भुजरिया पर्व पर मोहन यादव का संदेश: मोदी के नेतृत्व में आध्यात्मिक चेतना और सांस्कृतिक विरासत हो रही पुनर्जीवित
सारांश
मुख्य बातें
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने 29 अगस्त को उज्जैन स्थित वाल्मीकी धाम आश्रम में भुजरिया पर्व के अवसर पर कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की गौरवशाली सांस्कृतिक परंपराएं पुनः जीवंत हो रही हैं और आध्यात्मिक चेतना का व्यापक विस्तार हो रहा है। इस अवसर पर उन्होंने विधि-विधान से छड़ी पूजन किया और प्रदेशवासियों को भुजरिया पर्व की शुभकामनाएं दीं।
भुजरिया पर्व और छड़ी पूजन
मुख्यमंत्री यादव ने वाल्मीकी धाम आश्रम, उज्जैन में परंपरागत विधि-विधान के साथ छड़ी पूजन संपन्न किया। उन्होंने कहा कि यह सौभाग्य की बात है कि बाबा महाकाल की नगरी उज्जैन से भगवान जाहरवीर गोगादेव महाराज के ध्वज-चिह्न की शोभायात्रा निकाली जा रही है। राज्यभर में भुजरिया पर्व धूमधाम से मनाया जा रहा है।
सामाजिक समरसता का संदेश
मुख्यमंत्री ने कहा कि उज्जैन की पावन धरती से पूरे देश में सामाजिक समरसता और एकता का संदेश प्रसारित होगा। उनके अनुसार भुजरिया पर्व लोक परंपराओं, आस्था और सामाजिक एकजुटता का प्रतीक है। यह पर्व समाज के हर वर्ग को एक सूत्र में पिरोने का काम करता है।
सांस्कृतिक पुनरुत्थान पर मुख्यमंत्री का वक्तव्य
मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश अपने गौरवशाली अतीत और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं को पुनः जीवंत कर रहा है। उनके अनुसार देश हर क्षेत्र में निरंतर प्रगति कर रहा है और इसके साथ-साथ आध्यात्मिक चेतना का भी विस्तार हो रहा है। यह बयान ऐसे समय में आया है जब देशभर में सांस्कृतिक और धार्मिक आयोजनों को सरकारी स्तर पर बढ़ावा दिए जाने की चर्चा जोरों पर है।
प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं
मुख्यमंत्री ने समस्त प्रदेशवासियों को भुजरिया पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए कामना की कि यह पर्व सभी के जीवन में सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली लेकर आए। गौरतलब है कि भुजरिया पर्व मध्य प्रदेश की लोक संस्कृति में विशेष महत्व रखता है और इसे फसल और प्रकृति से जोड़कर मनाया जाता है।