दक्षिण दम दम नौकरी घोटाला: सुजीत बोस की गिरफ्तारी के बाद ईडी ने पूर्व नगरपालिका चेयरमैन पंचू रॉय से की पूछताछ
सारांश
मुख्य बातें
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने सोमवार, 18 मई को कोलकाता के सॉल्ट लेक स्थित अपने कार्यालय में दक्षिण दम दम नगरपालिका के पूर्व चेयरमैन पंचू रॉय से नौकरी के बदले नकद घोटाले के संबंध में पूछताछ की। यह पूछताछ ऐसे समय में हुई जब ईडी ने पिछले सप्ताह इसी मामले में पश्चिम बंगाल के पूर्व अग्निशमन सेवा मंत्री सुजीत बोस को गिरफ्तार किया था, जो अभी केंद्रीय एजेंसी की हिरासत में हैं। उत्तर 24 परगना जिले की तृणमूल कांग्रेस (TMC) संचालित इस नगरपालिका में भर्ती अनियमितताओं की जांच तेज़ी से आगे बढ़ रही है।
मामले का मुख्य घटनाक्रम
जांचकर्ताओं के अनुसार, सुजीत बोस — जो उत्तर 24 परगना के बिधाननगर विधानसभा क्षेत्र से तीन बार तृणमूल कांग्रेस के विधायक रह चुके हैं — का नाम दक्षिण दम दम नगरपालिका में भर्ती अनियमितताओं की जांच के दौरान सामने आया था। ईडी अधिकारियों ने लंबी पूछताछ और वित्तीय दस्तावेजों की गहन जांच के बाद उन्हें गिरफ्तार किया। जांच में कथित तौर पर यह सामने आया है कि बोस ने पैसे के बदले नगरपालिका में नियुक्तियों के लिए कम से कम 150 उम्मीदवारों की सिफारिश की थी।
गौरतलब है कि पंचू रॉय की यह ईडी के समक्ष दूसरी पेशी थी। अपनी पिछली पेशी में उन्होंने किसी भी भ्रष्टाचार या अवैध भर्ती में संलिप्तता से इनकार किया था और दावा किया था कि उन्हें भेजा गया समन केवल उत्पीड़न के उद्देश्य से था।
जांच की पृष्ठभूमि
ईडी को इस नगरपालिका घोटाले की जानकारी तब मिली जब वह पश्चिम बंगाल के स्कूल नौकरी घोटाले और उससे जुड़ी मनी लॉन्ड्रिंग गतिविधियों की जांच के दौरान TMC से जुड़े प्रमोटर अयान शील की संपत्तियों पर छापेमारी कर रही थी। इसके बाद कलकत्ता उच्च न्यायालय ने केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को नगरपालिका भर्ती मामले में एक स्वतंत्र जांच शुरू करने का निर्देश दिया।
यह ऐसे समय में आया है जब पश्चिम बंगाल में सरकारी नौकरियों में अनियमितताओं से जुड़े कई मामले एक साथ जांच के दायरे में हैं, और राज्य की सत्तारूढ़ पार्टी तृणमूल कांग्रेस पर केंद्रीय एजेंसियों का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है।
सीबीआई और ईडी की समानांतर जांच
पंचू रॉय का नाम इससे पहले CBI द्वारा दायर चार्जशीट में भी सामने आ चुका है। CBI और ईडी दोनों एजेंसियाँ इस नगरपालिका भर्ती घोटाले की समानांतर जांच कर रही हैं — CBI आपराधिक पहलुओं की और ईडी मनी लॉन्ड्रिंग के कोण से। जांच आगे बढ़ने के साथ-साथ नए नाम भी जांच के दायरे में आते जा रहे हैं।
सुजीत बोस का राजनीतिक संदर्भ
पूर्व अग्निशमन सेवा मंत्री सुजीत बोस पिछले महीने हुए पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में बिधाननगर सीट से हार गए थे। तीन बार के विधायक रहे बोस की गिरफ्तारी को राज्य में TMC के वरिष्ठ नेताओं पर बढ़ते केंद्रीय दबाव के रूप में देखा जा रहा है।
आगे क्या होगा
जांचकर्ताओं के अनुसार, मामले में और गिरफ्तारियों और पूछताछ की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। पंचू रॉय से पूछताछ के बाद ईडी अगले कदमों का आकलन करेगी। कलकत्ता उच्च न्यायालय के निर्देश पर चल रही CBI जांच के नतीजे इस पूरे मामले की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।