पंजाब सरकार की 'मुख्यमंत्री मावां धीयां सत्कार योजना' से महिलाओं को मिलेगी मासिक सहायता
सारांश
Key Takeaways
- महिलाओं को मासिक वित्तीय सहायता
- स्वतंत्रता और आत्मनिर्भरता
- लैंगिक समानता को बढ़ावा
- पंजीकरण मुफ्त और सरल
- आधार से लिंक बैंक खाता अनिवार्य
चंडीगढ़, 3 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने महिलाओं को वित्तीय सहायता प्रदान करने की अपनी प्रतिबद्धता को पूरा कर लिया है। पंजाब सरकार ने मुख्यमंत्री मावां धीयां सत्कार योजना का आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। यह योजना 2 अप्रैल 2026 से पूरे पंजाब में लागू हो गई है।
इस योजना के अंतर्गत पंजाब की सभी योग्य महिलाओं को हर महीने एक निश्चित राशि मिलेगी। सामान्य श्रेणी की महिलाओं को 1,000 रुपए प्रति माह और अनुसूचित जाति (एससी) की महिलाओं को 1,500 रुपए प्रति माह की वित्तीय सहायता दी जाएगी।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बताया कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य महिलाओं की आर्थिक सुरक्षा को बढ़ाना, उन्हें आत्मनिर्भर बनाना और घरेलू आर्थिक निर्णयों में उनकी भागीदारी को मजबूत करना है। इसके साथ ही, लैंगिक समानता और समावेशी विकास को बढ़ावा देना भी योजना का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।
इस योजना के तहत लाभ पाने के लिए महिला की आयु 18 वर्ष या उससे अधिक होनी चाहिए। वह पंजाब की स्थायी निवासी और मतदाता होनी चाहिए। उसके पास आधार कार्ड और वोटर आईडी होना अनिवार्य है। लाभार्थी का बैंक खाता आधार से जुड़ा होना चाहिए।
केंद्र या राज्य सरकार के नियमित/सेवानिवृत्त कर्मचारी, आयकरदाता (जिन्होंने पिछले वर्ष टैक्स दिया हो), और सेवारत या पूर्व मंत्री, सांसद या विधायक तथा उनके जीवनसाथी को इस योजना का लाभ नहीं मिलेगा।
यह वित्तीय सहायता सीधे लाभार्थी के आधार से जुड़े बैंक खाते में प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (डीबीटी) के माध्यम से भेजी जाएगी। पंजीकरण पूरी तरह से मुफ्त होगा और आंगनवाड़ी केंद्रों तथा सेवा केंद्रों पर किया जाएगा।
सरकार ने योजना के सफल कार्यान्वयन के लिए मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक उच्च-स्तरीय कार्यान्वयन समिति का गठन किया है। इस समिति को योजना से जुड़े सभी निर्णय लेने का अधिकार दिया गया है।
मुख्यमंत्री भगवंत मान का कहना है कि यह योजना महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाएगी और उनके परिवार की स्थिति को मजबूत करेगी। सरकार का लक्ष्य है कि हर पात्र महिला तक यह लाभ समय पर पहुंचे।
पंजाब सरकार ने योजना को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए मोबिलाइजर और सुगमकर्ताओं का नेटवर्क बनाने का निर्णय लिया है, जो विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में जागरूकता फैलाने और पंजीकरण में मदद करेंगे।
यह योजना पंजाब की महिलाओं के लिए एक महत्वपूर्ण उपहार मानी जा रही है।