डीजल तस्करी रोकने पर परेशान की गई एएसआई सुप्रिया मुखर्जी ने मंत्री अग्निमित्रा पॉल से लगाई गुहार

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डीजल तस्करी रोकने पर परेशान की गई एएसआई सुप्रिया मुखर्जी ने मंत्री अग्निमित्रा पॉल से लगाई गुहार

सारांश

डीजल तस्करी रोकने पर एएसआई सुप्रिया मुखर्जी को कथित तौर पर परेशान किया गया और हेल्प डेस्क पर भेजा गया। उन्होंने मंत्री अग्निमित्रा पॉल से गुहार लगाई। यह मामला बंगाल में BJP सरकार के पुलिस सुधार अभियान की जमीनी परीक्षा बन गया है।

मुख्य बातें

एएसआई सुप्रिया मुखर्जी ने अंडाल पुलिस स्टेशन के ऑफिसर-इन-चार्ज पर डीजल तस्करों से मिलीभगत का आरोप लगाया।
तस्करी रोकने की कोशिश के बाद उन्हें कथित तौर पर परेशान किया गया और हेल्प डेस्क पर स्थानांतरित कर दिया गया।
उन्होंने मंत्री अग्निमित्रा पॉल और आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट के कमिश्नर से औपचारिक शिकायत की।
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने आरजीकर मेडिकल कॉलेज बलात्कार-हत्या मामले में तीन IPS अधिकारियों — विनीत कुमार गोयल , अभिषेक गुप्ता और इंदिरा मुखर्जी — को निलंबित किया।
CM ने पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की आरजीकर मामले में भूमिका की समीक्षा का भी संकेत दिया।

आसनसोल दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट की असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर सुप्रिया मुखर्जी ने पश्चिम बंगाल के पश्चिम बर्दवान जिले के अंडाल में डीजल की अवैध तस्करी रोकने के बाद कथित तौर पर वरिष्ठ अधिकारी द्वारा उत्पीड़न का सामना किया। उन्होंने शनिवार, 17 मई 2025 को औपचारिक शिकायत दर्ज कराते हुए राज्य की महिला एवं बाल कल्याण मंत्री अग्निमित्रा पॉल और आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट के कमिश्नर से न्याय की अपील की।

मुख्य घटनाक्रम

एएसआई सुप्रिया मुखर्जी के अनुसार, वे अंडाल पुलिस स्टेशन के क्षेत्र में डीजल की अवैध तस्करी रोकने की कार्रवाई कर रही थीं। इस दौरान पकड़े गए बदमाशों ने कथित तौर पर स्वीकार किया कि अंडाल पुलिस स्टेशन के ऑफिसर-इन-चार्ज के साथ उनकी 'सेटिंग' है। जाँच में पप्पू नामक एक व्यक्ति का नाम भी सामने आया।

एएसआई मुखर्जी का आरोप है कि जब ऑफिसर-इन-चार्ज ने घटना का वीडियो देखा, तो वरिष्ठ अधिकारी के आदेश पर बदमाशों को रिहा कर दिया गया। इसके बाद उन्हें उनकी नियमित जिम्मेदारी से हटाकर हेल्प डेस्क पर तैनात कर दिया गया — जिसे वे जानबूझकर दिया गया कम महत्वपूर्ण कार्यभार मानती हैं।

मंत्री से संपर्क और शिकायत

उत्पीड़न का सामना करने के बाद एएसआई मुखर्जी ने महिला एवं बाल कल्याण मंत्री अग्निमित्रा पॉल से सीधे संपर्क किया। उन्होंने अंडाल पुलिस स्टेशन के ऑफिसर-इन-चार्ज और संबंधित बदमाशों के खिलाफ औपचारिक शिकायत दर्ज कराई। यह शिकायत कमिश्नरेट स्तर पर भी भेजी गई है।

व्यापक पुलिस सुधार का संदर्भ

गौरतलब है कि बंगाल में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सत्ता में आने के बाद मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने पुलिस प्रशासन को असामाजिक और अवैध गतिविधियों के खिलाफ सक्रिय रहने के निर्देश दिए हैं। इसी माहौल में एएसआई मुखर्जी की यह कार्रवाई सामने आई है।

