चुनाव आयोग ने 30 जुलाई को MP, गुजरात और बिहार में विधानसभा उपचुनाव की अधिसूचना जारी की
सारांश
मुख्य बातें
भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने 7 जुलाई 2026 को मध्य प्रदेश, गुजरात और बिहार की तीन रिक्त विधानसभा सीटों पर 30 जुलाई को उपचुनाव कराने की औपचारिक अधिसूचना जारी कर दी। परिणाम 3 अगस्त को घोषित किए जाएंगे।
कौन-सी सीटें हैं दांव पर
आयोग के अनुसार, उपचुनाव के ज़रिये भरी जाने वाली तीन सीटें हैं — मध्य प्रदेश में दतिया, गुजरात में मंजलपुर और बिहार में बांकीपुर। ये सीटें विभिन्न कारणों से रिक्त हुई थीं। अधिसूचना जारी होने के साथ ही तीनों निर्वाचन क्षेत्रों में नामांकन दाखिल करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।
मुख्य चुनावी कार्यक्रम
आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार, नामांकन पत्रों की जांच 14 जुलाई को होगी और उम्मीदवारी वापस लेने की अंतिम तिथि 16 जुलाई निर्धारित की गई है। मतदान 30 जुलाई को होगा और मतगणना 3 अगस्त को की जाएगी।
मतदाताओं के लिए सवैतनिक अवकाश
आयोग ने संबंधित राज्य सरकारों को लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 135बी के तहत सवैतनिक अवकाश के प्रावधानों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। इसके तहत किसी भी व्यवसाय, व्यापार या औद्योगिक प्रतिष्ठान में कार्यरत हर वह व्यक्ति, जो उपचुनाव में मतदान का पात्र है, उसे मतदान के दिन पूरे वेतन के साथ अवकाश मिलेगा।
गौरतलब है कि यह सुविधा दैनिक वेतनभोगी और आकस्मिक श्रमिकों पर भी लागू होगी। आयोग ने स्पष्ट किया कि जो मतदाता अपने निर्वाचन क्षेत्र से बाहर किसी औद्योगिक या वाणिज्यिक प्रतिष्ठान में कार्यरत हैं, लेकिन मतदान वाले क्षेत्र में पंजीकृत हैं, उन्हें भी यह लाभ मिलेगा। इन प्रावधानों का उल्लंघन करने वाले नियोक्ताओं पर जुर्माने का प्रावधान है।
शुष्क दिवस और अन्य निर्देश
आयोग ने राज्यों को मतदान वाले निर्वाचन क्षेत्रों में शुष्क दिवस (ड्राई डे) के वैधानिक प्रावधानों का भी अनुपालन सुनिश्चित करने को कहा है। यह ऐसे समय में आया है जब चुनाव आयोग उपचुनावों में मतदान प्रतिशत बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है।
आगे क्या होगा
तीनों राज्यों में राजनीतिक दलों ने उम्मीदवारों के चयन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। नामांकन की अंतिम तिथि से पहले राजनीतिक सरगर्मी तेज़ होने की उम्मीद है। इन तीन सीटों के नतीजे भले ही राज्य सरकारों के बहुमत को प्रभावित न करें, लेकिन ये स्थानीय राजनीतिक समीकरणों का संकेत देंगे।