16 जुलाई 2026
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मई में सोना ₹6,200 महंगा, चांदी ₹23,019 उछली — कस्टम ड्यूटी बढ़ोतरी का असर

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मई में सोना ₹6,200 महंगा, चांदी ₹23,019 उछली — कस्टम ड्यूटी बढ़ोतरी का असर

सारांश

मई 2026 में घरेलू बाजार में सोना ₹6,200 और चांदी ₹23,019 प्रति किलो महंगी हुई — वैश्विक बाजार में नरमी के बावजूद। वजह एक: वित्त मंत्रालय ने 13 मई को आयात शुल्क 6% से बढ़ाकर 15% कर दिया, जिसने अंतरराष्ट्रीय गिरावट को घरेलू स्तर पर बेअसर कर दिया।

मुख्य बातें

24 कैरेट सोना मई 2026 में ₹6,200 बढ़कर ₹1,56,463 प्रति 10 ग्राम हो गया।
चांदी एक माह में ₹23,019 उछलकर ₹2,63,350 प्रति किलो पर पहुँची।
वित्त मंत्रालय ने 13 मई 2026 को सोने-चांदी पर प्रभावी आयात शुल्क 6% से बढ़ाकर 15% किया — BCD 5%→10% , AIDC 1%→5% ।
COMEX पर सोना मई में $53 गिरकर $4,593 प्रति औंस रहा; अंतरराष्ट्रीय चांदी $2 बढ़कर $76 प्रति औंस हुई।
घरेलू और वैश्विक कीमतों की विपरीत दिशा दर्शाती है कि बढ़ा हुआ आयात शुल्क कीमत वृद्धि का प्राथमिक कारण है।

घरेलू बाजार में मई 2026 के दौरान कीमती धातुओं की कीमतों में तीव्र उछाल दर्ज किया गया। इंडिया बुलियन ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के आँकड़ों के अनुसार, 24 कैरेट सोने का भाव एक महीने में ₹6,200 बढ़कर ₹1,56,463 प्रति 10 ग्राम पर पहुँच गया, जबकि चांदी ₹23,019 की छलाँग के साथ ₹2,63,350 प्रति किलो हो गई। इस तेजी की मुख्य वजह 13 मई को वित्त मंत्रालय द्वारा कीमती धातुओं के आयात पर प्रभावी शुल्क को 6% से बढ़ाकर 15% करना बताई जा रही है।

सोने के भाव: श्रेणीवार विवरण

IBJA के मुताबिक, 30 अप्रैल 2026 को 24 कैरेट सोना ₹1,50,263 प्रति 10 ग्राम पर था, जो 31 मई तक ₹1,56,463 प्रति 10 ग्राम हो गया — यानी एक माह में ₹6,200 की बढ़त।

22 कैरेट सोने का दाम ₹1,37,641 से बढ़कर ₹1,43,320 प्रति 10 ग्राम हो गया। 18 कैरेट सोना भी ₹1,12,697 से उठकर ₹1,17,347 प्रति 10 ग्राम पर आ गया।

चांदी में ऐतिहासिक उछाल

चांदी की कीमत मई में ₹2,40,331 प्रति किलो से बढ़कर ₹2,63,350 प्रति किलो हो गई — एक माह में ₹23,019 की बढ़त। यह घरेलू बाजार में चांदी की हालिया सबसे तीखी मासिक वृद्धियों में से एक है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार: मिला-जुला रुख

वैश्विक स्तर पर तस्वीर अलग रही। COMEX पर सोने का भाव मई में $53 घटकर $4,593 प्रति औंस रह गया, जो अप्रैल के अंत में $4,646 प्रति औंस था। दूसरी ओर, अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी $2 बढ़कर $76 प्रति औंस हो गई, जो पहले $74 प्रति औंस थी।

यह ऐसे समय में आया है जब वैश्विक बाजार में सोने में नरमी के बावजूद भारत में कीमतें चढ़ीं — जो स्पष्ट रूप से घरेलू शुल्क नीति का असर दर्शाता है।

