उदित राज का BJP के 'लोकतंत्र बचाओ' मार्च पर हमला: 'सत्ता में रहकर अराजकता फैला रही है सरकार'
सारांश
मुख्य बातें
कांग्रेस प्रवक्ता उदित राज ने 28 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' मार्च पर तीखी प्रतिक्रिया दी। कांग्रेस की एक बड़ी रैली से ठीक पहले आई इस प्रतिक्रिया में उन्होंने BJP पर दोहरी भूमिका निभाने का आरोप लगाते हुए कहा कि सत्तारूढ़ दल सरकार में रहते हुए भी विपक्ष जैसा आचरण कर रहा है।
मुख्य आरोप: दोहरी भूमिका का खेल
उदित राज ने कहा, 'BJP सरकार में भी है और विपक्ष में भी है — दोनों कैसे हो सकता है? ये दोनों होने के चक्कर में ही देश बर्बाद हुआ है और जनता गुमराह हो रही है।' उनका तर्क था कि सत्ता पक्ष की जिम्मेदारी विकास करना और नागरिकों की समस्याएँ सुनना है, न कि तिरंगा यात्राएँ, पदयात्राएँ और रोड शो आयोजित करना।
उन्होंने कबीरदास का दोहा उद्धृत करते हुए व्यंग्य कसा — 'कबीरदास की उल्टी वाणी, बरसे कंबल भीगे पानी' — यह रेखांकित करते हुए कि BJP का यह मार्च उन्हें 'उल्टी राजनीति' लगती है। उनके अनुसार सत्ता में हों तो सत्ता का काम करें।
व्यापारियों और रैली पर टिप्पणी
उदित राज ने यह भी दावा किया कि जीएसटी, आयकर और पुलिस के डर से व्यापारी वर्ग सहमा हुआ है और वे BJP की रैली में दबाव में आकर पहुँचेंगे। उन्होंने BJP समर्थकों को 'अंधभक्त' कहते हुए रैली की स्वाभाविकता पर सवाल उठाया। हालाँकि, इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है।
सोनिया गांधी की किताब पर उदित राज की प्रतिक्रिया
कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी की आगामी पुस्तक 'बिलॉन्गिंग: अ जर्नी ऑफ लव' का जिक्र करते हुए उदित राज ने कहा कि इस किताब का हर किसी को इंतजार है। उन्होंने आरोप लगाया कि सोनिया गांधी के खिलाफ राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS), BJP और खुद प्रधानमंत्री द्वारा 'गलत तथ्य' रखे गए और दुष्प्रचार किया गया। उदित राज ने कहा, 'सोनिया गांधी की कलम से अब सच्चाई निकलकर सामने आएगी। मेरी शुभकामना है कि यह किताब बेस्टसेलर में से एक हो।'
दिल्ली शराब ऐप और राजस्व पर सवाल
नई दिल्ली में शराब की दुकानों पर कतार से बचने के लिए लॉन्च किए गए ऑनलाइन बुकिंग ऐप पर उदित राज ने कहा कि व्यवस्था बनाना ठीक है, लेकिन जिनके पास स्मार्टफोन या ऐप नहीं है, उनके लिए क्या विकल्प है? उन्होंने सुझाया कि सरकार को अधिक दुकानें और आउटलेट खोलने चाहिए, क्योंकि इससे राजस्व बढ़ेगा, जो शिक्षा और विकास कार्यों के लिए जरूरी है।
वाराणसी MLC चुनाव और PM मोदी पर निशाना
कर्नाटक और वाराणसी के विधान परिषद चुनाव के नतीजों पर प्रतिक्रिया देते हुए उदित राज ने कहा कि चुनाव में हार-जीत होती रहती है। उन्होंने दावा किया कि वाराणसी के MLC चुनाव के नतीजे यह साबित करते हैं कि बनारस की जनता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पक्ष में नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि लोकसभा चुनाव में शुरुआती मतगणना रुझानों का हवाला देते हुए कांग्रेस नेता अजय राय ने खुद कहा है कि वहाँ बेईमानी से परिणाम तय किए गए — यह एक राजनीतिक दावा है जिसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। आगे देखना होगा कि BJP इन आरोपों का किस तरह जवाब देती है।