फीफा वर्ल्ड कप 2026: परमिट विवाद से उरुग्वे की फ्लाइट घंटों लेट, मियामी देर से पहुंची टीम
सारांश
मुख्य बातें
उरुग्वे की राष्ट्रीय फुटबॉल टीम को फीफा वर्ल्ड कप 2026 में अपने पहले मुकाबले से पहले गंभीर यात्रा व्यवधान का सामना करना पड़ा, जब कैनकन (मेक्सिको) से मियामी जाने वाली उनकी चार्टर फ्लाइट अमेरिकी प्रवेश परमिट से जुड़ी तकनीकी खामियों के कारण कई घंटे विलंबित हो गई। तमाम अड़चनों के बाद टीम अंततः सोमवार, 15 जून को साउथ फ्लोरिडा पहुंची।
क्या हुआ कैनकन एयरपोर्ट पर
उरुग्वे की टीम ने रविवार सुबह कैनकन में अपना अभ्यास सत्र पूरा किया था और उसी दिन दोपहर करीब 2 बजे फोर्ट लॉडरडेल के लिए उड़ान भरने वाली थी। लेकिन विमान के अमेरिका में प्रवेश से जुड़े जरूरी दस्तावेज़ों और परमिट में समस्या उभरने से फ्लाइट तय समय पर नहीं उड़ सकी। उरुग्वे की मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, जिस विमान में टीम को सवार होना था, उसे अमेरिका में प्रवेश की अनुमति नहीं थी।
टेलीमुंडो की एक रिपोर्ट में दावा किया गया कि चार्टर फ्लाइट्स की व्यवस्था करने वाली संस्था के स्तर पर प्रशासनिक चूक के कारण यह स्थिति बनी। एयरलाइन ने बाद में स्वीकार किया कि परमिट प्रक्रिया में गलती हुई और इसके लिए माफी भी मांगी।
फीफा की भूमिका और आधिकारिक बयान
फीफा ने एक आधिकारिक बयान में कहा, 'फीफा पूरी देरी के दौरान उरुग्वे की नेशनल टीम के साथ लगातार संपर्क में रहा और एयरपोर्ट व परिचालन भागीदारों के साथ मिलकर प्रक्रिया को तेज़ करने और टीम की यात्रा में कम से कम रुकावट डालने में मदद की।' अंततः टीम ने एरोमेक्सिको की वैकल्पिक फ्लाइट से उड़ान भरी, जिससे पूरा शेड्यूल दो से तीन घंटे आगे खिसक गया।
आगामी मुकाबला और दाँव पर क्या है
उरुग्वे को ग्रुप एच के अपने पहले मैच में मंगलवार, 17 जून को सऊदी अरब से भिड़ना है। यह मुकाबला हार्ड रॉक स्टेडियम, मियामी में खेला जाएगा। यात्रा में हुई देरी ने टीम की मैच-पूर्व तैयारी और रिकवरी रूटीन पर असर डाला है, हालांकि आधिकारिक तौर पर प्रशिक्षण कार्यक्रम में बदलाव की पुष्टि नहीं हुई है।
उरुग्वे का वर्ल्ड कप इतिहास और इस बार की राह
यह उरुग्वे की 15वीं फीफा वर्ल्ड कप भागीदारी है और 2010 दक्षिण अफ्रीका विश्व कप में चौथे स्थान पर रहने के बाद से लगातार पाँचवाँ विश्व कप है। उतार-चढ़ाव भरे क्वालिफिकेशन अभियान के बावजूद टीम ने कठिन दक्षिण अमेरिकी क्वालिफायर्स में सीधे स्थान हासिल किया। गौरतलब है कि इस बार वर्ल्ड कप की मेज़बानी अमेरिका, कनाडा और मेक्सिको संयुक्त रूप से कर रहे हैं — और यह यात्रा जटिलता इस बहु-देशीय आयोजन की लॉजिस्टिक चुनौतियों को उजागर करती है।
उरुग्वे के खिलाड़ी और सपोर्ट स्टाफ मियामी पहुंचने के बाद मंगलवार के निर्णायक मुकाबले की तैयारी में जुट गए हैं।