चीनी प्रधानमंत्री ली छ्यांग का ताल्येन दौरा: जहाज निर्माण और परमाणु ऊर्जा उद्योग का लिया जायज़ा
सारांश
मुख्य बातें
चीनी प्रधानमंत्री ली छ्यांग ने 22 जून 2026 को ल्याओनिंग प्रांत के ताल्येन शहर का निरीक्षण दौरा किया। इस दौरे में उन्होंने उन्नत जहाज निर्माण और परमाणु ऊर्जा उपकरण क्षेत्र की प्रमुख औद्योगिक इकाइयों का मुआयना किया। ली छ्यांग ने ज़ोर देकर कहा कि देश को बुद्धिमान, हरित और एकीकृत दिशा में आधुनिक औद्योगिक प्रणाली के निर्माण में तेज़ी लानी होगी।
ताल्येन शिपबिल्डिंग इंडस्ट्री ग्रुप का दौरा
ताल्येन शिपबिल्डिंग इंडस्ट्री ग्रुप में ली छ्यांग ने कार्य रिपोर्ट सुनी और निर्माणाधीन जहाज़ पर स्वयं चढ़कर तरलीकृत प्राकृतिक गैस (LNG) परिवहन जहाज़ के निर्माण की प्रगति का जायज़ा लिया। उन्होंने कहा कि उच्च स्तरीय जहाज़ निर्माण में उच्च प्रौद्योगिकी, उच्च कठिनाई और उच्च अतिरिक्त मूल्य की विशेषता होती है। इसकी औद्योगिक श्रृंखला विस्तृत है और इसका प्रभाव व्यापक है।
ली छ्यांग ने इस क्षेत्र में स्वतंत्र नवाचार क्षमता को उन्नत करने पर बल दिया और कहा कि प्रमुख प्रौद्योगिकियों के अनुसंधान एवं विकास में सफलता बढ़ाना अनिवार्य है। गौरतलब है कि वैश्विक जहाज़ निर्माण बाज़ार में चीन की हिस्सेदारी लगातार बढ़ रही है और LNG वाहक जहाज़ों की माँग अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा परिवर्तन के बीच तेज़ी से बढ़ी है।
परमाणु ऊर्जा और पेट्रोकेमिकल उपकरण क्षेत्र का निरीक्षण
चाइना फर्स्ट हैवी इंडस्ट्री (CFHI) के अधीन ताल्येन न्यूक्लियर पावर पेट्रोकेमिकल कंपनी में ली छ्यांग ने परमाणु ऊर्जा और पेट्रोकेमिकल उपकरणों के अनुसंधान एवं विकास की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने कहा कि उन्नत परमाणु ऊर्जा सहित उच्च स्तरीय उपकरण देश की ऊर्जा, उद्योग और प्रौद्योगिकी सुरक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।
प्रधानमंत्री ने तकनीकी नवाचार और औद्योगिक नवाचार के गहरे एकीकरण को मज़बूत करने का आह्वान किया। उन्होंने नई पीढ़ी की परमाणु ऊर्जा के सुरक्षित उपयोग को बढ़ावा देने और औद्योगिक एवं आपूर्ति श्रृंखला का लचीलापन बढ़ाकर मुख्य प्रतिस्पर्धा शक्ति को सुदृढ़ करने पर ज़ोर दिया।
आधुनिक औद्योगिक प्रणाली पर ज़ोर
यह दौरा ऐसे समय में हुआ है जब चीन अपनी अर्थव्यवस्था को उच्च-तकनीकी और हरित उद्योगों की ओर ले जाने की कोशिश कर रहा है। ली छ्यांग ने स्पष्ट किया कि बुद्धिमान, हरित और एकीकृत दिशा में आधुनिक औद्योगिक प्रणाली का निर्माण उच्च गुणवत्ता वाले विकास की आधारशिला है। विशेषज्ञों के अनुसार, ताल्येन जैसे औद्योगिक केंद्रों पर नेतृत्व का ध्यान इस बात का संकेत है कि चीन पारंपरिक भारी उद्योगों को अगली पीढ़ी की तकनीक से जोड़ने की रणनीति पर काम कर रहा है।
आगे की दिशा
ली छ्यांग के इस दौरे से यह संकेत मिलता है कि चीनी नेतृत्व जहाज़ निर्माण और परमाणु ऊर्जा जैसे रणनीतिक क्षेत्रों में निवेश और नवाचार को प्राथमिकता देता रहेगा। आपूर्ति श्रृंखला की मज़बूती और स्वदेशी प्रौद्योगिकी विकास पर यह ज़ोर आने वाले समय में चीन की औद्योगिक नीति की दिशा तय करेगा।