक सहारे की तलाश में हैं।

यह बयानबाज़ी ऐसे समय में आई है जब 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियाँ ज़ोर पकड़ रही हैं और विभिन्न दलों के बीच गठबंधन की राजनीति तेज़ हो चुकी है। निषाद पार्टी और सपा के बीच की यह खींचतान छोटे दलों के सौदेबाज़ी की बड़ी राजनीति का हिस्सा मानी जा रही है।

PM मोदी को जन्मदिन की शुभकामनाएं

राजनीतिक विरोध के बावजूद, अवधेश प्रसाद ने अपनी ओर से तथा समाजवादी पार्टी की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को उनके जन्मदिन पर हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने ईश्वर से प्रधानमंत्री के स्वस्थ एवं प्रसन्न जीवन की कामना की। हालांकि, यह शुभकामना मोदी सरकार की नीतियों की आलोचना के बीच आई, जिससे इसका राजनीतिक संदर्भ स्पष्ट था।

BJP पर रोज़गार वादों को लेकर तंज

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सरकार के 2027 विधानसभा चुनाव से पहले एक लाख लोगों को रोज़गार देने के वादे को अवधेश प्रसाद ने 'चुनावी स्टंट' करार दिया। उन्होंने याद दिलाया कि प्रधानमंत्री मोदी ने भी हर साल दो करोड़ युवाओं को रोज़गार देने और बैंक खातों में ₹15 लाख भेजने का वादा किया था, जो वर्षों बाद भी पूरा नहीं हुआ।

उन्होंने आरोप लगाया कि जनता अब BJP सरकार के वादों की असलियत समझ चुकी है और इन दावों पर भरोसा नहीं करती। उनका कहना था कि प्रदेश की जनता की उम्मीदें अब समाजवादी पार्टी और पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) गठबंधन से जुड़ गई हैं।

आगरा PDA महासम्मेलन पर उत्साह

आगरा के जीआईसी ग्राउंड में आयोजित होने वाले PDA महासम्मेलन पर अवधेश प्रसाद ने खुशी जताई। उन्होंने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष को इस आयोजन के लिए बधाई देते हुए PDA से जुड़े सभी लोगों से बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की। उनका कहना था कि यह सम्मेलन सामाजिक न्याय तथा पिछड़े, दलित एवं अल्पसंख्यक वर्गों की आवाज़ को मज़बूत करने का काम करेगा।

2027 के लिए सपा का दावा

सपा सांसद ने दावा किया कि 2027 में उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार बनेगी और अखिलेश यादव मुख्यमंत्री बनेंगे। उन्होंने वादा किया कि सपा सरकार बनने पर युवाओं को सरकारी नौकरियाँ, महिलाओं को सालाना ₹40,000 की आर्थिक सहायता और किसानों को अतिरिक्त सुविधाएं दी जाएंगी। तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव में यदि BJP को 50 सीटें भी मिल जाती हैं तो यह सबसे बड़ा अजूबा होगा। आने वाले महीनों में इस राजनीतिक वाकयुद्ध के और तेज़ होने के आसार हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असल में यह 2027 UP विधानसभा चुनाव से पहले छोटे दलों की सौदेबाज़ी को तोड़ने की सपा की रणनीति है — निषाद पार्टी को कमज़ोर दिखाकर उसके मतदाता आधार को सीधे PDA के तहत समेटने की कोशिश। मोदी को जन्मदिन की बधाई देते हुए एक साथ BJP के वादों पर हमला करना एक परिपक्व राजनीतिक दांव है जो सपा को 'ज़िम्मेदार विपक्ष' का दर्जा दिलाने और BJP को 'वादाखिलाफ' साबित करने का दोहरा काम करता है। ₹15 लाख और दो करोड़ नौकरियों का हवाला देना जनमानस में गहरी पैठ रखता है — यही वे वादे हैं जो अभी भी जनचर्चा में जीवित हैं। असली परीक्षा यह है कि क्या सपा खुद अपने वादों — महिलाओं को ₹40,000 और सरकारी नौकरियाँ — के लिए कोई विश्वसनीय रोडमैप पेश कर पाती है, वरना वह भी उसी 'चुनावी स्टंट' की श्रेणी में आ सकती है जिसका आरोप वह BJP पर लगा रही है।
RashtraPress
17 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अवधेश प्रसाद ने संजय निषाद पर क्या पलटवार किया?
सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने कहा कि 'बैसाखी' की असली ज़रूरत संजय निषाद को ही है और वे खुद 'डूबती नैया' के सहारे राजनीति कर रहे हैं। यह संजय निषाद के उस बयान का जवाब था जिसमें उन्होंने कहा था कि उनकी पार्टी को सपा की 'बैसाखी' की ज़रूरत नहीं है।
अवधेश प्रसाद ने BJP के रोज़गार वादों को 'चुनावी स्टंट' क्यों कहा?
उन्होंने कहा कि PM मोदी ने हर साल 2 करोड़ नौकरियों और बैंक खातों में ₹15 लाख भेजने का वादा किया था, जो वर्षों बाद भी पूरा नहीं हुआ। इसी तर्ज पर उन्होंने योगी सरकार के 1 लाख रोज़गार के वादे को भी 'चुनावी स्टंट' बताया।
PDA महासम्मेलन क्या है और यह कहाँ होगा?
PDA यानी पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक महासम्मेलन आगरा के जीआईसी ग्राउंड में आयोजित होने वाला है। अवधेश प्रसाद ने इसे सामाजिक न्याय की आवाज़ को मज़बूत करने का मंच बताया और PDA से जुड़े सभी लोगों से बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की।
2027 UP विधानसभा चुनाव को लेकर सपा का क्या दावा है?
सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने दावा किया कि 2027 में उत्तर प्रदेश में सपा की सरकार बनेगी और अखिलेश यादव मुख्यमंत्री बनेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि BJP को 50 सीटें मिलना भी 'सबसे बड़ा अजूबा' होगा।
सपा सरकार बनने पर अवधेश प्रसाद ने क्या वादे किए?
उन्होंने कहा कि सपा सरकार में युवाओं को सरकारी नौकरियाँ, महिलाओं को सालाना ₹40,000 की आर्थिक सहायता और किसानों को अतिरिक्त सुविधाएं दी जाएंगी। उन्होंने दावा किया कि सपा जो वादा करेगी, उसे पूरा भी करेगी।
राष्ट्र प्रेस
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