पंजाब का भारी कर्ज: मनीष तिवारी ने सरकार की जिम्मेदारियों पर उठाए सवाल
सारांश
Key Takeaways
- पंजाब का कर्ज 4.47 लाख करोड़ रुपए है।
- कर्ज-राज्य जीडीपी अनुपात 46 प्रतिशत है।
- सरकार को खर्च और आमदनी में संतुलन लाना चाहिए।
- मनीष तिवारी ने परिसीमन को गंभीर मुद्दा बताया।
- पाकिस्तान का फॉल्स फ्लैग ऑपरेशन एक लंबी कहानी है।
चंडीगढ़, 5 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। पंजाब में 'मुख्यमंत्री मावां धीयां सत्कार योजना' के अंतर्गत महिलाओं को एक-एक हजार रुपए देने की घोषणा पर कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने बताया कि वर्तमान में, अरुणाचल प्रदेश के बाद पंजाब दूसरा सबसे कर्जदार राज्य है।
कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने समाचार एजेंसी राष्ट्र प्रेस से बात करते हुए कहा, "लोगों को सुविधाएं प्रदान करना और उन्हें राहत पहुंचाना किसी भी सरकार की जिम्मेदारी है। परंतु पंजाब पर कुल 4.47 लाख करोड़ रुपए का कर्ज है। राज्य सरकार इस पर ब्याज चुका रही है, लेकिन इसे चुकाने के लिए क्या कदम उठाए जा रहे हैं? वर्तमान में, अरुणाचल प्रदेश के बाद पंजाब दूसरा सबसे कर्जदार राज्य है। कर्ज-राज्य जीडीपी अनुपात लगभग 46 प्रतिशत है।"
उन्होंने आगे कहा, "जितना कर्ज पंजाब ले रहा है, वह पुराने कर्ज की ब्याज चुकाने के लिए लिया जा रहा है। इस तरह से किसी भी राज्य का राजस्व नहीं चल सकता। लोगों को सहायता देना और उनकी आर्थिक मदद करना सही है, लेकिन साथ ही, राजस्व के स्रोतों को सुधारना और सरकार के खर्च तथा आमदनी में संतुलन लाना भी आवश्यक है। यह सरकार का दायित्व है।"
इस बीच, मनीष तिवारी ने देश में परिसीमन के मुद्दे पर भी अपनी राय रखी। उन्होंने कहा, "देश में परिसीमन का मुद्दा सबसे महत्वपूर्ण है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने केरल में कहा कि दक्षिण राज्यों की सीटें परिसीमन में कम नहीं होंगी, लेकिन वास्तव में यह गलत है। पीएम मोदी को स्पष्ट करना चाहिए कि किन राज्यों की सीटें बढ़ेंगी। सीटें कम होना एक बात है, लेकिन किस राज्य की सीटें बढ़ेंगी और कितनी मात्रा में, यह एक बुनियादी सवाल है।"
इसके अलावा, कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने पाकिस्तानी रक्षा मंत्री आसिफ ख्वाजा के 'फॉल्स फ्लैग ऑपरेशन' संबंधी बयान पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, "1971 से पाकिस्तान भारत के खिलाफ 'फॉल्स फ्लैग ऑपरेशन' कर रहा है। इन्होंने इस विषय में पीएचडी की हुई है। चाहे अफगानिस्तान हो, भारत हो या दक्षिण एशिया के अन्य देश, अगर आतंकवाद का कोई केंद्र है तो वह पाकिस्तान है। जिन लोगों ने 'फॉल्स फ्लैग ऑपरेशन' में पीएचडी की है, वे दूसरों पर बेबुनियाद आरोप लगाते हैं और खुद को हास्य का पात्र बना लेते हैं।"