त्रिपुरा डीजीपी अनुराग का निधन: सीएम माणिक साहा बोले — 'राज्य ने एक अपूरणीय पुलिस अधिकारी खोया'
सारांश
मुख्य बातें
त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने मंगलवार, 21 जुलाई को पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) अनुराग के असामयिक निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य ने एक ईमानदार, दक्ष और कर्तव्यनिष्ठ पुलिस अधिकारी को खो दिया है। अगरतला स्थित राज्य पुलिस मुख्यालय में श्रद्धांजलि कार्यक्रम के बाद मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि डीजीपी अनुराग की यह विरासत आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी।
संदिग्ध परिस्थितियों में मिला था शव
डीजीपी अनुराग का शव सोमवार, 20 जुलाई को अगरतला स्थित राज्य पुलिस मुख्यालय में उनके कार्यालय से जुड़े बाथरूम में संदिग्ध परिस्थितियों में फंदे से लटका पाया गया था। प्रारंभिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार मृत्यु का कारण फांसी लगना बताया गया है। मुख्यमंत्री माणिक साहा ने बताया कि मामले में अस्वाभाविक मौत का मामला दर्ज कर लिया गया है और कानून के अनुसार जाँच आगे बढ़ाई जाएगी।
मुख्यमंत्री की श्रद्धांजलि और बयान
मुख्यमंत्री माणिक साहा ने कहा, 'जनसुरक्षा सुनिश्चित करने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के प्रति उनकी प्रतिबद्धता हमेशा याद रखी जाएगी। उनके असामयिक निधन से राज्य ने एक ईमानदार, कुशल, कर्तव्यनिष्ठ और जनसेवा के प्रति समर्पित पुलिस अधिकारी को खो दिया है।' उन्होंने इस निधन को सरकार और पुलिस विभाग के लिए 'अपूरणीय क्षति' बताया।
साहा ने यह भी बताया कि 18 जुलाई को त्रिपुरा पुलिस की पासिंग आउट परेड के दौरान उनकी अनुराग से मुलाकात हुई थी और उस समय वह पूरी तरह प्रसन्न और सामान्य दिखाई दे रहे थे। उन्होंने कहा, 'जब तक अनुराग थे, मुझे हमेशा भरोसा रहता था कि राज्य की कानून-व्यवस्था सुरक्षित हाथों में है।'
वरिष्ठ अधिकारियों ने दी श्रद्धांजलि
राज्यपाल इंद्र सेना रेड्डी नल्लू, मुख्यमंत्री माणिक साहा, कई मंत्री, मुख्य सचिव जितेंद्र कुमार सिन्हा, गृह सचिव अभिषेक सिंह, कार्यवाहक डीजीपी जी.एस. राव तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने मंगलवार को अनुराग को श्रद्धांजलि अर्पित की। त्रिपुरा सरकार ने उनके सम्मान में मंगलवार, 21 जुलाई को एक दिन के राजकीय शोक की घोषणा की।
अंतिम संस्कार और पृष्ठभूमि
श्रद्धांजलि कार्यक्रम के बाद डीजीपी अनुराग का पार्थिव शरीर परिजनों और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ ओडिशा और दिल्ली होते हुए उत्तर प्रदेश के बागपत जिले के बरौत स्थित उनके पैतृक स्थान के लिए रवाना किया गया, जहाँ बुधवार सुबह उनका अंतिम संस्कार किया जाना था। 1994 बैच के आईपीएस अधिकारी अनुराग ने 17 मई 2025 को त्रिपुरा के डीजीपी का पदभार संभाला था और इससे पहले वह राज्य में डीजीपी (इंटेलिजेंस) के पद पर कार्यरत थे।
आगे क्या
अस्वाभाविक मौत के मामले में जाँच जारी है और कानून के अनुसार प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है। मुख्यमंत्री ने शोक संतप्त परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की और कहा कि सबसे बड़ी क्षति परिवार को हुई है। यह देखना होगा कि जाँच में कोई नई जानकारी सामने आती है या नहीं।