यह मामला ऐसे समय में उभरा है जब शुक्रवार को मुख्यमंत्री अधिकारी ने राज्य संचालित आरजीकर मेडिकल कॉलेज में एक महिला जूनियर डॉक्टर के साथ बलात्कार और हत्या के मामले में भारतीय पुलिस सेवा के तीन वरिष्ठ अधिकारियों को निलंबित करने की घोषणा की। निलंबित किए गए अधिकारियों में कोलकाता पुलिस के तत्कालीन कमिश्नर विनीत कुमार गोयल, तत्कालीन डिप्टी कमिश्नर (नॉर्थ डिवीज़न) अभिषेक गुप्ता और तत्कालीन डिप्टी कमिश्नर (सेंट्रल डिवीजन) इंदिरा मुखर्जी शामिल हैं।

सरकार की प्रतिक्रिया

मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने तीनों निलंबित अधिकारियों के खिलाफ विभागीय जाँच शुरू करने की घोषणा की। साथ ही उन्होंने कहा कि आरजीकर मामले में पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की भूमिका की भी समीक्षा की जाएगी।

क्या होगा आगे

एएसआई मुखर्जी की शिकायत पर कमिश्नरेट स्तर पर जाँच की प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद है। मंत्री अग्निमित्रा पॉल के हस्तक्षेप के बाद इस मामले पर राज्य सरकार की आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है। यह घटना बंगाल में पुलिस सुधार और भ्रष्टाचार-विरोधी अभियान की असली परीक्षा बन सकती है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन यदि एक महिला एएसआई को तस्करी रोकने के बाद हेल्प डेस्क पर भेजा जा सकता है, तो यह सवाल उठता है कि सुधार की परत कितनी गहरी है। आरजीकर मामले में तीन IPS अधिकारियों का निलंबन एक संकेत है, लेकिन जमीनी स्तर पर जवाबदेही बिना संस्थागत बदलाव के नहीं आएगी।
RashtraPress
16 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

एएसआई सुप्रिया मुखर्जी ने किसके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है?
एएसआई सुप्रिया मुखर्जी ने अंडाल पुलिस स्टेशन के ऑफिसर-इन-चार्ज और डीजल तस्करी में शामिल बदमाशों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने मंत्री अग्निमित्रा पॉल और आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट के कमिश्नर से भी इस मामले में हस्तक्षेप की अपील की है।
अंडाल डीजल तस्करी मामला क्या है?
पश्चिम बर्दवान जिले के अंडाल क्षेत्र में कुछ बदमाश अवैध रूप से डीजल की तस्करी कर रहे थे। एएसआई मुखर्जी के अनुसार, पकड़े गए बदमाशों ने खुद स्वीकार किया कि अंडाल पुलिस स्टेशन के ऑफिसर-इन-चार्ज के साथ उनकी 'सेटिंग' है, और बाद में वरिष्ठ अधिकारी के आदेश पर उन्हें रिहा भी कर दिया गया।
आरजीकर मेडिकल कॉलेज मामले में कौन से अधिकारी निलंबित हुए?
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने तीन IPS अधिकारियों — कोलकाता पुलिस के तत्कालीन कमिश्नर विनीत कुमार गोयल, तत्कालीन डिप्टी कमिश्नर (नॉर्थ) अभिषेक गुप्ता और तत्कालीन डिप्टी कमिश्नर (सेंट्रल) इंदिरा मुखर्जी को निलंबित किया। तीनों के खिलाफ विभागीय जाँच भी शुरू होगी।
मंत्री अग्निमित्रा पॉल इस मामले में क्यों शामिल हैं?
अग्निमित्रा पॉल पश्चिम बंगाल की महिला एवं बाल कल्याण मंत्री हैं। एएसआई मुखर्जी ने उनसे इसलिए संपर्क किया क्योंकि उन्हें पुलिस प्रशासन के भीतर से न्याय नहीं मिला और उन्होंने राज्य स्तर पर हस्तक्षेप की उम्मीद जताई।
बंगाल में BJP सरकार पुलिस सुधार पर क्या कदम उठा रही है?
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने पुलिस प्रशासन को असामाजिक और अवैध गतिविधियों के खिलाफ सक्रिय रहने के निर्देश दिए हैं। आरजीकर मामले में तीन वरिष्ठ IPS अधिकारियों का निलंबन और पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की भूमिका की समीक्षा की घोषणा इसी कड़ी का हिस्सा है।
राष्ट्र प्रेस
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