नीट अनियमितता और लाठीचार्ज पर विपक्ष का हमला: खड़गे बोले — परीक्षा सक्षम संस्था को सौंपो
सारांश
मुख्य बातें
संसद के मानसून सत्र में कांग्रेस, समाजवादी पार्टी (सपा) और अन्य विपक्षी दलों ने नीट-यूजी परीक्षा में कथित अनियमितताओं, जंतर-मंतर पर छात्रों पर कथित लाठीचार्ज और राम मंदिर में चढ़ावे के कथित दुरुपयोग के मुद्दों पर केंद्र सरकार को घेरा। विपक्षी नेताओं ने सरकार से स्पष्ट जवाब और जवाबदेही की माँग की।
खड़गे की माँग: सक्षम संस्था को सौंपी जाए जिम्मेदारी
राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने संसद परिसर में पत्रकारों से बातचीत में आरोप लगाया कि सरकार छात्रों के प्रति असंवेदनशील रवैया अपना रही है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार परीक्षाओं का निष्पक्ष और व्यवस्थित संचालन नहीं करा पा रही है, तो इसकी जिम्मेदारी किसी सक्षम संस्था को सौंप देनी चाहिए। खड़गे ने छात्रों पर कथित लाठीचार्ज को लोकतंत्र पर हमला बताते हुए कहा कि सरकार को इस पर जवाब देना होगा।
खड़गे ने राम मंदिर में चढ़ावे से जुड़े कथित अनियमितताओं के आरोपों का भी उल्लेख किया और कहा कि इस मामले में पारदर्शिता जरूरी है तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को इसकी जिम्मेदारी लेनी चाहिए।
पेपर लीक पर चर्चा और मंत्री के इस्तीफे की माँग
कांग्रेस सांसद गुरजीत सिंह औजला ने कहा कि पूरा विपक्ष सदन में पेपर लीक के मुद्दे पर चर्चा और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की माँग कर रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने शिक्षा व्यवस्था को गंभीर नुकसान पहुँचाया है और देश के युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है।
कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने कहा कि देश की शिक्षा व्यवस्था की कथित विफलताओं के लिए जवाबदेही तय की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि सरकार संसद में चर्चा की अनुमति दे तो सदन सुचारु रूप से चल सकता है।
थरूर बोले: सरकार चर्चा से बच रही है
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा कि उनकी पार्टी पिछले कई महीनों से 'छात्रों की गूंज' अभियान के तहत नीट परीक्षा का मुद्दा उठा रही है। थरूर ने आरोप लगाया कि सरकार चर्चा से बच रही है, जबकि लोकतंत्र में संसद का उद्देश्य महत्वपूर्ण राष्ट्रीय मुद्दों पर खुली बहस करना है। उन्होंने कहा कि सरकार के पास बहुमत है, इसलिए उसे चर्चा से नहीं डरना चाहिए।
जंतर-मंतर पर कथित लाठीचार्ज पर चिंता जताते हुए थरूर ने कहा कि यदि प्रदर्शन शांतिपूर्ण था तो बल प्रयोग की आवश्यकता समझ से परे है और यह बेहद दुखद घटना है।
सपा का समर्थन: डिंपल यादव के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल जाएगा छात्रों से मिलने
सपा सांसद जिया उर रहमान बर्क ने भी छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज की निंदा की और कहा कि छात्र देश का भविष्य हैं, उनके साथ इस तरह का व्यवहार स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने बताया कि सपा सांसद डिंपल यादव के नेतृत्व में पार्टी का एक प्रतिनिधिमंडल छात्रों से मिलने जाएगा। यह ऐसे समय में आया है जब नीट विवाद को लेकर देशभर में छात्र आंदोलन तेज हो रहे हैं।
गौरतलब है कि नीट-यूजी परीक्षा में कथित अनियमितताओं का मामला पिछले कई महीनों से राजनीतिक विवाद का केंद्र बना हुआ है। मानसून सत्र में विपक्ष की एकजुटता यह संकेत देती है कि यह मुद्दा संसद के शेष दिनों में भी गर्म रहेगा।