पीएम मोदी ने MCG में लॉन्च किया भारत-ऑस्ट्रेलिया स्पोर्ट्स रोडमैप, न्यूजीलैंड के लिए रवाना
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी छह दिवसीय विदेश यात्रा के अंतिम ऑस्ट्रेलियाई पड़ाव पर मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड (MCG) का दौरा किया और भारत-ऑस्ट्रेलिया स्पोर्ट्स कोलैबोरेशन रोडमैप का संयुक्त रूप से शुभारंभ किया। इसके बाद 10 जुलाई को वे न्यूजीलैंड के लिए मेलबर्न से रवाना हो गए और 10 व 11 जुलाई को ऑकलैंड में रहेंगे।
MCG में ऐतिहासिक दौरा
ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज के साथ प्रधानमंत्री मोदी ने विश्वप्रसिद्ध मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड का दौरा किया। इस अवसर पर ऑस्ट्रेलिया की पुरुष क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान स्टीव वॉ भी मौजूद रहे, जिन्होंने प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने युवा खिलाड़ियों को क्रिकेट, कबड्डी और ऑस्ट्रेलियन रूल्स फुटबॉल के प्रदर्शनी मैचों में अपना हुनर दिखाते हुए देखा।
युवा खिलाड़ियों से जोशीली मुलाकात
MCG में युवा प्रतिभाओं से मिलकर प्रधानमंत्री मोदी का उत्साह साफ नज़र आया। खिलाड़ियों ने उनसे ऑटोग्राफ लिया और सामूहिक तस्वीरें खिंचवाईं। दोनों प्रधानमंत्रियों ने सेल्फी भी ली। मोदी ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर MCG की तस्वीरें साझा करते हुए लिखा, 'खेल भारत-ऑस्ट्रेलिया साझेदारी का एक अहम हिस्सा है, जो हमारे लोगों को एक जैसे जुनून और आपसी सम्मान से करीब लाता है।'
स्पोर्ट्स रोडमैप: क्या है अहमियत
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बताया कि लोगों के बीच संबंध मज़बूत करने के लिए खेल को एक महत्वपूर्ण आधार मानते हुए, दोनों प्रधानमंत्रियों ने भारत-ऑस्ट्रेलिया स्पोर्ट्स कोलैबोरेशन रोडमैप लॉन्च किया। यह रोडमैप खेल आदान-प्रदान, युवा जुड़ाव, बुनियादी ढाँचे और प्रतिभा विकास में सहयोग को गहरा करने की दिशा में एक ठोस कदम है।
2030 और 2032 के वैश्विक आयोजनों की पृष्ठभूमि
यह साझेदारी ऐसे समय में आई है जब भारत 2030 में कॉमनवेल्थ गेम्स और ऑस्ट्रेलिया 2032 में ओलंपिक की मेज़बानी करने वाला है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आने वाले दशक में दोनों देशों के बीच स्पोर्ट्स पार्टनरशिप और मज़बूत होने का रास्ता पूरी तरह तैयार है। गौरतलब है कि यह दौरा भारत-ऑस्ट्रेलिया के बीच व्यापक रणनीतिक साझेदारी को खेल के क्षेत्र में नई ऊँचाई देने का प्रयास है।
आगे का कार्यक्रम
न्यूजीलैंड पहुँचने के बाद प्रधानमंत्री मोदी 10 और 11 जुलाई को ऑकलैंड में रहेंगे। यह यात्रा भारत की प्रशांत क्षेत्र में कूटनीतिक सक्रियता का हिस्सा है और द्विपक्षीय संबंधों को नई दिशा देने की दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है।