14 सितंबर 2026
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लखनऊ की पर्वतारोही पूर्वा धवन ने 5,826 मीटर ऊँची रुद्रगैरा चोटी फतह की, एवरेस्ट है अगला लक्ष्य

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लखनऊ की पर्वतारोही पूर्वा धवन ने 5,826 मीटर ऊँची रुद्रगैरा चोटी फतह की, एवरेस्ट है अगला लक्ष्य

सारांश

लखनऊ की पूर्वा धवन ने 10 सितंबर को 5,826 मीटर ऊँची रुद्रगैरा चोटी फतह कर तिरंगा फहराया — 8.5 घंटे की जानलेवा चढ़ाई, बर्फ, चट्टान और कम ऑक्सीजन के बीच। 'पीक्स एंड प्लास्टिक' की पैरोकार यह पर्वतारोही अब एवरेस्ट की राह पर है।

मुख्य बातें

पूर्वा धवन ने 10 सितंबर 2026 को दोपहर 12:30 बजे माउंट रुद्रगैरा की 5,826 मीटर ऊँची चोटी पर तिरंगा फहराया।
टीम ने 7 सितंबर को गंगोत्री से ट्रेक शुरू किया और 4,350 मीटर पर रुद्रगैरा बेस कैंप पहुँची।
समिट पुश सुबह 4 बजे शुरू हुआ; लगभग 8 घंटे 30 मिनट में 1,300 मीटर की ऊँचाई तय की गई।
अभियान में शैलेश सेमवाल और बिहारी सिंह राणा की अहम भूमिका रही।
पूर्वा 'पीक्स एंड प्लास्टिक' पहल के ज़रिए स्वच्छ हिमालय का संदेश दे रही हैं।
अगला लक्ष्य 8,848.86 मीटर ऊँचा माउंट एवरेस्ट है।

लखनऊ की साहसी पर्वतारोही पूर्वा धवन ने 10 सितंबर 2026 को दोपहर 12:30 बजे माउंट रुद्रगैरा की 5,826 मीटर ऊँची चोटी पर भारतीय तिरंगा फहराकर उत्तर प्रदेश का गौरव बढ़ाया। बर्फीले रास्तों, कम ऑक्सीजन और चट्टानी खंडों की चुनौतियों को पार करते हुए हासिल की गई यह उपलब्धि 'बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ' अभियान के प्रति उनकी प्रतिबद्धता का भी प्रतीक है।

अभियान का पूरा घटनाक्रम

पूर्वा और उनकी टीम — शैलेश सेमवाल और बिहारी सिंह राणा — ने 7 सितंबर को सुबह 9 बजे गंगोत्री से ट्रेक आरंभ किया। दो दिन की कठिन चढ़ाई के बाद टीम 4,350 मीटर की ऊँचाई पर स्थित रुद्रगैरा बेस कैंप पहुँची। 10 सितंबर को सुबह 4 बजे समिट पुश शुरू हुआ और लगभग 8 घंटे 30 मिनट की अनवरत चढ़ाई में टीम ने करीब 1,300 मीटर की ऊँचाई पार की।

रास्ते में खड़ी बर्फ, चट्टानी हिस्से और खुले कठिन सेक्शन ने चुनौती को कई गुना बढ़ा दिया। ऊँचाई बढ़ने के साथ ऑक्सीजन की कमी और शारीरिक थकान के बावजूद टीम ने हार नहीं मानी और अंततः शिखर पर तिरंगा लहरा दिया।

प्रशिक्षण और मार्गदर्शन

पूर्वा ने यह अभियान बिना किसी पूर्व तैयारी के नहीं किया। शैलेश सेमवाल और बिहारी सिंह राणा के मार्गदर्शन में उन्होंने गंगोत्री में विशेष पर्वतारोहण प्रशिक्षण लिया। पूर्वा ने रुद्रगैरा फतह का श्रेय अपने परिवार के सहयोग और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की प्रेरणा को दिया। गौरतलब है कि मई 2018 में पूर्वा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिल चुकी हैं और उन्हें 'बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ' का बैनर सौंप चुकी हैं, जिस पर मुख्यमंत्री ने शुभकामनाएँ देकर उनका हौसला बढ़ाया था।