कस्टम ड्यूटी बढ़ोतरी: सरकार का फैसला

वित्त मंत्रालय ने 13 मई 2026 को सोने और चांदी के आयात पर बेसिक कस्टम ड्यूटी (BCD) को 5% से बढ़ाकर 10% कर दिया। साथ ही एग्रीकल्चर इन्फ्रास्ट्रक्चर एंड डेवलपमेंट सेस (AIDC) को 1% से बढ़ाकर 5% किया गया। इससे प्रभावी आयात शुल्क 6% से बढ़कर 15% हो गया — जो सीधे घरेलू कीमतों में परिलक्षित हुआ।

गौरतलब है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने के दाम गिरने के बावजूद भारत में कीमतें ऊपर गईं, जो बताता है कि आयात शुल्क की बढ़ोतरी ने वैश्विक गिरावट के असर को पूरी तरह बेअसर कर दिया।

आम उपभोक्ता पर असर

सोने और चांदी की बढ़ती कीमतें आभूषण खरीदारों, निवेशकों और शादी-ब्याह के सीजन में खरीदारी करने वाले परिवारों की जेब पर सीधा बोझ डाल रही हैं। आने वाले महीनों में यदि आयात शुल्क संरचना में कोई बदलाव नहीं हुआ, तो कीमतें ऊँचे स्तर पर बनी रह सकती हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

फिर भी भारत में यह महंगा हुआ — यह विरोधाभास सीधे तौर पर 13 मई की शुल्क बढ़ोतरी की ओर इशारा करता है। प्रभावी आयात शुल्क को 6% से 15% करना एक बड़ा नीतिगत हस्तक्षेप है, जिसका बोझ अंततः उपभोक्ता उठा रहा है। सवाल यह है कि क्या यह राजस्व बढ़ाने की रणनीति है, या आयात पर निर्भरता घटाने का प्रयास — सरकार ने अभी तक इसका स्पष्ट जवाब नहीं दिया। शादी के सीजन और त्योहारों से पहले इस तरह की मूल्य वृद्धि मध्यवर्गीय परिवारों की क्रयशक्ति को सीधे प्रभावित करती है।
RashtraPress
16 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मई 2026 में सोने की कीमत कितनी बढ़ी?
IBJA के आँकड़ों के अनुसार, मई 2026 में 24 कैरेट सोना ₹6,200 बढ़कर ₹1,56,463 प्रति 10 ग्राम हो गया, जो 30 अप्रैल को ₹1,50,263 प्रति 10 ग्राम था। 22 कैरेट और 18 कैरेट सोने में भी समानुपातिक वृद्धि दर्ज की गई।
मई 2026 में चांदी का भाव कितना हुआ?
चांदी का दाम मई 2026 में ₹23,019 बढ़कर ₹2,63,350 प्रति किलो हो गया, जो अप्रैल के अंत में ₹2,40,331 प्रति किलो था।
भारत में सोना-चांदी महंगा होने की मुख्य वजह क्या है?
वित्त मंत्रालय ने 13 मई 2026 को सोने और चांदी पर बेसिक कस्टम ड्यूटी 5% से बढ़ाकर 10% और AIDC को 1% से बढ़ाकर 5% कर दिया, जिससे प्रभावी आयात शुल्क 6% से बढ़कर 15% हो गया। यही घरेलू कीमतों में तेजी की प्रमुख वजह है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने-चांदी का क्या हाल रहा?
COMEX पर सोना मई में $53 गिरकर $4,593 प्रति औंस रहा, जबकि अंतरराष्ट्रीय चांदी $2 बढ़कर $76 प्रति औंस हो गई। वैश्विक सोने में गिरावट के बावजूद भारत में कीमतें बढ़ीं, जो आयात शुल्क बढ़ोतरी का सीधा परिणाम है।
क्या आने वाले महीनों में सोने-चांदी की कीमतें और बढ़ेंगी?
यदि आयात शुल्क संरचना में कोई बदलाव नहीं होता, तो कीमतें ऊँचे स्तर पर बनी रह सकती हैं। वैश्विक बाजार की दिशा और रुपये की चाल भी घरेलू भाव को प्रभावित करेंगे।
राष्ट्र प्रेस
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