नगांव उपचुनाव: दिलीप सैकिया का दावा — रकीबुल हुसैन के बयान से भाजपा को मिलेंगे 10,000 अल्पसंख्यक वोट
सारांश
मुख्य बातें
असम भाजपा अध्यक्ष दिलीप सैकिया ने 23 सितंबर 2026 को दावा किया कि नगांव लोकसभा उपचुनाव में कांग्रेस सांसद रकीबुल हुसैन द्वारा भाजपा उम्मीदवार देबाशीष शर्मा के खिलाफ की जा रही बयानबाजी उलटी पड़ सकती है और इससे अल्पसंख्यक समुदाय के करीब 10,000 वोट भाजपा की तरफ खिंच सकते हैं। सैकिया ने यह बात नगांव के रूपोहिहाट इलाके के जुरिया में आयोजित भाजपा कार्यकर्ता सम्मेलन में कही।
सम्मेलन में क्या बोले सैकिया
सैकिया ने सम्मेलन में स्पष्ट शब्दों में कहा, 'जब भी रकीबुल हुसैन भाजपा उम्मीदवार देबाशीष शर्मा के खिलाफ कुछ कहते हैं तो अल्पसंख्यक समुदाय के करीब 10 हजार वोट अपने आप भाजपा की ओर आ जाते हैं।' उनके इस दावे को मौजूदा चुनाव प्रचार में एक रणनीतिक संदेश के रूप में देखा जा रहा है।
सम्मेलन में रूपोहिहाट के विभिन्न संगठनात्मक मंडलों के करीब 500 भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे। बैठक का मुख्य एजेंडा 6 अक्टूबर को होने वाले मतदान से पहले चुनाव प्रचार की रणनीति तय करना और पार्टी संगठन को मजबूत करना था।
मुख्य उम्मीदवार और चुनावी मैदान
नगांव लोकसभा सीट पूर्व कांग्रेस सांसद प्रद्युत बोरदोलोई के इस्तीफे के बाद खाली हुई थी। उन्होंने लोकसभा सदस्यता से त्यागपत्र देकर भाजपा के टिकट पर दिसपुर विधानसभा सीट जीती।
भाजपा ने नगांव के पूर्व डिप्टी कमिश्नर देबाशीष शर्मा को अपना उम्मीदवार घोषित किया है। शर्मा ने 3 सितंबर 2026 को भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ली और इसके कुछ ही समय बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल हो गए।
मैदान में कांग्रेस की ओर से पूर्व बटद्रवा विधायक सिबामोनी बोरा और ऑल इंडिया यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (AIUDF) अध्यक्ष बदरुद्दीन अजमल भी चुनाव लड़ रहे हैं। नामांकन पत्रों की जांच में सभी उम्मीदवारों के नामांकन वैध पाए गए हैं।
सरकार की उपलब्धियाँ और भाजपा का प्रचार अभियान
सम्मेलन में वरिष्ठ भाजपा नेताओं ने राज्य सरकार की विकास योजनाओं और कार्यों का हवाला देते हुए देबाशीष शर्मा के पक्ष में अधिक समर्थन जुटाने की अपील की। बैठक में बरहामपुर विधायक जीतू गोस्वामी, नगांव जिला भाजपा अध्यक्ष सुबर्ण सिंह और भाजपा नेता सुरेश बोरा सहित जिले के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए।
यह ऐसे समय में आया है जब नगांव में चुनाव प्रचार लगातार तेज हो रहा है और तीनों प्रमुख दल — भाजपा, कांग्रेस और AIUDF — अपने-अपने संगठनों के माध्यम से मतदाताओं तक पहुँचने में जुटे हैं।
विपक्ष का रुख और मुकाबले की दिशा
विरोधी दल शासन, स्थानीय विकास और जमीनी मुद्दों को केंद्र में रखकर प्रचार कर रहे हैं। गौरतलब है कि नगांव सीट पर अल्पसंख्यक मतदाताओं की उल्लेखनीय संख्या को देखते हुए सभी दल इस वर्ग को साधने की कोशिश में हैं।
आलोचकों का कहना है कि सैकिया का यह बयान चुनावी ध्रुवीकरण की दिशा में एक सुनियोजित कदम है, जबकि भाजपा नेतृत्व इसे मतदाताओं की स्वाभाविक प्रतिक्रिया बता रहा है।
मतदान और मतगणना की तारीखें
नगांव लोकसभा उपचुनाव के लिए 6 अक्टूबर 2026 को मतदान होगा, जबकि मतों की गिनती 9 अक्टूबर 2026 को होगी। चुनाव परिणाम न केवल नगांव बल्कि असम की समग्र राजनीतिक दिशा का भी संकेत देंगे।