पर्यावरण संरक्षण की पहल

पूर्वा का यह अभियान केवल चोटी फतह तक सीमित नहीं है। 'पीक्स एंड प्लास्टिक' पहल के ज़रिए वह पर्वतीय क्षेत्रों में प्लास्टिक कचरे के प्रति जागरूकता फैला रही हैं और जिम्मेदार पर्वतारोहण का संदेश दे रही हैं। उनके अनुसार, हिमालय की चोटियों को फतह करना जितना गौरवपूर्ण है, उन्हें स्वच्छ और सुरक्षित रखना भी उतना ही अनिवार्य है।

आगे की योजना

रुद्रगैरा पर तिरंगा फहराने के बाद पूर्वा की नज़र अब 8,848.86 मीटर ऊँचे माउंट एवरेस्ट पर है। उनका लक्ष्य दुनिया की सबसे ऊँची चोटी पर भारतीय तिरंगा फहराने के साथ-साथ महिला सशक्तीकरण, युवा प्रेरणा और स्वच्छ हिमालय का संदेश पहुँचाना है। यह ऐसे समय में आया है जब महिला पर्वतारोहियों की सफलताएँ देशभर में नई पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत बन रही हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन मुख्यधारा की कवरेज अक्सर यह सवाल छोड़ देती है कि ऐसे साहसी अभियानों को संस्थागत समर्थन और फंडिंग किस हद तक मिल रही है। एवरेस्ट एक महँगा और जटिल लक्ष्य है — असली परीक्षा तब होगी जब सरकारी प्रोत्साहन की बयानबाज़ी ठोस संसाधनों में बदलेगी।
RashtraPress
14 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पूर्वा धवन ने रुद्रगैरा चोटी कब और कैसे फतह की?
पूर्वा धवन ने 10 सितंबर 2026 को दोपहर 12:30 बजे माउंट रुद्रगैरा की 5,826 मीटर ऊँची चोटी पर तिरंगा फहराया। 7 सितंबर को गंगोत्री से ट्रेक शुरू होकर बेस कैंप होते हुए 8 घंटे 30 मिनट की समिट चढ़ाई के बाद यह उपलब्धि हासिल हुई।
माउंट रुद्रगैरा कहाँ है और यह चोटी क्यों खास है?
माउंट रुद्रगैरा उत्तराखंड के गंगोत्री क्षेत्र में स्थित 5,826 मीटर ऊँची हिमालयी चोटी है। बर्फीले और चट्टानी रास्तों तथा कम ऑक्सीजन के कारण यह पर्वतारोहियों के लिए एक तकनीकी रूप से चुनौतीपूर्ण शिखर माना जाता है।
पूर्वा धवन की 'पीक्स एंड प्लास्टिक' पहल क्या है?
'पीक्स एंड प्लास्टिक' पूर्वा धवन की पर्यावरण जागरूकता पहल है, जिसके ज़रिए वह पर्वतीय क्षेत्रों में प्लास्टिक कचरे के खतरों के प्रति लोगों को सचेत करती हैं। इसका उद्देश्य जिम्मेदार पर्वतारोहण को बढ़ावा देना और हिमालय को स्वच्छ बनाए रखना है।
पूर्वा धवन का अगला लक्ष्य क्या है?
रुद्रगैरा फतह के बाद पूर्वा धवन का अगला लक्ष्य 8,848.86 मीटर ऊँचे माउंट एवरेस्ट पर तिरंगा फहराना है। इसके साथ वह महिला सशक्तीकरण, युवा प्रेरणा और स्वच्छ हिमालय का संदेश भी देना चाहती हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का पूर्वा के अभियान से क्या संबंध है?
मई 2018 में पूर्वा धवन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिली थीं और उन्हें 'बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ' का बैनर सौंपा था। मुख्यमंत्री ने उन्हें शुभकामनाएँ देकर प्रोत्साहित किया था, जिसे पूर्वा ने अपने अभियान की प्रेरणा बताया।
राष्ट्र प्रेस
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