सबरीमाला PIL पर सुप्रीम कोर्ट की 9 जजों की पीठ सख्त, इंडियन यंग लॉयर्स एसोसिएशन से पूछा— 'आपको इन मुद्दों से क्या लेना-देना?'
नई दिल्ली, 5 मई 2026 — सर्वोच्च न्यायालय ने मंगलवार को इंडियन यंग लॉयर्स एसोसिएशन की उस जनहित याचिका (PIL) को दायर करने के अधिकार और इरादे पर तीखे सवाल उठाए, जिसके आधार पर 2018 का बहुचर्चित सबरीमाला फैसला आया था। मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली नौ जजों की संविधान पीठ ने बार-बार यह जानना चाहा कि वकीलों के एक संगठन ने धार्मिक रीति-रिवाजों से जुड़े इतने संवेदनशील मामले में दखल देने का निर्णय आखिर क्यों लिया।
पीठ ने उठाए तीखे सवाल
सबरीमाला समीक्षा संदर्भ की सुनवाई के दौरान जस्टिस बी.वी. नागरत्ना ने याचिकाकर्ता संघ की ओर से पेश वकील रवि प्रकाश गुप्ता से सीधे पूछा,