दिल्ली में ऑनलाइन ट्रेडिंग के नाम पर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश, दो व्यक्ति गिरफ्तार
सारांश
Key Takeaways
- साइबर अपराधों में वृद्धि हो रही है।
- ऑनलाइन ट्रेडिंग के नाम पर ठगी के मामले में सतर्क रहें।
- पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया।
- लोगों को निवेश प्रस्तावों की सत्यता जांचने की सलाह दी जाती है।
नई दिल्ली, 20 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। दिल्ली के शाहदरा क्षेत्र में साइबर पुलिस ने एक महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त की है। पुलिस ने तेजी से लोगों को ठगने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जो पैसे को दोगुना-चौगुना करने का झांसा देकर लोगों को फंसाते थे। इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और उनके पास से उन अपराधों में उपयोग किए गए दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं।
15 मार्च को, दिल्ली निवासी पुनीत ग्रोवर ने एनसीआरबी पोर्टल पर इस संबंध में एक शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि उन्हें एक अज्ञात नंबर से व्हाट्सएप पर एक संदेश मिला था, जिसमें आकर्षक ऑनलाइन ट्रेडिंग का प्रस्ताव दिया गया था। शुरुआत में उनकी विश्वास जीतने के लिए 10,000 रुपए का निवेश कराया गया, जिसके बदले में उन्हें 18,000 रुपएबड़े मुनाफे का लालच देते हुए 2 लाख रुपए निवेश करने के लिए प्रेरित किया और चार गुना रिटर्न का वादा किया। पीड़ित ने कई लेन-देन के जरिए 2 लाख ट्रांसफर कर दिए, लेकिन इसके बाद आरोपियों ने उसका पैसा रोक लिया और संपर्क तोड़ लिया।
मामला दर्ज होने के बाद, साइबर थाना शाहदरा की एक विशेष टीम का गठन किया गया। तकनीकी निगरानी और डिजिटल ट्रेल के आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों का पता लगाया और उन्हें गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपी उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले के निवासी हैं। इनमें से एक आरोपी की पहचान 23 वर्षीय अभिषेक के रूप में हुई है, जिसके नाम पर इस अपराध में इस्तेमाल किया गया सिम कार्ड रजिस्टर्ड था और वह ठगी की साजिश में सीधे तौर पर शामिल था। दूसरे आरोपी 22 वर्षीय सुमित के बैंक खाते में ठगी की गई राशि में से 50,000 रुपए ट्रांसफर किए गए थे और उसके खाते के माध्यम से पैसे के लेन-देन में उसकी भूमिका रही है। दोनों आरोपियों का पहले कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं पाया गया है।
पुलिस ने आरोपियों के पास से अपराध में इस्तेमाल किए गए 2 मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिनमें महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य मिले हैं। इस सफल कार्रवाई में निरीक्षक विनीत कुमार के नेतृत्व में हेड कांस्टेबल धर्मेंद्र, विकास और संदीप की टीम शामिल रही।
पुलिस ने जनता से अपील की है कि वे सोशल मीडिया या व्हाट्सएप पर मिलने वाले किसी भी निवेश प्रस्ताव पर आँखें बंद करके भरोसा न करें। किसी भी ऑनलाइन ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म की पहले सत्यता जांचें। अनजान लिंक पर क्लिक करने से बचें और संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत साइबर पोर्टल या पुलिस को सूचना दें।