जीएमएडीए भ्रष्टाचार: 'आप' सांसद के आरोपों पर पंजाब भाजपा का मान सरकार पर हमला
सारांश
मुख्य बातें
पंजाब भारतीय जनता पार्टी (BJP) के अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों ने 27 अगस्त को चंडीगढ़ में आम आदमी पार्टी (AAP) की भगवंत मान सरकार पर तीखा प्रहार किया। ढिल्लों ने कहा कि ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (GMADA) में व्याप्त भ्रष्टाचार का पर्दाफाश खुद AAP के एक सांसद ने किया है, जो सरकार की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
मुख्य आरोप: सांसद के बयान को BJP ने बनाया हथियार
ढिल्लों ने अपने बयान में कहा, 'GMADA में रिश्वतखोरी और नौकरशाही द्वारा सिस्टम के गलत इस्तेमाल के बारे में AAP सांसद के आरोप इस बात का साफ सबूत हैं कि मान सरकार पूरी तरह भ्रष्टाचार में डूबी हुई है।' उन्होंने तर्क दिया कि जब सत्तारूढ़ दल का अपना जनप्रतिनिधि सरकारी संस्था को 'लूट का अड्डा' बताए, तो सरकार के दावों की पोल अपने आप खुल जाती है।
माइनिंग राजस्व का विवाद: ₹19,400 करोड़ का सवाल
BJP नेता ने वित्तीय अनियमितता का भी आरोप लगाया। उनके अनुसार, दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दावा किया था कि माइनिंग से राज्य के खजाने में ₹20,000 करोड़ आएंगे, लेकिन वास्तविक राजस्व केवल ₹600 करोड़ तक सीमित रहा। ढिल्लों ने पूछा कि शेष ₹19,400 करोड़ कहाँ गए। गौरतलब है कि यह आरोप सत्यापित नहीं हैं और AAP सरकार की ओर से इन पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
तहसीलों से लेकर राज्यव्यापी भ्रष्टाचार के दावे
ढिल्लों ने आरोप लगाया कि भ्रष्टाचार केवल GMADA तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे पंजाब की तहसीलों में बिना रिश्वत दिए कोई भी सरकारी काम नहीं होता। उनके अनुसार, इस भ्रष्टाचार की सबसे ज़्यादा मार आम नागरिकों, व्यापारियों और गरीब तबके पर पड़ रही है। यह ऐसे समय में आया है जब AAP ने 'जीरो टॉलरेंस' की नीति को अपनी पहचान बनाया था।
2027 चुनाव की पृष्ठभूमि में BJP का हमला
ढिल्लों ने कहा कि ऐसी सरकार को सत्ता में बने रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है। उन्होंने दावा किया कि पंजाब की जनता AAP सरकार को उसके कथित भ्रष्ट कामकाज के लिए जवाबदेह ठहराएगी और 2027 के विधानसभा चुनाव में सत्ता से बाहर करेगी। यह बयान स्पष्ट रूप से BJP की चुनावी रणनीति का हिस्सा प्रतीत होता है, जो अगले विधानसभा चुनाव से पहले AAP की साख को चुनौती देने की कोशिश कर रही है।